देश के बेहतरीन कॉमेडियन्स में से एक जसपाल भट्टी का निधन साल 2012 में 25 अक्टूबर के दिन एक कार एक्सीडेंट में हुआ था। ये एक्सीडेंट जालंधर जिले के शाहकोट में हुआ था। भट्टी अपने बेहतरीन पॉलिटिकल कॉमेडी के लिए पहचाने जाते हैं। 1990 के दौर में उन्होंने एक टीवी शो की शुरुआत की थी, जिसका नाम फ्लॉप शो था। ये एक कॉमेडी शो था, जो आज भी अपने बेहतरीन कंटेंट और कॉमेडी के लिए याद किया जाता है। इसके अलावा उनके कई दूसरे सीरियल्स भी काफी लोकप्रिय हुए उनमें उल्टा पुलटा और नॉनसेंस प्राइवेट लिमिटेड जैसे नाम शामिल हैं। जसपाल भट्टी की पत्नी का नाम सविता भट्टी है। जसपाल भट्टी के शो की प्रोड्यूसर और टीवी के सफर में साथ रहने वाली सविता और जसपाल की स्टोरी बहुत ही प्यारी है। आइए जानते हैं कि कैसे शुरू हुआ उनके बीच प्यार का ये खूबसूरत सफर जो शादी तक पहुंचा।
Death Anniversary: देश के सबसे मशहूर कॉमेडियन की क्यूट लव स्टोरी, जानिए कैसे एक दूसरे के हुए जसपाल भट्टी और सविता
कसौली में हुई मुलाकात
बीते साल लॉकडाउन के दौरान सविता भट्टी ने जसपाल के साथ अपनी यादों को फेसबुक पर साझा किया था। उन्होंने लिखा था कि वो कसौली में जालंधर डीडी चैनल पर चित्रहार कार्यक्रम देख रही थीं, तभी एक सिख जेंटलमेंल ने उन्हें डिसटर्ब किया। करीब 5-6 गानों के बीच उस शख्स ने 2-3 मिनट तक बात की। मैं काफी गुस्सा थी, जो मेरे और गानों के बीच में परेशान कर रहा था। इसके बाद वो हर हफ्ते इरिटेट करने आने लगा।
हफ्तों के बाद जब वो शख्स नहीं गया तो मैंने उससे बात करने की सोची। लेकिन जब मैंने उसे सुना तो मेरे होश उड़ गए। मैंने कुछ ऐसा सुना, जो मैंने इससे पहले नहीं सुना था। ये जसपाल भट्टी के साथ मेरा पहला इंट्रोडक्शन था।
जब शुरू हुई रिश्तें की बात
अपनी जिंदगी के बारे में बताते हुए सविता भट्टी ने लिखा था कि उनके अंकल ने उनके पिता से बात की। उन्होंने जसपाल भट्टी के बारे में कहा कि 'मुंडा SDO है और कार्टूनिस्ट भी'। इसके बाद दोनों के परिवार के बीच शादी की बातचीत शुरू हुईं।
1985 में हुई इनगेजमेंट
दोनों के परिवार की रजामंदी के बाद जसपाल भट्टी और सविता भट्टी की शादी 1985 में तय हो गई थी। फरवरी में उनकी इनगेजमेंट और मार्च 1985 में शादी हो गई थी। सविता उन दिनों टीचर थीं और क्लास सेकेंड की बच्चों को पढ़ाती थीं। शादी के दौरान उनकी क्लास के बच्चों के एग्जाम भी थे तो उन्होंने लेडीज संगीत के बीच में सभी बच्चों के रिपोर्ट कार्ड तैयार किए थे।
