'अब के बिछड़े तो शायद कभी ख्वाबों में मिलें, जिस तरह सूखे हुए फूल किताबों में मिलें' फिल्म 'निकाह' का ये डायलॉग तो आपने सुना ही होगा। जी हां, हम उसी 'निकाह' फिल्म की बात कर रहे हैं जिसमें सलमा आगा और राज बब्बर की जबरदस्त केमिस्ट्री देखने को मिली थी। फिल्म निकाह का ये गाना 'दिल की ये आरजू थी कोई दिलरुबा मिले' गाने से अपने जज्बात जाहिर करने वाले राज बब्बर का आज जन्मदिन है। बॉलीबुड में निकाह जैसी बेहतरीन फिल्म और राजनीति में तीखे स्वर और बेबाक राय के लिए मशहूर एक्टर राज बब्बर आज 67 साल के हो गए हैं।
फिल्म के एक सीन ने राज बब्बर के छुड़ा दिए थे पसीने, जीनत अमान के समझाने के बाद कर पाए थे फिल्म
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भारतीय सिनेमा में एक्टर और विलेन दोनों के किरदारों में खुद को बखूबी ढालने वाले राज बब्बर के जन्मदिन के इस खास मौके पर आज हम उनके जीवन के कुछ खास पहलुओं से आपको रूबरू करवाएंगे। बॉलीवुड में नायक और खलनायक दोनों ही रोल में फिट बैठने वाले राज बब्बर को बचपन से ही एक्टिंग का शौक था और इसीलिए उन्होंने कुछ और करने के बजाय नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा में दाखिला लिया। एनएसडी से पढ़ाई खत्म करने के बाद राज ने मुबंई का रुख किया।
जब हम 70 के दशक के राज बब्बर को देखते हैं, तो हम उन्हें बॉलीवुड के सर्वश्रेष्ठ फिल्म एक्टर के रूप में तो नहीं देख सकते लेकिन इसके बावजूद राज बब्बर ने बॉलीवुड में अपनी एक अलग पहचान बनाई। यहां तक की खुद को भीड़ से अलग दिखाने की कोशिश में वो 1980 में आई फिल्म 'इंसाफ का तराजू' में एक रेपिस्ट का किरदार निभाने से भी न चूके। इस फिल्म के बाद राज को विलेन के रुप में जबरदस्त पहचान मिली। जिसमें 'जिद्दी', 'दलाल', 'दाग द फायर' जैसी फिल्मों में उनके रोल को सराहा गया। 1994 में आई 'दलाल' फिल्म के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ विलेन का पुरस्कार भी मिला।
दौड़ में हार उसकी नहीं होती जो फिसल जाता है, हार उसकी होती है जो फिसलकर नहीं उठता जैसे बेहतरीन डायलॉग से लोगो को रोमांचित कर देने वाले राज बब्बर राजनीति में आज एक जाना माना चेहरा है। राज ने 1989 में जेडीयू से जुड़कर अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत की। राज बब्बर का राजनीतिक सफर कांग्रेस के विरोध से जरूर शुरू हुआ लेकिन आज राज बब्बर की गिनती कांग्रेस के स्टार प्रचारकों में होती है।
राज बब्बर ने अपने फिल्मी करियर में कई सारी फिल्में की और दौलत और शोहरत कमाई लेकिन कहा जाता है कि बॉलीवुड में वह वो मुकाम नहीं हासिल कर पाए जिसके वे हकदार थे।
राज बब्बर के जन्मदिन पर एक बड़ा ही रोचक किस्सा आपको बताते हैं। ये बात तब की है जब राज बब्बर को फिल्मों में आए चंद साल ही हुए थे और उन्हें एक फिल्म में उस दौर की बड़ी अदाकारा जीनत अमान के साथ रेप सीन करना था। राज बब्बर इस बात को लेकर डरे हुए थे कि वो नए हैं और जीनत अमान इतनी बड़ी हीरोइन। भला वो कैसे फिल्म में उनके साथ रेप सीन कर सकते हैं और वो भी एक ऐसा रेप सीन जिसमें उन्हें जीनत अमान के साथ ना सिर्फ हाथापाई करनी थी बल्कि जबरदस्ती भी करनी थी।