आज के समय में करण जौहर फिल्म जगत के सबसे बड़े निर्माता-निर्देशक में शुमार हैं। करण जौहर को फिल्म जगत में कुछ-कुछ होता है, कभी खुशी कभी गम सहित कई फिल्मों के लिए जाना जाता है। निर्माता करण जौहर ने बड़े पर्दे पर रोमांस की एक साफ-सुथरी छवि दिखाई है। हालांकि बदलते वक्त के साथ करण जौहर ने भी अपनी फिल्मों में काफी कुछ बदला। आज के समय में करण जौहर एक बड़े फिल्म निर्माता होने के साथ-साथ कई नए टैलेंट्स को बॉलीवुड में लॉंच करने के लिए जाने जाते हैं।
किस्सा: जब अपने पिता यश जौहर का नाम लेने में शर्मिंदगी महसूस करते थे करण, स्कूल में दोस्तों से कहते थे ये झूठ
पिता को फिल्म मेकर बताने में शर्म आती थी
करण ने शो में खुलासा करते हुए बताया था कि एक समय ऐसा था जब किसी को नहीं पता था कि उनके पिता यश जौहर निर्माता हैं। करण ने कहा वो इस बात से काफी शर्मिंदगी महसूस करते थे। करण जौहर ने इसके पीछे की वजह भी बताई। उन्होंने कहा, ‘हम उस समय साउथ बॉम्बे में रहते थे, जबकि पूरी इंडस्ट्री वर्सोवा बांद्रा में रहती थी। साउथ बॉम्बे के लोग अपने थे। मैं जहां पला बढ़ा हूं वहां लोग हिन्दी फिल्में नहीं देखते। इसलिए जब भी कोई बोलता था आप हिन्दी फिल्म जगत से हैं तो मैं झूठ बोलता था नहीं’।
पिता फिल्मी करियर में कर रहे थे संघर्ष
करण ने आगे खुलासा करते हुए कहा, ‘मैं उस दौरान हर किसी से यही कहता था मेरे पिता बिजनेसमैन हैं। एक बार वर्ली नाका पर मेरे पिता का बहुत बड़ा पोस्टर लगा था। फिल्म थी मुकद्दर का सिकंदर। वह फिल्म मिस्टर इंडिया के साथ रिलीज हुई और बुरी तरफ से फ्लॉप हुई। मेरे मन में बार-बार यही आ रहा था फिल्म के निर्देशक प्रकाश मेहरा का नाम पोस्टर पर छोटे अक्षरों में था जबकि मेरे पिता का नाम बड़े-बड़े अक्षरों में लिखा था। उस समय मेरे पिता संघर्ष कर रहे थे उनकी फिल्में बॉक्स ऑफिस पर कुछ खास कमाल नहीं कर रही थीं।
दोस्तों के सामने पिता को बताया बिजनेसमैन
करण ने शो में आगे बताया, ‘मैं उस वक्त आठवीं या नौवी में था जब ये फिल्म रिलीज हुई। मेरे पिता का नाम पोस्टर पर देखकर सब मुझसे ये पूछने लगे कि ये तुम्हारे पिता हैं? यश जौहर? मैंने उन सभी को जवाब देते हुए कहा, ‘नहीं-नहीं ये मेरे पिता नहीं हैं मेरे पिता तो बिजनेसमैन हैं, ये तो कोई और ही हैं।
इस फिल्म के बाद बताया लोगों को सच
करण ने आगे खुलासा करते हुए बताया, जब वो कॉलेज में थे तो उनके पिता की फिल्म अग्निपथ रिलीज हुई और उन्होंने अपने दोस्तों को सच कहा। दरअसल एक बार कॉलेज में अनिल थदानी ने करण से कहा कि तुम्हारे पापा ने अग्नीपथ बनाई है ना। इस पर करण कुछ बोलते उससे पहले ही अनिल ने फिल्म की तारीफ की और बताया कि उस दौर के युवा लड़के फिल्म के पीछे पागल हैं। इस घटना के बाद करण जौहर ने अपने पिता यश जौहर का नाम बताना शुरू कर दिया था। जब भी कोई उनसे पूछता कि उनके पिता का नाम क्या है तो वह गर्व के साथ अपने पिता का नाम लेते थे.