{"_id":"5b5e9a104f1c1bb35d8b637a","slug":"mahesh-bhatt-says-i-am-a-child-of-single-muslim-mother","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"महेश भट्ट की जिंदगी का कड़वा सच- 'मैं एक मुस्लिम मां की नाजायज औलाद हूं, मेरे पिता के बारे में..'","category":{"title":"Bollywood","title_hn":"बॉलीवुड","slug":"bollywood"}}
महेश भट्ट की जिंदगी का कड़वा सच- 'मैं एक मुस्लिम मां की नाजायज औलाद हूं, मेरे पिता के बारे में..'
Mon, 30 Jul 2018 10:24 AM IST
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Updated Mon, 30 Jul 2018 10:24 AM IST
विज्ञापन
1 of 6
महेश भट्ट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
बॉलीवुड को कई ऐतिहासिक फिल्में देने वाले महेश भट्ट एक बार फिर अपने बयान को लेकर चर्चा में आ गए हैं । हाल ही में एक इंटरव्यू में महेश ने अपनी जिंदगी के उस हिस्से को उजागर किया जिसके बारे में अक्सर लोग बात तक करना पसंद नहीं करते हैं ।
2 of 6
महेश भट्ट और आलिया भट्ट
जब महेश से पूछा गया कि वो कैसे पिता हैं । तब उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं पता कि पिता कैसा होता है । मेरे पास मेरे पिता की कोई यादें नहीं हैं । इसलिए मुझे नहीं पता कि एक पिता का क्या रोल होता है । मैं एक मुस्लिम मां की नाजायज औलाद हूं । जिन्होंने मुझे अकेले पाला । उनका नाम शिरिन मोहम्मद अली है ।'
3 of 6
Mahesh Bhatt
महेश को ये नाम किसने दिया । इस सवाल पर उन्होंने कहा, 'मैंने अपनी मां से पूछा था कि मेरे नाम का मतलब क्या होता है । तब उन्होंने कहा था कि वो मेरे पिता से पूछकर बताएंगी क्योंकि उन्होंने ही मुझे ये नाम दिया । महेश मतलब होता है- महा-ईश । देवों के देव । लेकिन बचपन में मुझे ये भगवान बिल्कुल पसंद नहीं थे ।'
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 6
mahesh bhatt, soni razdan
'मुझे नहीं अच्छा लगा क्योंकि उन्होंने अपने ही बेटे का सिर काट दिया। इससे अच्छा होता कि मेरा नाम गणेश होता । जैसे गणेश के पिता उसके लिए अंजान थे वैसे ही मेरे पिता भी मेरे लिए अंजान थे ।' महेश भट्ट ने अपनी फिल्म 'अर्थ' से लेकर 'जख्म' तक में अपनी पर्सनल लाइफ को दिखाने की कोशिश की है ।
विज्ञापन
5 of 6
महेश भट्ट
महेश भट्ट कहते हैं, 'मेरे पिता नानाभाई भट्ट, मेरे लिए होकर भी नहीं थे। बस उनका सरनेम 'भट्ट' मुझे जरूर मिला । जिसकी वजह से मैं आज महेश भट्ट बन पाया ।' महेश से उनके बेटे के साथ रिश्ते को लेकर भी सवाल किया गया ।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।