मोस्ट डिजायरेबल वूमन का तमगा जीत चुकीं अभिनेत्री नयना मुके अभिनय के अलावा सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी खूब सक्रिय रहती हैं। इन दिनों कलर्स के धारावाहिक ‘काव्यांजलि’ में नजर आ रहीं नयना का किरदार निकिता दर्शकों को खूब भा रहा है। निकिता का इस कहानी में किरदार नायक की उस प्रेमिका का है जो अपनी होने वाली सास के बहकावे में आकर ये रिश्ता छोड़कर अमेरिका चली जाती है। लेकिन, सच्चाई पता चलने पर वह वापस लौटती है और अपना हक पाने की कोशिशें शुरू करती है।
Nayannah Mukey: ‘सीधी सादी लड़की को ठगने का जमाना गया, अब पलटवार का जमाना’, अभिनेत्री नयना मुके के बिंदास बोल
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धारावाहिक ‘काव्यांजलि’ में निकिता का किरदार निभा रहीं नयना मुके ‘अमर उजाला’ से एक खास बातचीत में बताती हैं, ‘परदा छोटा हो या बड़ा, महिला चरित्रों की लिखावट अब पूरी तरह बदल चुकी है। मेरा किरदार निकिता जो मैं इस धारावाहिक में निभा रही हूं, एक आधुनिक युवती का किरदार है। वह भावनाओं की कद्र करना जानती है और प्रेम के असली मंतव्य को भी जानती है। अपनी होने वाली सास का उसने कहना माना और परिवार की भलाई के लिए उसने देश त्यागा। लेकिन, अब युवतियां अन्याय नहीं सहन कर सकतीं।’
अपने इस लोकप्रिय किरदार के बारे में बातें करते हुए नयना उन संदर्भों की तरफ भी इशारा करती हैं, जिसमें सिनेमा और धारावाहिक बनाने वाले रचयिता अब महिला किरदारों को मजबूती दे रहे हैं। वह कहती हैं, ‘फिल्म ‘एनिमल’ में गीतांजलि का अपने पति रणविजय को थप्पड़ मारना नई सदी की युवती की पहचान है। वह रिश्तों को निभाने के लिए एक सीमा तक ही त्याग कर सकती है। लेकिन, यदि इस त्याग से उसका स्वाभिमान चोटिल होता है तो वह पलटवार करना भी बखूबी जानती है।’
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नयना मुके का धारावाहिक ‘काव्यांजलि’ इन दिनों खूब चर्चा में है। निकिता के उनके किरदार की लोग तरह तरह से व्याख्या कर रहे हैं। वह अपने अतीत की बातें याद दिलाकर प्रीतम को सच भी बताने की कोशिश कर रही है। लेकिन, प्रीतम की आंखों पर वात्सल्य की पट्टी बंधी हुई है। वह ये नहीं देख पा रहा कि उसकी मां का असल इरादा क्या है। नयना कहती हैं, ‘रिश्तों में वैसे तर्क काम करता नहीं है लेकिन बदलते दौर में ये जानना भी जरूरी हो चला है कि किसी भी निर्देश के पीछे इसे देने वाले का स्वार्थ तो नहीं है।’
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ओटीटी और धारावाहिकों समान रूप से सक्रिय नयना मुके रंगमंच की प्रशिक्षित कलाकार हैं। वह अभिनय के अलावा म्यूजिक वीडियोज के निर्देशन और निर्माण में भी सक्रिय रही हैं। इन दिनों वह एक बहुत ही मर्मस्पर्शी कहानी भी लिख रही है जिसका निर्देशन वह खुद करने वाली हैं। समाज में हाशिये पर पड़े लोगों की कहानियों पर लगातार काम कर रहीं नयना मुके चाहती हैं कि सिनेमा सामाजिक बदलाव को भी कैमरे के जरिये परदे पर दिखाए और लोगों को सोचने पर मजबूर करे कि आखिर वह इस बदलाव को देख क्यों नहीं पा रहे हैं?
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