{"_id":"5d98574d8ebc3e01506ef477","slug":"shyam-benegal-on-fir-has-been-lodged-for-alleged-sedition-said-the-case-makes-no-sense","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"भीड़ हिंसा पर PM मोदी को पत्र लिखने पर केस दर्ज होते ही बोले श्याम बेनेगल- अपील पर FIR क्यों?","category":{"title":"Bollywood","title_hn":"बॉलीवुड","slug":"bollywood"}}
भीड़ हिंसा पर PM मोदी को पत्र लिखने पर केस दर्ज होते ही बोले श्याम बेनेगल- अपील पर FIR क्यों?
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Published by: अपूर्वा राय
Updated Sat, 05 Oct 2019 02:15 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
श्याम बेनेगल
- फोटो : Social Media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
भीड़ हिंसा के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खुला पत्र लिखकर चिंता जताने वाली 50 से ज्यादा हस्तियों के खिलाफ बृहस्पतिवार को मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस ने बताया कि इन 50 लोगों के खिलाफ मुकदमा मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सूर्यकांत तिवारी के आदेश पर दर्ज किया गया है। पत्र लिखने वालों में इतिहासकार रामचंद्र गुहा, फिल्म निर्देशक मणिरत्नम, फिल्म निर्देशक अनुराग कश्यप, फिल्म निर्देशक श्याम बेनेगल, अभिनेता सौमित्र चटर्जी, अभिनेत्री अपर्णा सेन और गायिका सुधा मुद्गल आदि शामिल हैं।
2 of 5
shyam Benegal
अब इस मामले में निर्देशक श्याम बेनेगल (Shyam Benegal) का बयान सामने आया है। राजद्रोह का मामला दर्ज होने के बाद श्याम बेनेगल ने कहा- इस मामले का कोई मतलब नहीं बनता है क्योंकि भीड़ हिंसा की बढ़ती घटनाओं पर चिंता प्रकट करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखा गया पत्र महज अपील था न कि कोई धमकी।
3 of 5
shyam benegal
उन्होंने पीटीआई- भाषा से कहा, 'यह पत्र एक अपील था। लोगों का इरादा जो भी हो, जो प्राथमिकी स्वीकार कर रहे हैं और हम पर इन सभी तरह के आरोप लगा रहे हैं, इन बातों का कोई मतलब नहीं बनता है। यह प्रधानमंत्री से अपील करने वाला पत्र था। यह कोई धमकी या अन्य बात नहीं थी जो शांति बिगाड़ती या समुदायों के बीच बैर भाव पैदा करती।'
बता दें बीते महीने निर्देशक अनुराग कश्यप समेत 49 हस्तियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खुला पत्र लिखा था। पत्र में लिखा गया था कि, ''अफसोस की बात है कि 'जय श्री राम' आज एक भड़काऊ युद्ध बन गया है। भारत के बहुसंख्यक समुदाय में राम का नाम पवित्र हैं। एक जनवरी 2009 से 29 अक्टूबर 2018 के बीच 254 धार्मिक पहचान आधारित हिंसा दर्ज की गई है। जबकि 2016 में दलितों पर अत्याचार के 840 मामले सामने आए हैं।''
विज्ञापन
5 of 5
Prasoon Joshi, Madhur bhandarkar
- फोटो : social media
हालांकि इसके जवाब में जानी-मानी 61 हस्तियों ने भी खुला पत्र लिखा। इन हस्तियों ने पीएम को लिखे गए पत्र को सिलेक्टिव गुस्सा और गलत नैरेटिव सेट करने की कोशिश करने वाला बताया था। इन हस्तियों में अभिनेत्री कंगना रनौत, लेखक प्रसून जोशी, क्लासिकल डांसर और सांसद सोनल मानसिंह, मोहन वीणा के वादक पंडित विश्व मोहन भट्ट और डायरेक्टर मधुर भंडारकर और विवेक अग्निहोत्री शामिल थे।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।