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महिला दिवस पर देखनी चाहिए ये फिल्में

Tue, 08 Mar 2016 11:55 AM IST
Updated Tue, 08 Mar 2016 11:55 AM IST
सार

  • लड़कियों के लिए खास हैं ये फिल्में
  • बराबरी के लिए लड़ना सिखाती हैं

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Women Centric Films of Bollywood
रानी मुखर्जी - फोटो : gettyimages

महिला दिवस पर कुछ ऐसी फिल्मों के बारे में हम आपको बता रहे हैं जो कि औरतों को अपने हकों के लिए लड़ना सिखाती है। हर एक जवान होती लड़की को ये फिल्में जरूर देखनी चाहिएं। रानी मुखर्जी की फिल्म 'मर्दानी' एक ऐसी फिल्म है, जिसे देख लड़कियां खूब सीटियां बजाएंगी। इस फिल्म में पुलिस अफसर की भूमिका में रानी मुखर्जी इस सोच को तोड़ती हैं कि पुलिस में सिर्फ मर्द ही बेहतर काम कर सकते हैं। फिल्म लड़कियों में एक नया जोश भरती है।

हर लड़की को जरूर देखनी चाहिएं ये दस फिल्में

Women Centric Films of Bollywood

भारतीय सिनेमा की सबसे शानदार फिल्मों में से एक है, 1957 में आई 'मदर इंडिया'। नर्गिस ने आजादी के बाद कई परेशानियों से जूझ रहे भारत में किस तरह एक स्त्री संघर्ष कर सकती है, इस रोल को खूब निभाया। ये फिल्म लड़कियों में नया जोश भरती है। आजादी के बाद देश के हालात और औरते के सामने आने वाली परेशानियों को समझने के लिए ये फिल्म जरूर देखनी चाहिए।

हर लड़की को जरूर देखनी चाहिएं ये दस फिल्में

Women Centric Films of Bollywood
दामिनी

सनी देओल के 'तारीख पे तारीख' डायलॉग के लिए मशहूर फिल्म 'दामिनी' में मुख्य भूमिका में मीनाक्षी शेषाद्रि ने अपने पूरे परिवार और पति के खिलाफ जाते हुए देवर को सजा दिलाने के लिए संघर्ष करने वाली औरत का किरदार किया। ये फिल्म हक और इंसाफ के लिए लड़ना सिखाती है।

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हर लड़की को जरूर देखनी चाहिएं ये दस फिल्में

Women Centric Films of Bollywood
बैंडिट क्वीन

एक महिला डकैत से राजनीति तक का सफर करने वाली फूलन देवी की जिंदगी पर बनी 'बेंडिट क्वीन' में इस महिला के समाज से लड़ने के संघर्ष को दिखाया गया है। फूलन को कई बार बालात्कार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद भी उसने संघर्ष किया।

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हर लड़की को जरूर देखनी चाहिएं ये दस फिल्में

Women Centric Films of Bollywood
अराधना

राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की 1969 में आई फिल्म 'अराधना' में शर्मिला और राजेश खन्ना मंदिर में शादी कर लेते हैं। इससे पहले कि वो समाज को बता पाते, राजेश खन्ना की फिल्म में मौत हो जाती हैं। शर्मिला के गर्भवती होने की बात सुनकर उनके पिता की भी मौत हो जाती है। इसके बाद वो अपने बेटे को पालने के लिए क्या-क्या करती हैं, इसको देखने के लिए ये फिल्म हर लड़की को देखनी चाहिए। एकबारगी तो ये फिल्म आपकी आंखोम में आंसू जरूर ले आएगी।

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