कैंसर दुनियभार में तेजी से बढ़ती जानलेवा बीमारियों में से एक है, इसके मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। पुरुषों में मुंह और फेफड़े के कैंसर जबकि महिलाओं में स्तन और सर्वाइकल कैंसर का जोखिम सबसे ज्यादा देखा जाता रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, शरीर में हो रहे किसी भी बदलाव पर सभी लोगों को गंभीरता से ध्यान देते रहने की जरूरत होती है।
Cancer Risk: चुपचाप बढ़ता है पेट का कैंसर, ये मामूली लगने वाले लक्षण गंभीर समस्याओं का करते हैं इशारा
डॉक्टर कहते हैं, ज्यादातर मामलों में पेट का कैंसर धीरे-धीरे से पनपता है और इसके लक्षण आम पाचन समस्याओं जैसे ही होते हैं, इसलिए अक्सर इन संकेतों को गंभीरता से नहीं लिया जाता। हालांकि ये लापरवाही आपके लिए भारी पड़ सकती है। कैंसर के शुरुआती संकेतों पर गंभीरता से ध्यान देते रहने की आवश्यकता होती है।
पेट का कैंसर का बढ़ता खतरा
डॉक्टर कहते हैं, ज्यादातर मामलों में पेट का कैंसर धीरे-धीरे से बढ़ता है और शुरुआत में इसके कोई खास संकेत भी नहीं होते हैं। इसके लक्षण आम पाचन समस्याओं जैसे ही होते हैं, इसलिए अक्सर इन संकेतों को गंभीरता से नहीं लिया जाता। हालांकि ये लापरवाही आपके लिए भारी पड़ सकती है। कई लोग इस तरह की तकलीफ को गैस-अपच मान लेते हैं और राहत पाने के लिए एंटासिड का सहारा लेते हैं।
स्टमक कैंसर, जिसे गैस्ट्रिक कैंसर भी कहते हैं। ये पेट की अंदरूनी परत से शुरू होने वाला एक गंभीर और संभावित जानलेवा कैंसर है। पेट की कोशिकाएं जब असामान्य रूप से बढ़ने लगती हैं और ट्यूमर बना लेती हैं तो इससे कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है।
शुरुआती स्थिति में इसके कारण शरीर में होने वाले बदलावों पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।
बिना कारण वजन कम होना
बिना किसी प्रयास के अगर आपका वजन भी कम होता जा रहा है तो ये शरीर में किसी गड़बड़ी का संकेत हो सकता है।
- अगर किसी व्यक्ति का 6 महीने में 5-10% वजन बिना डाइटिंग या एक्सरसाइज के कम हो जाए, तो ये खतरनाक संकेत हो सकता है।
- यह कई प्रकार के कैंसर का शुरुआती संकेत हो सकता है।
- कैंसर कोशिकाएं तेजी से बढ़ती हैं और शरीर के पोषक तत्वों का इस्तेमाल करती रहती हैं। इसके कारण शरीर की मांसपेशियां और फैट घटने लगते हैं।
लगातार अपच और पेट में जलन
अपच और पेट में जलन होते रहना पेट के कैंसर का आम संकेत हो सकता है। कई लोग इसे सामान्य एसिडिटी या खराब खानपान का असर मानकर अनदेखा कर देते हैं।
- अपच की समस्या अगर कई हफ्तों तक बनी रहे, खाने के बाद भारीपन महसूस हो तो अलर्ट हो जाएं।
- पेट की अंदरूनी परत में असामान्य कोशिकाओं की वृद्धि पाचन प्रक्रिया को प्रभावित करती है। इस वजह से पाचन की दिक्कतें बढ़ जाती हैं।
अक्सर पेट में दर्द बने रहना
पेट में लगातार हल्का दर्द, दबाव या असहजता महसूस होना भी कैंसर का एक संकेत हो सकता है।
- शुरुआत में यह दर्द मामूली लग सकता है, इसलिए लोग इसे गैस या मांसपेशियों का दर्द समझ लेते हैं।
- जब दर्द लंबे समय तक बना रहे या बढ़ता जाए, तो यह पेट की अंदरूनी परत में हो रहे बदलाव का परिणाम हो सकता है।
- कैंसर बढ़ने पर यह दर्द अधिक तीव्र हो सकता है और खाने के बाद बढ़ सकता है। ऐसे में अल्ट्रासाउंड या एंडोस्कोपी जैसी जांच जरूरी हो सकती है।
इन लक्षणों पर भी दें ध्यान
- अगर बिना किसी डाइटिंग या बीमारी के आपकी भूख कम हो रही है तो इसे हल्के में न लें। पेट के कैंसर में ट्यूमर पेट की जगह को कम कर देता है, जिससे कम खाना खाने पर भी व्यक्ति को पेट भरा महसूस होता है।
- बार-बार उल्टी आना या उल्टी में खून के धब्बे दिखना गंभीर संकेत है। पेट के कैंसर में ट्यूमर पेट की परत को नुकसान पहुंचा सकता है, जिससे ब्लीडिंग होती है।
- अगर मल का रंग काला, चिपचिपा या बदबूदार हो तो सावधान हो जाएं। पेट के कैंसर में आंतरिक ब्लीडिंग के कारण मल का रंग बदल सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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