Shardiya Navratri 2024 Shaktipeeth in Madhya Pradesh : 3 अक्तूबर 2024 से शारदीय नवरात्रि का आरंभ हो रहा है। नव दिवसीय नवरात्रि पर्व में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है। इस मौके पर लोग देवी मां के मंदिरों के दर्शन के लिए जाते हैं। देश भर में कई प्रसिद्ध और प्राचीन देवी मंदिर है,जहां की महिमा विश्व विख्यात है। कई देवी मंदिर विदेशों में भी मौजूद हैं।
Shardiya Navratri 2024: मध्य प्रदेश में देवी मां के चमत्कारी मंदिर, कुछ जगहों पर गिरे थे माता सती के अंग
मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं तो आपको कहीं दूर जाने की जरूरत नहीं, इंदौर में बिजासन माता मंदिर, जबलपुर में चामुंडा मंदिर, सतना में मैहर माता मंदिर समेत कई देवी मंदिरों के दर्शन का मौका मिल सकता है। यह रहे मध्य प्रदेश में स्थित देवी के मशहूर मंदिर और शक्तिपीठ, जहां नवरात्रि के मौके पर भक्त दर्शन के लिए जा सकते हैं।
मध्य प्रदेश में तीन शक्तिपीठों की मान्यता है, एक हरसिद्धि देवी शक्तिपीठ, दूसरा शोण नर्मदा शक्तिपीठ, और तीसरा मैहर माता मंदिर।
हरसिद्धि देवी शक्तिपीठ
मध्य प्रदेश के उज्जैन में हरसिद्धि देवी शक्तिपीठ है, जहां माता सती की कोहनी गिरी थी। यह रूद्र सागर तालाब के पश्चिमी तट पर स्थित है। कहा जाता है कि माता दिन में गुजरात और रात में उज्जैन में निवास करती हैं।
शोण देव नर्मदा शक्तिपीठ
मध्यप्रदेश के अमरकंटक में माता का दायां नितंब गिरा था। यहां पर नर्मदा नदी का उद्गम होने के कारण यहां माता को नर्मदा स्वरूप में पूजा जाता है। इसे शोणाक्षी शक्तिपीठ भी कहते हैं।
मैहर देवी मंदिर
मध्य प्रदेश के सतना जिले में प्रसिद्ध मैहर माता मंदिर है, जो कि त्रिकुट पहाड़ी पर स्थित है। कहते हैं कि यहां माता सती का हार गिरा था, इसलिए इस स्थान का नाम मैहर पड़ा। इस मंदिर में भक्तों को 1063 सीढ़ियां चढ़कर जानी पड़ती हैं। हालांकि अब रोपवे सेवा भी शुरू हो गई है।
माता पीतांबरा पीठ
मध्य प्रदेश के दतिया में मां पीतांबरा पीठ स्थित है, जहां मां बगलामुखी को पीतांबरा रूप में पूजा जाता है। यहां महाभारत काल का वनखंडेश्वर महादेव मंदिर स्थित है, साथ ही धूमावती माता का मंदिर भी है।
चौसठ योगिनी मंदिर
भेड़ाघाट में माता का लोकप्रिय चौसठ योगिनी मंदिर है, जिसका निर्माण 10वीं शताब्दी के आसपास हुआ था। कहा जाता है कि यहां देवी दुर्गा के साथ 64 योगिनियां निवास करती हैं।
बिजासन माता मंदिर
इंदौर में बिजासन माता मंदिर है, जोकि 800 फीट ऊंचाई पर पहाड़ों पर बसा है। मंदिर के आसपास मेले का आयोजन होता है और मंदिर परिसर को दुल्हन की तरह सजाया जाता है।
कालिका माता मंदिर
राज्य के रतलाम जिले में कालिका माता मंदिर है, जिसे चमत्कारी माना जाता है। मान्यता है कि जब भक्त माता कालिका की प्रतिमा के सामने खड़े होते हैं तो उसके शरीर में विशेष प्रकार की ऊर्जा संचयन होने लगती है। नवरात्रि के मौके पर कालिका माता मंदिर के पास मेले का आयोजन होता है।