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छात्रों के समर्थन में कांग्रेस का प्रदर्शन: राजभवन के बाहर दिया धरना, पुलिस ने हिरासत में लिया
Tue, 21 Jul 2026 10:59 PM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Tue, 21 Jul 2026 10:59 PM IST
सार
राजभवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेसी नेता विद्यार्थियों की आवाज बुलंद कर रहे हैं
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पंजाब कांग्रेस का प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पेपर लीक मामले और दिल्ली में राहुल गांधी समेत अन्य कांग्रेसियों को हिरासत में लेने के विरोध में पंजाब कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पंजाब के वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष राणा केपी सिंह व पूर्व मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू की अगुवाई में पार्टी कार्यकर्ताओं ने चंडीगढ़ स्थित पंजाब राजभवन के बाहर विरोध प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारी नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नाकामियों के कारण देश के लाखों होनहार छात्रों का भविष्य अंधकार में लटक गया है। परीक्षाओं के लगातार लीक होने और मूल्यांकन प्रणाली में आ रही गड़बड़ियों ने पूरी शिक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। राणा केपी सिंह और बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि कड़ी मेहनत करने वाले युवाओं का भरोसा टूट रहा है और वे न्याय के लिए सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ छात्रों के साथ खड़ी है और उनके हक की लड़ाई लड़ेगी।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
राजभवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेसी नेता विद्यार्थियों की आवाज बुलंद कर रहे हैं मगर केंद्र सरकार पुलिस की मदद से उनकी आवाज दबाने का प्रयास कर रही है यह बिल्कुल भी सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तुरंत इस्तीफे की मांग की।
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शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों और युवा नेताओं पर दर्ज की गई सभी पुलिस एफआईआर को अविलंब वापस लिया जाए। साथ ही हिरासत में लिए गए सभी कांग्रेसी नेताओं को भी रिहा किया जाए। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के राज्यपाल को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति और केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने की अपील की गई, ताकि छात्रों को जल्द से जल्द न्याय मिल सके और भविष्य में ऐसी धांधलियों पर रोक लगाई जा सके। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगें जल्द न मानी गईं, तो यह आंदोलन और अधिक व्यापक रूप लेगा।
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प्रदर्शनकारी नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नाकामियों के कारण देश के लाखों होनहार छात्रों का भविष्य अंधकार में लटक गया है। परीक्षाओं के लगातार लीक होने और मूल्यांकन प्रणाली में आ रही गड़बड़ियों ने पूरी शिक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। राणा केपी सिंह और बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि कड़ी मेहनत करने वाले युवाओं का भरोसा टूट रहा है और वे न्याय के लिए सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ छात्रों के साथ खड़ी है और उनके हक की लड़ाई लड़ेगी।
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केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
राजभवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि कांग्रेसी नेता विद्यार्थियों की आवाज बुलंद कर रहे हैं मगर केंद्र सरकार पुलिस की मदद से उनकी आवाज दबाने का प्रयास कर रही है यह बिल्कुल भी सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तुरंत इस्तीफे की मांग की।
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शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों और युवा नेताओं पर दर्ज की गई सभी पुलिस एफआईआर को अविलंब वापस लिया जाए। साथ ही हिरासत में लिए गए सभी कांग्रेसी नेताओं को भी रिहा किया जाए। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के राज्यपाल को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति और केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने की अपील की गई, ताकि छात्रों को जल्द से जल्द न्याय मिल सके और भविष्य में ऐसी धांधलियों पर रोक लगाई जा सके। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगें जल्द न मानी गईं, तो यह आंदोलन और अधिक व्यापक रूप लेगा।