फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Chandigarh-Punjab News ›   Operation Hard Ball Global Agencies Infiltrate Lawrence Bishnoi Network in Three-Year Covert Probe

ऑपरेशन हार्ड बॉल: एक फोनकाॅल ने तोड़ा गैंगस्टर्स का नेटवर्क, जुलाई 2023 से बन रही थी रणनीति

Fri, 10 Jul 2026 12:50 PM IST
Sharukh Khan अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़ Published by: Sharukh Khan Updated Fri, 10 Jul 2026 12:50 PM IST
सार

विदेशी एजेंसियां काफी समय से लॉरेंस बिश्नोई और जग्गू भगवानपुरिया का नेटवर्क खंगाल रही थीं। जुलाई 2023 से एजेंसियों ने जाल बिछा रखा था। अब तक 24 हत्थे चढ़ चुके हैं। 37 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। वहीं, अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं जिनकी तलाश जारी है।

विज्ञापन
Operation Hard Ball Global Agencies Infiltrate Lawrence Bishnoi Network in Three-Year Covert Probe
Operation Hard Ball - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

10 जुलाई 2023 की एक फोन काॅल ने सुरक्षा एजेंसियों के गैंगस्टर्स के नेटवर्क तोड़ने की नींव रखी थी। रविंदर ढांडा ने एक ऐसे व्यक्ति से संपर्क किया, जो अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों का गोपनीय मुखबिर था। ढांडा ने उससे लॉस एंजिलिस तक कोकीन पहुंचाने में सहयोग मांगा। बस, यहीं से ये नेटवर्क एजेंसियों के राडार पर आ गया। 
विज्ञापन


17 जुलाई को पीस आर्च हिस्टोरिकल पार्क में दोनों के बीच पहली मुलाकात हुई। दोनों ने सीमा पार कोकीन और मेथामफेटामिन की तस्करी के तरीकों पर चर्चा की।

इसी मुखबिर के जरिए एजेंसियों ने पूरे नेटवर्क में पहुंच बनाई। अंडरकवर एजेंट और मुखबिर ने मादक पदार्थों की डिलीवरी में सहयोग किया और इसी दौरान महत्वपूर्ण सबूत जुटाए। गिरोह के सदस्यों का विश्वास जीता और लगातार नेटवर्क से संपर्क बनाया। यही था ऑपरेशन हार्ड बॉल। अमेरिका की एफबीआई, ड्रग एन्फोर्समेंट एडमिनिस्ट्रेशन, होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस और कनाडा सहित कई अंतरराष्ट्रीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने इस अंडरकवर ऑपरेशन के बाद लॉरेंस बिश्नोई और जग्गू भगवानपुरिया से जुड़े अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

जुलाई 2023 से एजेंसियों ने जो जाल बिछाया उसमें अभी तक 24 आरोपी फंस चुके हैं। पंजाब पुलिस का एक एसएचओ गुरजिंदर सिंह नागरा भी आरोपी बनाया गया है। इसमें 37 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। 10 आरोपी फरार हैं। 

ऑपरेशन के दौरान एक हजार किलो कोकीन, एक किलो हेरोइन, 12 हथियार और लगभग 40 हजार अमेरिकी डॉलर नकद बरामद किए गए। 
विज्ञापन

2024 में भगवानपुरिया के गिरोह ने की गलती
17 जून 2024 को भगवानपुरिया गिरोह के सदस्यों ने एक अंडरकवर एजेंट को 5 किलो कोकीन बेचने का प्रयास किया। नवंबर 2024 से जनवरी 2025 तक अमेरिकी एजेंसियों ने उसके आर्थिक तथा आपराधिक नेटवर्क की गहराई से पड़ताल की। जांचकर्ताओं को जानकारी मिली कि गिरोह का इस्तेमाल केवल ड्रग तस्करी के लिए नहीं, बल्कि अन्य संगठित अपराधों के लिए भी किया जा रहा था। उसके बाद एजेंसियों की जांच का फोकस जबरन वसूली की ओर बढ़ा। लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के एक सदस्य ने एक कारोबारी से बड़ी रकम वसूलने की योजना बनाई। इसके लिए एक अंडरकवर अधिकारी और मुखबिर का उपयोग किया गया।

नवंबर 2024 से 2025 के बीच एजेंसियों ने ऐसे कई सौदों का रिकॉर्ड पर लिया जिनमें पिस्तौल, सेमी-ऑटोमैटिक राइफल, एके-47 और ग्रेनेड बेचने की पेशकश की गई थी। अंडरकवर एजेंटों को हथियार खरीदने के लिए प्रेरित किया और कई बैठकों में हथियारों की कीमत, आपूर्ति और डिलीवरी की योजना पर विस्तार से बातचीत हुई।

फरवरी 2025 में भगवानपुरिया गिरोह ने लगभग 20 किलो कोकीन की एक खेप बेचने का प्रयास किया। हालांकि, जांच एजेंसियों ने पहले से पूरी रणनीति तैयार कर रखी थी। अंडरकवर ऑपरेशन के तहत नकली खेप का इस्तेमाल किया गया जिससे पूरे नेटवर्क की गतिविधियों पर नजर रखी जा सके और संबंधित लोगों की पहचान सुनिश्चित हो सके। इस कार्रवाई के दौरान कई अहम सबूत मिले जिनके आधार पर बाद में अभियोग तैयार किए गए।

अपराध मामलों के जानकार प्रोफेसर सुरेश देसवाल कहते हैं कि अमेरिकी एजेंसी एफबीआई की कार्रवाई का भारत में लॉरेंस बिश्नोई और जग्गू भगवानपुरिया गिरोह के गुर्गों पर शिकंजा कसने में मदद मिलेगी। एफबीआई की जांच में जिन लोगों, फोन नंबरों, बैंक खातों, सोशल मीडिया अकाउंट्स और संपर्कों का जिक्र है, उनकी जानकारी भारतीय एजेंसियों के साथ साझा की जा सकती है। इससे भारत में सक्रिय गुर्गों की पहचान और निगरानी आसान होगी। ऑपरेशन हार्ड बॉल का सबसे बड़ा असर यह होगा कि बिश्नोई और भगवानपुरिया नेटवर्क पर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ेगा। विदेशों में उनकी गतिविधियां सीमित हो सकती हैं। साथ ही भारत में सक्रिय सहयोगियों की पहचान व वित्तीय नेटवर्क की जांच तेज हो सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed