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अब मंत्री बनने की दौड़ में दिल्ली दरबार तक पहुंच बनाने में जुटे आप के नए विधायक
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लुधियाना। भगवंत मान पंजाब के नए सीएम बनेंगे तो उनके साथ कैबिनेट में कौन शामिल होगा ये पत्ते अब तक नहीं खुले है। पंजाब में पूर्ण बहुमत से वाली आप की सरकार में मंत्री कौन बनेंगे, अब कयास इस बात के लगाए जा रहे हैं। अब महानगर के 13 विधायकों में मंत्री पद की दौड़ लग गई है। आप के विधायक दिल्ली में केंद्रीय नेतृत्व में अपना जुगाड़ लगाने में जुट गए है जिससे मंत्री बना जा सके। कुछ विधायक तो भगवंत मान तक पहुंच बनाने में जुटे हैं। कैबिनेट में जगह मिल सके।
जैसे ही पंजाब में आप की सरकार बनने का रास्ता साफ हुआ तब से महानगर के नए विधायकों ने जुगाड़ लगाना शुरू कर दिया जिससे उनका रुतबा और बन सके। मंत्री बनने की दौड़ में सबसे आगे जगरांव से दूसरी बार चुनाव जीत कर विधानसभा पहुंची सर्वजीत कौर माणुके हैं। इसके अलावा शहरी इलाकों से पांच ऐसे विधायक चुने गए हैं जो कांग्रेस से आए हैं। उसमें चाहे पश्चिमी विधानसभा से जीते गुरप्रीत गोगी की हो तो चाहे उत्तरी से मदन लाल बग्गा हो। हलका सेंट्रल की बात करें तो अशोक पराशर पप्पी कांग्रेस से गए हैं आत्म नगर से नए बने विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू कांग्रेस से आए है। दलजीत सिंह गरेवाल कांग्रेस से ही वापस आप में आए हैं।
शहरी इलाके से भोला गरेवाल और बग्गा जता रहे है प्रमुख दावेदारी
अगर शहरी इलाकों की बात की जाए तो छह के छह नए विधायक है। इन छह में से सबसे प्रमुख दावेदारी दलजीत सिंह गरेवाल भोला और उत्तरी से विधायक मदन लाल बग्गा दावेदारी जता रहे है। दलजीत सिंह गरेवाल पहले भी आप की टिकट पर चुनाव लड़ चुके है और आप के जिला प्रधान भी रह चुके है। वह कुछ समय कांग्रेस में रहने के बाद फिर आप में लौट आए थे और टिकट लेने में भी कामयाब रहे। उसके बाद चुनाव लड़ा और जीत गए। उनके पुराने संपर्क आप के केंद्रीय नेतृत्व में है। जिस कारण वह गोटियां फिट करने में लगे है, जबकि उत्तरी से विधायक मदन लाल बग्गा अकाली दल की सरकार के समय राज्यमंत्री का ओहदा ले चुके है और उत्तरी से उन्होंने सात बार के विधायक राकेश पांडे को हराया है। उनका व्यापारियों के बीच में अच्छा संपर्क है। वह उनके माध्यम से आप में कैबिनेट रैंक पाने के जुगाड़ में है। पश्चिमी हल्के से गुरप्रीत गोगी बस्सी चेयरमैन रह चुके है और उनकी व्यापारियों में अच्छी पैठ है। उन्होंने महानगर के धुरंधर नेता और कैबिनेट मंत्री भारत भूषण आशु को हराया है। इसलिए वह अपनी दावेदारी करने में जुटी है।
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जैसे ही पंजाब में आप की सरकार बनने का रास्ता साफ हुआ तब से महानगर के नए विधायकों ने जुगाड़ लगाना शुरू कर दिया जिससे उनका रुतबा और बन सके। मंत्री बनने की दौड़ में सबसे आगे जगरांव से दूसरी बार चुनाव जीत कर विधानसभा पहुंची सर्वजीत कौर माणुके हैं। इसके अलावा शहरी इलाकों से पांच ऐसे विधायक चुने गए हैं जो कांग्रेस से आए हैं। उसमें चाहे पश्चिमी विधानसभा से जीते गुरप्रीत गोगी की हो तो चाहे उत्तरी से मदन लाल बग्गा हो। हलका सेंट्रल की बात करें तो अशोक पराशर पप्पी कांग्रेस से गए हैं आत्म नगर से नए बने विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू कांग्रेस से आए है। दलजीत सिंह गरेवाल कांग्रेस से ही वापस आप में आए हैं।
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शहरी इलाके से भोला गरेवाल और बग्गा जता रहे है प्रमुख दावेदारी
अगर शहरी इलाकों की बात की जाए तो छह के छह नए विधायक है। इन छह में से सबसे प्रमुख दावेदारी दलजीत सिंह गरेवाल भोला और उत्तरी से विधायक मदन लाल बग्गा दावेदारी जता रहे है। दलजीत सिंह गरेवाल पहले भी आप की टिकट पर चुनाव लड़ चुके है और आप के जिला प्रधान भी रह चुके है। वह कुछ समय कांग्रेस में रहने के बाद फिर आप में लौट आए थे और टिकट लेने में भी कामयाब रहे। उसके बाद चुनाव लड़ा और जीत गए। उनके पुराने संपर्क आप के केंद्रीय नेतृत्व में है। जिस कारण वह गोटियां फिट करने में लगे है, जबकि उत्तरी से विधायक मदन लाल बग्गा अकाली दल की सरकार के समय राज्यमंत्री का ओहदा ले चुके है और उत्तरी से उन्होंने सात बार के विधायक राकेश पांडे को हराया है। उनका व्यापारियों के बीच में अच्छा संपर्क है। वह उनके माध्यम से आप में कैबिनेट रैंक पाने के जुगाड़ में है। पश्चिमी हल्के से गुरप्रीत गोगी बस्सी चेयरमैन रह चुके है और उनकी व्यापारियों में अच्छी पैठ है। उन्होंने महानगर के धुरंधर नेता और कैबिनेट मंत्री भारत भूषण आशु को हराया है। इसलिए वह अपनी दावेदारी करने में जुटी है।