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Mohali News: सात माह में 54 से अधिक खतरनाक बदमाश गिरफ्तार, कई गिरोहों की कमर टूटी
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मोहाली। पंजाब में संगठित अपराध खत्म करने के लिए मोहाली पुलिस, स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल और एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स ने बड़ी कार्रवाई की है। वर्ष 2026 के पहले सात महीनों में 54 से अधिक खतरनाक अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें कई कुख्यात गैंगस्टर और उनके सक्रिय गुर्गे शामिल हैं। गिरफ्तार आरोपियों का संबंध डोनी बल, लक्की पटियाल, लॉरेंस बिश्नोई, बंबीहा, पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और गोल्डी ढिल्लों जैसे कई आपराधिक गिरोहों से रहा है। ये अपराधी पंजाब के अलावा हरियाणा, राजस्थान, चंडीगढ़ और अन्य राज्यों में हत्या, रंगदारी, लूट, डकैती, फायरिंग, आर्म्स एक्ट, वाहन लूट और करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी जैसी वारदात में शामिल थे। पुलिस ने इनके कब्जे से अत्याधुनिक हथियार, विदेशी मुद्रा, लग्जरी वाहन, मोबाइल फोन और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है।
ऑपरेशन क्लीन से कमजोर हुए नेटवर्क
वर्ष की शुरुआत से ही कई बड़े ऑपरेशन चलाए गए, जिनमें वांछित गैंगस्टरों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। पूछताछ और विभिन्न राज्यों की जांच एजेंसियों से मिले इनपुट में सामने आया कि ये गिरोह हब एंड स्पोक मॉडल पर काम कर रहे थे। विदेशों में बैठे हैंडलर कनाडा, अमेरिका, थाईलैंड, मलयेशिया और आर्मेनिया जैसे देशों से सोशल मीडिया, इंटरनेट कॉलिंग और एन्क्रिप्टेड एप के जरिये गैंग के सदस्यों को निर्देश दे रहे थे। इन्हीं के इशारे पर रंगदारी मांगने, सुपारी किलिंग, जमीनों पर कब्जे छुड़वाने और हाईवे पर वाहन लूट जैसी वारदात को अंजाम दिया जा रहा था।
मुठभेड़ों से भी कसा शिकंजा
वर्ष 2026 के दौरान मोहाली में पुलिस और गैंगस्टरों के बीच कई मुठभेड़ भी हुईं। पुलिस कार्रवाई के दौरान कुछ वांछित अपराधी घायल हुए, जबकि कई ने पुलिस घेराबंदी के बाद आत्मसमर्पण कर दिया। इन अभियानों में बड़ी मात्रा में हथियार और कारतूस बरामद किए गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लगातार दबाव के कारण कई गैंगों का नेटवर्क कमजोर हुआ है और उनके आर्थिक स्रोतों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
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इन गैंगों पर रहा सबसे ज्यादा फोकस
- लॉरेंस बिश्नोई नेटवर्क से जुड़े सक्रिय मॉड्यूल
-बंबीहा ग्रुप के सहयोगी और लॉजिस्टिक सपोर्ट देने वाले सदस्य
-शहजाद भट्टी गिरोह से जुड़े अपराधी।
-लक्की पटियाल व डोनी बल रंगदारी और हथियार सप्लाई करने वाले स्थानीय मॉड्यूल।
इन मामलों में हुई कार्रवाई
-व्यापारियों और बिल्डरों से रंगदारी मांगने वाले मॉड्यूल का भंडाफोड़।
-अवैध हथियारों की बड़ी खेप बरामद।
- हत्या और हत्या के प्रयास के मामलों में वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी
- हाईवे पर वाहन लूटने वाले गिरोह का पर्दाफाश।
- सुपारी लेकर वारदात करने वाले शूटर गिरफ्तार।
- विदेश में बैठे गैंग संचालकों से जुड़े नेटवर्क का खुलासा।
विदेश से संचालित हो रहा था नेटवर्क
जांच एजेंसियों के अनुसार गिरोहों के कई हैंडलर कनाडा, अमेरिका, थाईलैंड, मलेशिया और आर्मेनिया में बैठकर सोशल मीडिया और इंटरनेट कॉलिंग के जरिए अपराधियों को निर्देश दे रहे थे। पुलिस का दावा है कि वित्तीय लेन-देन, हथियारों की सप्लाई और सुपारी किलिंग की साजिशें भी विदेश से संचालित की जा रही थीं।
संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। अपराधियों की अवैध संपत्तियों, आर्थिक नेटवर्क और विदेश में बैठे हैंडलरों तक पहुंचने के लिए विभिन्न केंद्रीय और राज्य एजेंसियों के साथ समन्वय कर कार्रवाई की जा रही है। लगातार हो रही गिरफ्तारियों और मुठभेड़ों के कारण गैंगस्टर नेटवर्क पर प्रभावी अंकुश लगा है। - हरमनदीप सिंह हंस, एसएसपी मोहाली
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ऑपरेशन क्लीन से कमजोर हुए नेटवर्क
वर्ष की शुरुआत से ही कई बड़े ऑपरेशन चलाए गए, जिनमें वांछित गैंगस्टरों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। पूछताछ और विभिन्न राज्यों की जांच एजेंसियों से मिले इनपुट में सामने आया कि ये गिरोह हब एंड स्पोक मॉडल पर काम कर रहे थे। विदेशों में बैठे हैंडलर कनाडा, अमेरिका, थाईलैंड, मलयेशिया और आर्मेनिया जैसे देशों से सोशल मीडिया, इंटरनेट कॉलिंग और एन्क्रिप्टेड एप के जरिये गैंग के सदस्यों को निर्देश दे रहे थे। इन्हीं के इशारे पर रंगदारी मांगने, सुपारी किलिंग, जमीनों पर कब्जे छुड़वाने और हाईवे पर वाहन लूट जैसी वारदात को अंजाम दिया जा रहा था।
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मुठभेड़ों से भी कसा शिकंजा
वर्ष 2026 के दौरान मोहाली में पुलिस और गैंगस्टरों के बीच कई मुठभेड़ भी हुईं। पुलिस कार्रवाई के दौरान कुछ वांछित अपराधी घायल हुए, जबकि कई ने पुलिस घेराबंदी के बाद आत्मसमर्पण कर दिया। इन अभियानों में बड़ी मात्रा में हथियार और कारतूस बरामद किए गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि लगातार दबाव के कारण कई गैंगों का नेटवर्क कमजोर हुआ है और उनके आर्थिक स्रोतों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
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इन गैंगों पर रहा सबसे ज्यादा फोकस
- लॉरेंस बिश्नोई नेटवर्क से जुड़े सक्रिय मॉड्यूल
-बंबीहा ग्रुप के सहयोगी और लॉजिस्टिक सपोर्ट देने वाले सदस्य
-शहजाद भट्टी गिरोह से जुड़े अपराधी।
-लक्की पटियाल व डोनी बल रंगदारी और हथियार सप्लाई करने वाले स्थानीय मॉड्यूल।
इन मामलों में हुई कार्रवाई
-व्यापारियों और बिल्डरों से रंगदारी मांगने वाले मॉड्यूल का भंडाफोड़।
-अवैध हथियारों की बड़ी खेप बरामद।
- हत्या और हत्या के प्रयास के मामलों में वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी
- हाईवे पर वाहन लूटने वाले गिरोह का पर्दाफाश।
- सुपारी लेकर वारदात करने वाले शूटर गिरफ्तार।
- विदेश में बैठे गैंग संचालकों से जुड़े नेटवर्क का खुलासा।
विदेश से संचालित हो रहा था नेटवर्क
जांच एजेंसियों के अनुसार गिरोहों के कई हैंडलर कनाडा, अमेरिका, थाईलैंड, मलेशिया और आर्मेनिया में बैठकर सोशल मीडिया और इंटरनेट कॉलिंग के जरिए अपराधियों को निर्देश दे रहे थे। पुलिस का दावा है कि वित्तीय लेन-देन, हथियारों की सप्लाई और सुपारी किलिंग की साजिशें भी विदेश से संचालित की जा रही थीं।
संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। अपराधियों की अवैध संपत्तियों, आर्थिक नेटवर्क और विदेश में बैठे हैंडलरों तक पहुंचने के लिए विभिन्न केंद्रीय और राज्य एजेंसियों के साथ समन्वय कर कार्रवाई की जा रही है। लगातार हो रही गिरफ्तारियों और मुठभेड़ों के कारण गैंगस्टर नेटवर्क पर प्रभावी अंकुश लगा है। - हरमनदीप सिंह हंस, एसएसपी मोहाली