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Mohali News: पीरमुछल्ला में प्रस्तावित रेहड़ी-फड़ी बाजार का काम रुकवाया
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निवासियों ने पार्क व सामुदायिक केंद्र बनाने की मांग उठाई, नगर परिषद से मांगी स्पष्टता
संवाद न्यूज एजेंसी
जीरकपुर। पीरमुछल्ला क्षेत्र में आस्था अपार्टमेंट रोड पर प्रस्तावित रेहड़ी-फड़ी बाजार के निर्माण कार्य को स्थानीय निवासियों ने एकजुट होकर रुकवा दिया। लोगों का कहना है कि जिस भूमि पर अस्थायी रेहड़ी-फड़ी बाजार क्षेत्र बनाने की तैयारी की जा रही है, वह पहले से सार्वजनिक उपयोग के लिए आरक्षित है। यहां किसी भी प्रकार का बाजार बनाना नियमों के विरुद्ध है।
निवासियों के अनुसार 21 अक्तूबर 2021 को इस भूमि में से नौ एकड़ क्षेत्र पार्क तथा साढ़े तीन एकड़ क्षेत्र सामुदायिक केंद्र के लिए आरक्षित किया गया था। ऐसे में यहां रेहड़ी-फड़ी बाजार विकसित करना पूर्व निर्णयों की अनदेखी है। लोगों का कहना है कि तेजी से विकसित हो रहे पीरमुछल्ला में हरित क्षेत्र और सामुदायिक सुविधाओं की पहले ही कमी है, इसलिए पार्क और सामुदायिक केंद्र की आवश्यकता अत्यंत महत्वपूर्ण है।
इस संबंध में 27 जनवरी 2026 को प्रधान उदयवीर सिंह ढिल्लों की अध्यक्षता में हुई सदन की बैठक में प्रस्ताव संख्या 34 के तहत स्पष्ट निर्णय लिया गया था कि उक्त भूमि पर केवल पार्क और सामुदायिक केंद्र का निर्माण किया जाएगा। बैठक में पार्क व सामुदायिक केंद्र की चारदीवारी के लिए 75 लाख रुपये तथा सामुदायिक केंद्र के निर्माण के लिए तीन करोड़ रुपये की राशि को मंजूरी भी दी गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब परियोजना के लिए बजट स्वीकृत हो चुका है और आधिकारिक निर्णय भी पारित है, तो फिर रेहड़ी-फड़ी बाजार का कार्य शुरू करना समझ से परे है। उन्होंने संबंधित विभाग से तुरंत स्थिति स्पष्ट करने और स्वीकृत योजना के अनुसार ही विकास कार्य शुरू करने की मांग की है।
इस मुद्दे को लेकर विभिन्न आवासीय समितियों ने संयुक्त रूप से नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी को लिखित शिकायत दी है। समाजसेवी गुरसेवक पूनिया ने भी इस विषय को प्रमुखता से उठाते हुए लोगों की आवाज अधिकारियों तक पहुंचाई है।
निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि आरक्षित भूमि पर किसी अन्य प्रकार का निर्माण कार्य दोबारा शुरू किया गया तो वे लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रखेंगे। उनका कहना है कि वे विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास पूर्व निर्धारित नियमों और निर्णयों के अनुरूप होना चाहिए।
कोट
वहां प्रस्तावित विक्रय क्षेत्र के साथ-साथ पार्क और सामुदायिक केंद्र भी बनाया जाएगा। स्थान पर्याप्त है। इस विषय पर विचार चल रहा है।
- परविंदर सिंह भट्टी, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद
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संवाद न्यूज एजेंसी
जीरकपुर। पीरमुछल्ला क्षेत्र में आस्था अपार्टमेंट रोड पर प्रस्तावित रेहड़ी-फड़ी बाजार के निर्माण कार्य को स्थानीय निवासियों ने एकजुट होकर रुकवा दिया। लोगों का कहना है कि जिस भूमि पर अस्थायी रेहड़ी-फड़ी बाजार क्षेत्र बनाने की तैयारी की जा रही है, वह पहले से सार्वजनिक उपयोग के लिए आरक्षित है। यहां किसी भी प्रकार का बाजार बनाना नियमों के विरुद्ध है।
निवासियों के अनुसार 21 अक्तूबर 2021 को इस भूमि में से नौ एकड़ क्षेत्र पार्क तथा साढ़े तीन एकड़ क्षेत्र सामुदायिक केंद्र के लिए आरक्षित किया गया था। ऐसे में यहां रेहड़ी-फड़ी बाजार विकसित करना पूर्व निर्णयों की अनदेखी है। लोगों का कहना है कि तेजी से विकसित हो रहे पीरमुछल्ला में हरित क्षेत्र और सामुदायिक सुविधाओं की पहले ही कमी है, इसलिए पार्क और सामुदायिक केंद्र की आवश्यकता अत्यंत महत्वपूर्ण है।
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इस संबंध में 27 जनवरी 2026 को प्रधान उदयवीर सिंह ढिल्लों की अध्यक्षता में हुई सदन की बैठक में प्रस्ताव संख्या 34 के तहत स्पष्ट निर्णय लिया गया था कि उक्त भूमि पर केवल पार्क और सामुदायिक केंद्र का निर्माण किया जाएगा। बैठक में पार्क व सामुदायिक केंद्र की चारदीवारी के लिए 75 लाख रुपये तथा सामुदायिक केंद्र के निर्माण के लिए तीन करोड़ रुपये की राशि को मंजूरी भी दी गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब परियोजना के लिए बजट स्वीकृत हो चुका है और आधिकारिक निर्णय भी पारित है, तो फिर रेहड़ी-फड़ी बाजार का कार्य शुरू करना समझ से परे है। उन्होंने संबंधित विभाग से तुरंत स्थिति स्पष्ट करने और स्वीकृत योजना के अनुसार ही विकास कार्य शुरू करने की मांग की है।
इस मुद्दे को लेकर विभिन्न आवासीय समितियों ने संयुक्त रूप से नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी को लिखित शिकायत दी है। समाजसेवी गुरसेवक पूनिया ने भी इस विषय को प्रमुखता से उठाते हुए लोगों की आवाज अधिकारियों तक पहुंचाई है।
निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि आरक्षित भूमि पर किसी अन्य प्रकार का निर्माण कार्य दोबारा शुरू किया गया तो वे लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रखेंगे। उनका कहना है कि वे विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास पूर्व निर्धारित नियमों और निर्णयों के अनुरूप होना चाहिए।
कोट
वहां प्रस्तावित विक्रय क्षेत्र के साथ-साथ पार्क और सामुदायिक केंद्र भी बनाया जाएगा। स्थान पर्याप्त है। इस विषय पर विचार चल रहा है।
- परविंदर सिंह भट्टी, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद