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'पेपर लीक से टूटा भरोसा': राहुल गांधी के संवाद के बाद एक्टिव हुए पायलट; कहा- एसआई भर्ती में बंद हो इंटरव्यू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: जयपुर ब्यूरो
Updated Fri, 19 Jun 2026 11:01 AM IST
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सार
कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने राजस्थान में पेपर लीक, भर्ती परीक्षाओं में अनियमितताओं और युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि बार-बार होने वाली गड़बड़ियों से युवाओं का भरोसा टूट रहा है। पायलट ने एसआई भर्ती में इंटरव्यू खत्म कर मेरिट आधारित चयन प्रणाली लागू करने की मांग की।
सचिन पायलट
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
राजस्थान में भर्ती परीक्षाओं और पेपर लीक के मुद्दे पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट ने एक बार फिर युवाओं की आवाज बुलंद की है। कोटा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के विद्यार्थियों के साथ हुए संवाद के बाद पायलट ने शिक्षा व्यवस्था, भर्ती प्रक्रियाओं और रोजगार से जुड़े सवालों पर सरकार से जवाबदेह और पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
सचिन पायलट ने कहा कि कोटा में राहुल गांधी ने हजारों विद्यार्थियों के बीच शिक्षा और रोजगार से जुड़े जिन मुद्दों को उठाया, वे देशभर के युवाओं की वास्तविक चिंताओं को सामने लाते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं, कोचिंग संस्थानों और निजी शिक्षा व्यवस्था का सबसे अधिक आर्थिक और मानसिक दबाव मध्यमवर्गीय तथा ग्रामीण परिवारों पर पड़ता है। पायलट ने कहा कि लाखों रुपये खर्च करने और वर्षों तक कठिन तैयारी करने के बावजूद बड़ी संख्या में युवाओं को सफलता नहीं मिल पाती। ऐसे में उनके सामने रोजगार और भविष्य को लेकर असमंजस की स्थिति पैदा हो जाती है।
पेपर लीक से युवाओं का व्यवस्था पर भरोसा कम हुआ
कांग्रेस नेता ने कहा कि जब विद्यार्थी वर्षों की मेहनत के बाद परीक्षा देते हैं और फिर पेपर लीक, परीक्षा रद्द होने, मूल्यांकन में गड़बड़ी या अन्य अनियमितताओं का सामना करते हैं, तो उनके मन में व्यवस्था के प्रति अविश्वास पैदा होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि कई मामलों में युवा मानसिक तनाव का शिकार हो जाते हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है। पिछले कुछ वर्षों में लगातार सामने आई पेपर लीक की घटनाओं ने परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े किए हैं।
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पायलट ने कहा कि परीक्षा के बाद प्रश्न हटाने, मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी और भर्ती नियमों में बार-बार बदलाव से विद्यार्थियों के बीच भ्रम की स्थिति बनी है। युवाओं को यह भरोसा मिलना चाहिए कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और जवाबदेह है।
ये भी पढ़ें- डमी परीक्षार्थियों से दिलवाई परीक्षा, 15 लाख में हुआ था सौदा; SOG ने चयनित अभ्यर्थी समेत दो को किया गिरफ्तार
एसआई भर्ती में इंटरव्यू खत्म करने की मांग
सचिन पायलट ने सब-इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती परीक्षा का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के लगभग 14 से 15 राज्यों में एसआई भर्ती से इंटरव्यू की व्यवस्था समाप्त की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में जितने कम इंटरव्यू होंगे, अनियमितताओं और हस्तक्षेप की संभावनाएं भी उतनी ही कम होंगी। पायलट ने सवाल उठाया कि जब कई राज्यों में मेरिट आधारित चयन प्रणाली सफलतापूर्वक लागू है, तो राजस्थान में अब तक इंटरव्यू व्यवस्था क्यों जारी है। उन्होंने राज्य सरकार से एसआई भर्ती में इंटरव्यू समाप्त कर केवल मेरिट आधारित चयन प्रक्रिया लागू करने की मांग की, ताकि युवाओं का विश्वास बहाल हो सके और भर्ती प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बन सके।
सचिन पायलट ने कहा कि कोटा में राहुल गांधी ने हजारों विद्यार्थियों के बीच शिक्षा और रोजगार से जुड़े जिन मुद्दों को उठाया, वे देशभर के युवाओं की वास्तविक चिंताओं को सामने लाते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं, कोचिंग संस्थानों और निजी शिक्षा व्यवस्था का सबसे अधिक आर्थिक और मानसिक दबाव मध्यमवर्गीय तथा ग्रामीण परिवारों पर पड़ता है। पायलट ने कहा कि लाखों रुपये खर्च करने और वर्षों तक कठिन तैयारी करने के बावजूद बड़ी संख्या में युवाओं को सफलता नहीं मिल पाती। ऐसे में उनके सामने रोजगार और भविष्य को लेकर असमंजस की स्थिति पैदा हो जाती है।
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पेपर लीक से युवाओं का व्यवस्था पर भरोसा कम हुआ
कांग्रेस नेता ने कहा कि जब विद्यार्थी वर्षों की मेहनत के बाद परीक्षा देते हैं और फिर पेपर लीक, परीक्षा रद्द होने, मूल्यांकन में गड़बड़ी या अन्य अनियमितताओं का सामना करते हैं, तो उनके मन में व्यवस्था के प्रति अविश्वास पैदा होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि कई मामलों में युवा मानसिक तनाव का शिकार हो जाते हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है। पिछले कुछ वर्षों में लगातार सामने आई पेपर लीक की घटनाओं ने परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े किए हैं।
पायलट ने कहा कि परीक्षा के बाद प्रश्न हटाने, मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी और भर्ती नियमों में बार-बार बदलाव से विद्यार्थियों के बीच भ्रम की स्थिति बनी है। युवाओं को यह भरोसा मिलना चाहिए कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और जवाबदेह है।
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एसआई भर्ती में इंटरव्यू खत्म करने की मांग
सचिन पायलट ने सब-इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती परीक्षा का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के लगभग 14 से 15 राज्यों में एसआई भर्ती से इंटरव्यू की व्यवस्था समाप्त की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में जितने कम इंटरव्यू होंगे, अनियमितताओं और हस्तक्षेप की संभावनाएं भी उतनी ही कम होंगी। पायलट ने सवाल उठाया कि जब कई राज्यों में मेरिट आधारित चयन प्रणाली सफलतापूर्वक लागू है, तो राजस्थान में अब तक इंटरव्यू व्यवस्था क्यों जारी है। उन्होंने राज्य सरकार से एसआई भर्ती में इंटरव्यू समाप्त कर केवल मेरिट आधारित चयन प्रक्रिया लागू करने की मांग की, ताकि युवाओं का विश्वास बहाल हो सके और भर्ती प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बन सके।