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Himachal Weather Alert: 4 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, 12 जुलाई तक पूरे प्रदेश में सक्रिय रहेगा मानसून
Tue, 07 Jul 2026 10:13 AM IST
Ankesh Dogra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Ankesh Dogra
Updated Tue, 07 Jul 2026 10:13 AM IST
सार
IMD Weather Alert : हिमाचल प्रदेश में कांगड़ा, मंडी, शिमला और सोलन के लिए भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने 12 जुलाई तक प्रदेशभर में मानसून सक्रिय रहने, कई जिलों में भारी बारिश, आंधी, बिजली और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है। लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन की सलाह मानने को कहा गया है। पढ़ें पूरी खबर...
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रिज मैदान शिमला।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश में मानसून का प्रभाव अगले कई दिनों तक बना रहने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के शिमला केंद्र ने राज्य के कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है, जिसके चलते जनजीवन पर असर पड़ने की आशंका है।
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अलर्ट जारी: ऑरेंज और येलो का प्रभाव
आईएमडी शिमला ने मंगलवार को कांगड़ा, मंडी, शिमला और सोलन जिलों के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं, बिलासपुर और सिरमौर जिलों के लिए येलो अलर्ट प्रभावी है। यह अलर्ट दर्शाता है कि इन क्षेत्रों में मौसम की स्थिति गंभीर हो सकती है और एहतियाती कदम उठाना आवश्यक है।
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बारिश का पूर्वानुमान: अगले 12 जुलाई तक अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार, 8 से 10 जुलाई तक मंडी, शिमला, सोलन, सिरमौर, चंबा और कांगड़ा जिलों में भारी बारिश की आशंका को देखते हुए येलो अलर्ट जारी रहेगा। इसके अतिरिक्त, 12 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है, और कई स्थानों पर भारी वर्षा भी हो सकती है।
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मौसम विभाग ने विशेष रूप से 6 और 7 जुलाई को प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना जताई है। इसके बाद, 8, 9, 10, 11 और 12 जुलाई को भी अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है।
आंधी-तूफान का भी खतरा
बारिश के साथ-साथ, राज्य के कई हिस्सों में आंधी, बिजली चमकने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। किन्नौर और लाहौल-स्पीति जैसे पहाड़ी इलाकों में भी इसी अवधि के दौरान तेज हवाएं चलने की आशंका है, जो स्थानीय निवासियों और पर्यटकों के लिए अतिरिक्त चिंता का विषय हो सकती है।
पिछले 24 घंटों का हाल
पिछले 24 घंटों के दौरान, प्रदेश के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, जबकि कुछ स्थानों पर भारी वर्षा भी हुई। सबसे अधिक 10 सेंटीमीटर बारिश मंडी जिले के जोगिंद्रनगर में रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा, कांगड़ा एयरो में 7 सेमी, सैंडहोल (मंडी) में 5 सेमी, बंगाणा (ऊना) में 4 सेमी तथा पालमपुर, भरवाईं, सलूणी, सराहन, रोहड़ू और धर्मशाला में 3-3 सेमी वर्षा दर्ज की गई।
संभावित खतरे और सलाह
मौसम विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन, निचले इलाकों में जलभराव, फिसलन भरी सड़कों और यातायात बाधित होने की आशंका जताई है। इन संभावित खतरों को देखते हुए, लोगों को नदी-नालों से दूर रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन द्वारा जारी की गई एडवाइजरी का कड़ाई से पालन करने की सलाह दी गई है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा से पहले मौसम की नवीनतम जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें।
पिछले 24 घंटों के दौरान, प्रदेश के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, जबकि कुछ स्थानों पर भारी वर्षा भी हुई। सबसे अधिक 10 सेंटीमीटर बारिश मंडी जिले के जोगिंद्रनगर में रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा, कांगड़ा एयरो में 7 सेमी, सैंडहोल (मंडी) में 5 सेमी, बंगाणा (ऊना) में 4 सेमी तथा पालमपुर, भरवाईं, सलूणी, सराहन, रोहड़ू और धर्मशाला में 3-3 सेमी वर्षा दर्ज की गई।
संभावित खतरे और सलाह
मौसम विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन, निचले इलाकों में जलभराव, फिसलन भरी सड़कों और यातायात बाधित होने की आशंका जताई है। इन संभावित खतरों को देखते हुए, लोगों को नदी-नालों से दूर रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन द्वारा जारी की गई एडवाइजरी का कड़ाई से पालन करने की सलाह दी गई है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा से पहले मौसम की नवीनतम जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें।