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Shimla News: शहर के चक्कर और एमएलए क्रॉसिंग पर बनेंगे दो नए फ्लाईओवर
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शिमला-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर नहीं रुकेगी गाड़ियों की रफ्तार, रोज लगने वाले यातायात जाम से मिलेगी राहत
एनओसी और एफसीए प्रथम चरण की प्रक्रिया पूरी
22,00 करोड़ रुपये से होगा दोनों फ्लाईओवरों का निर्माण
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी शिमला में ट्रैफिक जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 2,200 करोड़ रुपये की परियोजना के तहत चक्कर बाइफरकेशन और एमएलए क्रॉसिंग पर दो नए फ्लाईओवर बनेंगे।
इन फ्लाईओवरों के बनने से शिमला-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग, मंडी-बिलासपुर की ओर जाने वाले एनएच-205 तथा बालूगंज मार्ग पर यातायात अधिक सुगम होगा तथा रोजाना लगने वाले जाम से राहत मिलेगी। हिमाचल प्रदेश रोड एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एचपीआरआईडीसी) ने दोनों परियोजनाओं की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर ली है। निर्माण के लिए आवश्यक मंजूरियों और एनओसी की करीब 80 प्रतिशत प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। विधानसभा चौक पर निर्माणाधीन फ्लाईओवर के इस वर्ष दिसंबर तक पूरा होने के बाद इन दोनों फ्लाईओवरों का निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी है।
एशियन डेवलपमेंट बैंक (एडीबी) से वित्तपोषित इन परियोजनाओं के लिए सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) और केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) प्राप्त हो चुके हैं। वन संरक्षण अधिनियम (एफसीए) के प्रथम चरण की प्रक्रिया भी पूरी कर ली है, जबकि वनाधिकार अधिनियम (एफआरए) के तहत मंजूरी के लिए जिला प्रशासन को आवेदन भेजा जा चुका है।
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चक्कर क्रॉसिंग पर 151 मीटर लंबा और आठ मीटर चौड़ा फ्लाईओवर बनाया जाएगा। इससे एक समय में दोनों दिशाओं में वाहनों का आवागमन संभव होगा। यह फ्लाईओवर मनोरोग अस्पताल जाने वाली सड़क से चक्कर सड़क के पहले मोड़ तक बनेगा। इसकी ऊंचाई 5.5 मीटर होगी। परियोजना के लिए बीआरओ से कुछ शर्तों के साथ एनओसी मिल चुकी है। लगभग 180 वर्ग मीटर भूमि के उपयोग के बदले बीआरओ को राशि का भुगतान करने की प्रक्रिया भी जल्द पूरी की जाएगी।
एमएलए क्रॉसिंग फ्लाईओवर 199 मीटर लंबा होगा
बालूगंज-एमएलए क्रॉसिंग पर प्रस्तावित फ्लाईओवर 199 मीटर लंबा और आठ मीटर चौड़ा होगा। इसका निर्माण एमएलए क्रॉसिंग स्थित वर्षा शालिका के पास से सीपीडब्ल्यूडी कॉलोनी की ओर जाने वाले मार्ग से किया जाएगा। इसके लिए सीपीडब्ल्यूडी से एनओसी मिल चुकी है। एफसीए के प्रथम चरण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि एफआरए की अंतिम मंजूरी मिलना अभी शेष है।
आवश्यक मंजूरियों की प्रक्रिया अंतिम चरण में
एचपीआरआईडीसी के निदेशक (प्रोजेक्ट्स) पवन शर्मा ने बताया कि विधानसभा फ्लाईओवर का निर्माण पूरा होने के बाद चक्कर क्रॉसिंग और बालूगंज-एमएलए क्रॉसिंग फ्लाईओवरों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। फ्लाईओवरों का निर्माण शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
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एनओसी और एफसीए प्रथम चरण की प्रक्रिया पूरी
22,00 करोड़ रुपये से होगा दोनों फ्लाईओवरों का निर्माण
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी शिमला में ट्रैफिक जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 2,200 करोड़ रुपये की परियोजना के तहत चक्कर बाइफरकेशन और एमएलए क्रॉसिंग पर दो नए फ्लाईओवर बनेंगे।
इन फ्लाईओवरों के बनने से शिमला-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग, मंडी-बिलासपुर की ओर जाने वाले एनएच-205 तथा बालूगंज मार्ग पर यातायात अधिक सुगम होगा तथा रोजाना लगने वाले जाम से राहत मिलेगी। हिमाचल प्रदेश रोड एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एचपीआरआईडीसी) ने दोनों परियोजनाओं की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर ली है। निर्माण के लिए आवश्यक मंजूरियों और एनओसी की करीब 80 प्रतिशत प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। विधानसभा चौक पर निर्माणाधीन फ्लाईओवर के इस वर्ष दिसंबर तक पूरा होने के बाद इन दोनों फ्लाईओवरों का निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी है।
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एशियन डेवलपमेंट बैंक (एडीबी) से वित्तपोषित इन परियोजनाओं के लिए सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) और केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) प्राप्त हो चुके हैं। वन संरक्षण अधिनियम (एफसीए) के प्रथम चरण की प्रक्रिया भी पूरी कर ली है, जबकि वनाधिकार अधिनियम (एफआरए) के तहत मंजूरी के लिए जिला प्रशासन को आवेदन भेजा जा चुका है।
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चक्कर क्रॉसिंग पर 151 मीटर लंबा और आठ मीटर चौड़ा फ्लाईओवर बनाया जाएगा। इससे एक समय में दोनों दिशाओं में वाहनों का आवागमन संभव होगा। यह फ्लाईओवर मनोरोग अस्पताल जाने वाली सड़क से चक्कर सड़क के पहले मोड़ तक बनेगा। इसकी ऊंचाई 5.5 मीटर होगी। परियोजना के लिए बीआरओ से कुछ शर्तों के साथ एनओसी मिल चुकी है। लगभग 180 वर्ग मीटर भूमि के उपयोग के बदले बीआरओ को राशि का भुगतान करने की प्रक्रिया भी जल्द पूरी की जाएगी।
एमएलए क्रॉसिंग फ्लाईओवर 199 मीटर लंबा होगा
बालूगंज-एमएलए क्रॉसिंग पर प्रस्तावित फ्लाईओवर 199 मीटर लंबा और आठ मीटर चौड़ा होगा। इसका निर्माण एमएलए क्रॉसिंग स्थित वर्षा शालिका के पास से सीपीडब्ल्यूडी कॉलोनी की ओर जाने वाले मार्ग से किया जाएगा। इसके लिए सीपीडब्ल्यूडी से एनओसी मिल चुकी है। एफसीए के प्रथम चरण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि एफआरए की अंतिम मंजूरी मिलना अभी शेष है।
आवश्यक मंजूरियों की प्रक्रिया अंतिम चरण में
एचपीआरआईडीसी के निदेशक (प्रोजेक्ट्स) पवन शर्मा ने बताया कि विधानसभा फ्लाईओवर का निर्माण पूरा होने के बाद चक्कर क्रॉसिंग और बालूगंज-एमएलए क्रॉसिंग फ्लाईओवरों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। फ्लाईओवरों का निर्माण शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।