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Explainer: कोच, खिलाड़ी से फुटबॉल संघ के अध्यक्ष तक, फीफा विश्व कप के दौरान लगी इस्तीफों-संन्यास की झड़ी
Mon, 06 Jul 2026 10:23 AM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र
स्पेशल डेस्क, अमर उजाला
स्पेशल डेस्क, अमर उजाला
Published by: कीर्तिवर्धन मिश्र
Updated Mon, 06 Jul 2026 10:23 AM IST
सार
फीफा फुटबॉल विश्व कप 2026 में कई टीमें ग्रुप स्टेज और फिर नॉकआउट दौर में हार कर कई टीमें बाहर हो चुकी हैं। इनमें अल्जीरिया, ट्यूनीशिया जैसी कुछ छोटी टीमों से लेकर जर्मनी, नीदरलैंड्स जैसी कई बड़ी टीमें भी शामिल हैं। इन हार का असर यह हुआ है कि इन देशों में फुटबॉल फैंस के बीच टीमों को लेकर भारी गुस्सा दिखा और अंततः खराब प्रदर्शन के लिए खिलाड़ियों या प्रबंधन पर गाज गिरी है।
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फीफा विश्व कप 2026।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
फुटबॉल विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ 16 का दौर जारी है। 10 जुलाई से क्वार्टर फाइनल (टॉप-8) मुकाबलों का दौर शुरू होना है। हालांकि, इससे पहले ही ग्रुप स्टेज और फिर नॉकआउट दौर में हार कर कई टीमें बाहर हो चुकी हैं। इनमें अल्जीरिया, ट्यूनीशिया जैसी कुछ छोटी टीमों से लेकर जर्मनी, नीदरलैंड्स, ब्राजील जैसी कई बड़ी टीमें भी शामिल हैं। विश्व कप में कई आस लेकर आईं इन टीमों के जल्दी बाहर होने का असर यह हुआ है कि इनके खिलाड़ियों से लेकर कोच यानी मैनेजर और आला-अधिकारियों तक के इस्तीफों की खबरें सामने आ रही हैं। इतना ही नहीं खिलाड़ी संन्यास तक का एलान कर चुके हैं।
ऐसे में यह जानना अहम है कि आखिर फीफा विश्व कप के बीच अब तक कितन देश की टीमों में उथल-पुथल देखी गई है? किन टीमों के कोच-मैनेजर अपने पदों को छोड़ने का एलान कर चुके हैं? कहां खेल संघ के प्रमुख ने ही हार की जिम्मेदारी लेते हुए अपना पद छोड़ दिया? कितने खिलाड़ी अब तक इस्तीफा दे चुके हैं या संन्यास की घोषणा कर चुके हैं? इन सब घटनाक्रमों की वजह क्या रही है? आइये जानते हैं...
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ऐसे में यह जानना अहम है कि आखिर फीफा विश्व कप के बीच अब तक कितन देश की टीमों में उथल-पुथल देखी गई है? किन टीमों के कोच-मैनेजर अपने पदों को छोड़ने का एलान कर चुके हैं? कहां खेल संघ के प्रमुख ने ही हार की जिम्मेदारी लेते हुए अपना पद छोड़ दिया? कितने खिलाड़ी अब तक इस्तीफा दे चुके हैं या संन्यास की घोषणा कर चुके हैं? इन सब घटनाक्रमों की वजह क्या रही है? आइये जानते हैं...
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फीफा विश्व कप की हार के बाद किन देशों में पैदा हुए विवाद?
दक्षिण कोरिया: टीम के ग्रुप स्टेज से बाहर होने के बाद भारी हंगामा हुआ है। देश के राष्ट्रपति ली जे म्युंग ने इस निराशाजनक प्रदर्शन की जांच की मांग की और फुटबॉल एसोसिएशन पर टीम चयन में पक्षपात और भाई-भतीजावाद का गंभीर आरोप लगाया। प्रशंसकों का गुस्सा इस कदर बढ़ गया कि कोच होंग को ऑनलाइन जान से मारने की धमकियां मिलीं, जिसके बाद पुलिस को सुरक्षा कड़ी करनी पड़ी।सेनेगल: बेल्जियम से मिली हार के बाद सेनेगल की टीम को वेतन-बोनस का भुगतान न होने, मुख्य कोच और फेडरेशन के बीच अनुबंध को लेकर विवाद, और टीम के आवास पर खाने-पीने की खराब व्यवस्था से जुड़ी अफवाहों ने टीम के विश्व कप से बाहर होने विवाद को और गहरा कर दिया।
हार से निराश दक्षिण कोरिया के फैंस
- फोटो : FIFA.COM
नीदरलैंड्स: पेनल्टी शूटआउट में हार के बाद पेनल्टी मिस करने वाले तीन डच खिलाड़ियों- जस्टिन क्लुइवर्ट, क्विंटन टिम्बर और क्रिसेंसियो समरविल को सोशल मीडिया पर नस्लवादी और नफरत भरी टिप्पणियों का शिकार होना पड़ा। इस विवाद पर कड़ा रुख अपनाते हुए डच फुटबॉल एसोसिएशन (केएनवीबी) ने दुर्व्यवहार करने वालों के खिलाफ आपराधिक आरोप दर्ज करने की बात कही है। विश्लेषकों ने कोच रोनाल्ड कोमैन की अत्यधिक रक्षात्मक रणनीतियों की भी कड़ी आलोचना की है और विरोध दर्ज कराया है।
चेक गणराज्य: विश्व कप से जल्दी बाहर होने पर कोच मिरोस्लाव कोउबेक अपने खिलाफ आधे-सत्य और मनगढ़ंत बातों पर आधारित एक मीडिया अभियान चलाए जाने का आरोप लगाया है। इसके साथ ही टीम के कप्तान लादिस्लाव क्रेजसी ने खुलेआम फुटबॉल एसोसिएशन की प्रबंधन शैली और टीम के प्रदर्शन पर गहरी निराशा व्यक्त की।
जर्मनी: कोच यूलियन नगेल्समैन पर एक मजबूत टीम होने के बावजूद कोई स्पष्ट सामरिक दिशा न दिखाने के आरोप लगे और उनकी काफी आलोचना हुई। यह विवाद तब और बढ़ गया जब जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने सोशल मीडिया पर टीम के बाहर होने को निराशाजनक तो बताया लेकिन मैच को शानदार बताते हुए खिलाड़ियों के संघर्ष की तारीफ की, जिससे प्रशंसकों का गुस्सा और ज्यादा भड़क गया।
चेक गणराज्य: विश्व कप से जल्दी बाहर होने पर कोच मिरोस्लाव कोउबेक अपने खिलाफ आधे-सत्य और मनगढ़ंत बातों पर आधारित एक मीडिया अभियान चलाए जाने का आरोप लगाया है। इसके साथ ही टीम के कप्तान लादिस्लाव क्रेजसी ने खुलेआम फुटबॉल एसोसिएशन की प्रबंधन शैली और टीम के प्रदर्शन पर गहरी निराशा व्यक्त की।
जर्मनी: कोच यूलियन नगेल्समैन पर एक मजबूत टीम होने के बावजूद कोई स्पष्ट सामरिक दिशा न दिखाने के आरोप लगे और उनकी काफी आलोचना हुई। यह विवाद तब और बढ़ गया जब जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने सोशल मीडिया पर टीम के बाहर होने को निराशाजनक तो बताया लेकिन मैच को शानदार बताते हुए खिलाड़ियों के संघर्ष की तारीफ की, जिससे प्रशंसकों का गुस्सा और ज्यादा भड़क गया।
पराग्वे बनाम जर्मनी
- फोटो : FIFA.COM
किन टीमों के कोच-मैनेजर अपने पदों को छोड़ने का एलान कर चुके हैं?
1. ट्यूनीशियाकोच हर्व रेनार्ड ने विश्व कप के दौरान पद संभालने के महज 18 दिन बाद ही अपने पद से इस्तीफा दे दिया। टीम के ग्रुप एफ में अपने तीनों मैच हारने के बाद उन्होंने यह फैसला किया। उनसे पहले कोच साबरी लामौची को पहले मैच में हार के बाद बर्खास्त कर दिया गया था।
2. चेक गणराज्य
कोच मिरोस्लाव कोउबेक ने भी अपने खिलाफ चलाए गए अभियान और विश्व कप से टीम के जल्दी बाहर होने के बाद अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने कहा कि यह फैसला आपसी सहमति से लिया गया है और हार की पूरी जिम्मेदारी ली।
3. इक्वाडोर
मुख्य कोच सेबेस्टियन बेकासेसे ने मैक्सिको के खिलाफ राउंड ऑफ 32 में मिली 2-0 की हार के बाद अपना पद छोड़ दिया। अर्जेंटीना के इस पूर्व खिलाड़ी ने स्पष्ट किया कि उनका अनुबंध विश्व कप के साथ ही समाप्त हो गया है और वे देश को सर्वश्रेष्ठ फिनिश दिलाने का अपना वादा पूरा नहीं कर सके।
4. नीदरलैंड
मैनेजर रोनाल्ड कोमैन ने मोरक्को के खिलाफ राउंड ऑफ 32 में पेनल्टी शूटआउट में हारने के बाद इस्तीफा दे दिया। उन्होंने टीम के प्रदर्शन पर गहरी निराशा व्यक्त की और साथ ही अपनी पत्नी के ब्रेस्ट कैंसर से जूझने के कारण परिवार और स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने की बात कही।
5. दक्षिण कोरिया
कोच होंग म्युंग-बो ने टीम के नॉकआउट चरण में न पहुंच पाने के कारण पद छोड़ दिया। प्रशंसकों के भारी गुस्से, विरोध प्रदर्शनों और राष्ट्रपति द्वारा टीम के खराब प्रदर्शन की जांच की मांग के बीच उन्होंने इस विफलता की पूरी जिम्मेदारी अपने ऊपर ली।
6. स्कॉटलैंड
मैनेजर स्टीव क्लार्क ने सात साल तक टीम का नेतृत्व करने के बाद अपने पद से इस्तीफा दे दिया। टीम ग्रुप सी में एक जीत और दो हार के साथ तीसरे स्थान पर रही थी और नॉकआउट में जगह बनाने से चूक गई थी।
7, जर्मनी
मैनेजर यूलियन नगेल्समैन ने पराग्वे के हाथों राउंड ऑफ 32 में मिली चौंकाने वाली हार के बाद जर्मन फुटबॉल फेडरेशन के अनुरोध पर इस्तीफा दे दिया। उनकी जगह ब्रिटेन की प्रीमियर लीग में लिवरपूल को चैंपियन बनाने वाले यॉर्गेन क्लॉप के जर्मन टीम के मैनेज का पद संभालने की प्रबल संभावना है।
मैनेजर रोनाल्ड कोमैन ने मोरक्को के खिलाफ राउंड ऑफ 32 में पेनल्टी शूटआउट में हारने के बाद इस्तीफा दे दिया। उन्होंने टीम के प्रदर्शन पर गहरी निराशा व्यक्त की और साथ ही अपनी पत्नी के ब्रेस्ट कैंसर से जूझने के कारण परिवार और स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने की बात कही।
5. दक्षिण कोरिया
कोच होंग म्युंग-बो ने टीम के नॉकआउट चरण में न पहुंच पाने के कारण पद छोड़ दिया। प्रशंसकों के भारी गुस्से, विरोध प्रदर्शनों और राष्ट्रपति द्वारा टीम के खराब प्रदर्शन की जांच की मांग के बीच उन्होंने इस विफलता की पूरी जिम्मेदारी अपने ऊपर ली।
6. स्कॉटलैंड
मैनेजर स्टीव क्लार्क ने सात साल तक टीम का नेतृत्व करने के बाद अपने पद से इस्तीफा दे दिया। टीम ग्रुप सी में एक जीत और दो हार के साथ तीसरे स्थान पर रही थी और नॉकआउट में जगह बनाने से चूक गई थी।
7, जर्मनी
मैनेजर यूलियन नगेल्समैन ने पराग्वे के हाथों राउंड ऑफ 32 में मिली चौंकाने वाली हार के बाद जर्मन फुटबॉल फेडरेशन के अनुरोध पर इस्तीफा दे दिया। उनकी जगह ब्रिटेन की प्रीमियर लीग में लिवरपूल को चैंपियन बनाने वाले यॉर्गेन क्लॉप के जर्मन टीम के मैनेज का पद संभालने की प्रबल संभावना है।
जर्मनी के फुटबॉल मैनेजर रहे यूलियन।
- फोटो : अमर उजाला
किन टीमों के खिलाड़ियों ने प्रदर्शन पर निराशा जताते हुए संन्यास लिया?
ब्राजील: ब्राजील का छठी बार विश्व चैंपियन बनने का सपना राउंड ऑफ 16 में ही टूट गया। नॉर्वे ने रोमांचक मुकाबले में पांच बार की विश्व विजेता टीम को 2-1 से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। हार के कुछ ही देर बाद ब्राजील के दिग्गज फुटबॉलर नेमार ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास लेने का एलान कर दिया। मैच के बाद भावुक नेमार ने अपने फैसले की घोषणा करते हुए कहा, 'मैंने पूरी कोशिश की, मैंने पूरी कोशिश की। अब सब खत्म हो गया। मैंने यहीं से शुरुआत की थी और यहीं मेरा सफर खत्म हुआ।' नेमार ब्राजील की हार के बाद मैदान पर ही फूट फूटकर रोने लगे। उन्हें रापिन्हा और मार्क्विनहोस ने फिर शांत कराया। हालांकि, नेमार रोते-रोते ही ड्रेसिंग रूम में जाते दिखे। नेमार ब्राजील के दिग्गजों में से एक रहे हैं। चोट से उनका करियर प्रभावित रहा।ये भी पढ़ें: Neymar Retires: नेमार ने इंटरनेशनल फुटबॉल को कहा अलविदा, नॉर्वे से हार के साथ खत्म हुआ सुनहरा सफर
सेनेगल: मिडफील्डर पापे गुये ने बेल्जियम से हार के बाद अनिश्चित काल के लिए राष्ट्रीय टीम छोड़ दी है। वह मौजूदा तकनीकी स्टाफ से इतने नाराज हैं कि उन्होंने साफ कह दिया है कि जब तक इस स्टाफ को हटाया नहीं जाता, वह टीम में वापस नहीं लौटेंगे। उनकी यह नाराजगी मैच के दौरान उन्हें मैदान से बाहर (सब्स्टीट्यूट) बुलाने के फैसले, भुगतान न होने और टीम मैनेजमेंट की खराब व्यवस्थाओं के कारण थी।
नेमार फूटफूटकर रो पड़े
- फोटो : Twitter
चेक गणराज्य: स्ट्राइकर पैट्रिक शिक ने विश्व कप के ग्रुप स्टेज से ही बाहर होने के बाद अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास की घोषणा कर दी। अपने अंतिम मैच की स्टार्टिंग लाइन-अप से बाहर (ड्रॉप) किए जाने के बाद उन्होंने चेक फुटबॉल के हालिया प्रदर्शन और दिशा पर गहरी हताशा व्यक्त की और कहा कि टीम की क्षमता इससे कहीं अधिक है, लेकिन वह उसे दिखा नहीं पा रही है।
अल्जीरिया: कप्तान रियाद महरेज ने स्विट्जरलैंड से 2-0 की हार के बाद संन्यास ले लिया। उन्होंने टीम द्वारा की गई गलतियों पर भारी निराशा जताई और कहा कि इतने बड़े स्तर पर छोटी गलतियों की भी भारी कीमत चुकानी पड़ती है।
इनके अलावा जर्मनी के मैनुअल न्यूअर और इक्वाडोर के एनर वालेंसिया ने भी अपनी-अपनी टीमों के जल्द बाहर होने और उम्मीदों पर खरा न उतरने से भावुक और निराश होकर अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल को अलविदा कह दिया है।
अल्जीरिया: कप्तान रियाद महरेज ने स्विट्जरलैंड से 2-0 की हार के बाद संन्यास ले लिया। उन्होंने टीम द्वारा की गई गलतियों पर भारी निराशा जताई और कहा कि इतने बड़े स्तर पर छोटी गलतियों की भी भारी कीमत चुकानी पड़ती है।
इनके अलावा जर्मनी के मैनुअल न्यूअर और इक्वाडोर के एनर वालेंसिया ने भी अपनी-अपनी टीमों के जल्द बाहर होने और उम्मीदों पर खरा न उतरने से भावुक और निराश होकर अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल को अलविदा कह दिया है।