शाहजहांपुर। श्री रामचंद्र मिशन के अध्यक्ष और हार्टफुलनेस मेडीटेशन के वैश्विक मार्गदर्शक कमलेश डी.पटेल दाजी के मार्गदर्शन में रामचंद्र मिशन आश्रम में महात्मा रामचंद्र जी महाराज बाबूजी की 127वीं जयंती समारोह का शुभारंभ ध्यान-साधना से हुआ। हजारों अभ्यासियों ने एकात्म भाव से सामूहिक ध्यान कर मानव कल्याण और विश्व शांति के लिए मंगल की कामना की।
इस अवसर पर कमलेश डी.पटेल ने वर्चुअल माध्यम से दिए अपने संदेश में कहा कि दिव्य प्राणाहुति की जीवंत धारा अल्प समय में ही निष्ठापूर्ण दैनिक अभ्यास द्वारा साधक को समाधि की अवस्थाओं तक पहुंचा देती है। यह अमूल्य विद्या कालांतर में लुप्तप्राय हो गई थी, जिसे मिशन के आदि गुरु लाला जी महाराज ने पुन: खोजकर मानवता को प्रदान किया। इस पावन परंपरा को जन-जन तक पहुंचाकर आध्यात्मिक चेतना का वास्तविक संप्रेषण किया।
उन्होंने अभ्यासियों का आह्वान किया कि वे अपने भीतर की जड़ताओं को त्यागकर प्रेम, करुणा और शांति के पथ पर अग्रसर हों और अपने जीवन को साधना का सजीव माध्यम बनाएं। सायंकालीन ध्यान सत्र में भी साधकों ने ध्यान साधना कर वातावरण को अधिक आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण कर दिया। आयोजन में उत्तर प्रदेश प्रभारी अनुपम अग्रवाल, केंद्र प्रभारी सर्वेश चंद्रा, एके गर्ग, आश्रम प्रबंधक प्रमोद कुमार सिंह, राजगोपाल अग्रवाल आदि का सहयोग रहा।