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Almora News: बिना वैकल्पिक व्यवस्था के व्यावसायिक गैस सिलिंडर बंद करने पर आक्रोश
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रानीखेत (अल्मोड़ा)। व्यावसायिक गैस सिलिंडरों को बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के बंद किए जाने व शुक्रवार को अचानक छापेमारी को लेकर रानीखेत के व्यापारियों में भारी नाराजगी देखने को मिली। शनिवार को व्यापारी गैस सेवा कार्यालय रानीखेत पहुंच गए और इस निर्णय के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। व्यापारियों का कहना था कि बिना कोई वैकल्पिक व्यवस्था बनाए व्यावसायिक सिलेंडरों को बंद कर देना गलत है। इससे होटल, रेस्टोरेंट और अन्य व्यवसायों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने मांग की कि पहले वैकल्पिक व्यवस्था बनाई जाए उसके बाद ही किसी प्रकार की कार्रवाई की जाए। इस दौरान व्यापारियों ने यह भी कहा कि बाजार में अनावश्यक छापेमारी कर व्यापारियों का उत्पीड़न न किया जाए। व्यापारियों ने इस मामले को लेकर तहसीलदार दीपिका आर्या से वार्ता की और खाद्य पूर्ति निरीक्षक के सामने भी अपना विरोध दर्ज कराया। वहां दीपक पंत, मनोज पांडेय, कुलदीप कुमार, भगवंत नेगी, सोनू सिद्दीकी, दीपक नेगी आदि मौजूद थे।
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खाद्य पूर्ति निरीक्षक को सुनाई खरी-खोटी
रानीखेत (अल्मोड़ा) व्यावसायिक गैस सिलिंडर के संबंध में व्यापारियों और खाद्य पूर्ति निरीक्षक दीपा पांडेय के बीच तीखी बहस हुई। व्यापारियों ने कहा कि बिना वैकल्पिक व्यवस्था बनाए कार्रवाई करना उचित नहीं है। इस दौरान जब व्यापारियों ने व्यवस्था बनाने की मांग की तो खाद्य पूर्ति निरीक्षक दीपा पांडेय ने दुकानों को बंद करने व कागज नहीं मिलने पर एफआईआर करने की बात कही। इस पर व्यापारियों ने नाराजगी जताई और कहा कि कुछ व्यापारियों को ही छापेमारी में परेशान किया जा रहा है।
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क्या बोले लोग
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बिना कोई वैकल्पिक व्यवस्था किए व्यावसायिक गैस सिलिंडरों पर रोक लगाना उचित नहीं है। इससे होटल और रेस्टोरेंट जैसे छोटे कारोबार प्रभावित हो रहे हैं। प्रशासन को पहले व्यापारियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए। - दीपक पंत, निवर्तमान उपाध्यक्ष, व्यापार मंडल रानीखेत
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कई व्यापारी अपनी रोजमर्रा की आय पर निर्भर हैं। ऐसे में अचानक इस तरह की कार्रवाई से उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो सकता है। प्रशासन को इस मामले में संवेदनशीलता के साथ निर्णय लेना चाहिए। -दीपक कारगेती, क्षेत्र पंचायत सदस्य व सामाजिक कार्यकर्ता
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यदि कोई नई व्यवस्था लागू की जानी है तो उसकी स्पष्ट जानकारी और पर्याप्त समय व्यापारियों को दिया जाना चाहिए ताकि वे अपने कामकाज को उसी अनुसार व्यवस्थित कर सकें। -कुलदीप कुमार, व्यापारी
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व्यापारियों का उत्पीड़न किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन को चाहिए कि व्यापारियों की समस्याओं का समाधान निकालकर ही कोई कार्रवाई करे। -भगवंत नेगी, व्यापारी
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एजेंसी परिसर में लगी उपभोक्ताओं की कतारें
रानीखेत। रानीखेत गैस सर्विस में नगर व आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आए उपभोक्ताओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। सिलिंडर लेने के लिए लोगों को लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं ने नाराजगी जताते हुए बताया कि घंटों लाइन में लगने के बावजूद बिना सिलिंडर लिए ही वापस लौटना पड़ रहा है। उनका कहना है कि ऑनलाइन बुकिंग की व्यवस्था भी सही तरीके से काम नहीं कर रही है। वहीं, बुकिंग कराने के बाद भी वितरण के समय आधार कार्ड मांगे जाने से उपभोक्ताओं में भ्रम की स्थिति बनी हुई है। रानीखेत गैस सर्विस के प्रबंधक सुरेंद्र सिंह जलाल ने बताया कि गैस की आपूर्ति सामान्य रूप से की जा रही है और उपभोक्ताओं को घबराने की आवश्यकता नहीं है। लोग अफवाहों पर ध्यान न दें और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार गैस प्राप्त करें। संवाद
उन्होंने मांग की कि पहले वैकल्पिक व्यवस्था बनाई जाए उसके बाद ही किसी प्रकार की कार्रवाई की जाए। इस दौरान व्यापारियों ने यह भी कहा कि बाजार में अनावश्यक छापेमारी कर व्यापारियों का उत्पीड़न न किया जाए। व्यापारियों ने इस मामले को लेकर तहसीलदार दीपिका आर्या से वार्ता की और खाद्य पूर्ति निरीक्षक के सामने भी अपना विरोध दर्ज कराया। वहां दीपक पंत, मनोज पांडेय, कुलदीप कुमार, भगवंत नेगी, सोनू सिद्दीकी, दीपक नेगी आदि मौजूद थे।
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खाद्य पूर्ति निरीक्षक को सुनाई खरी-खोटी
रानीखेत (अल्मोड़ा) व्यावसायिक गैस सिलिंडर के संबंध में व्यापारियों और खाद्य पूर्ति निरीक्षक दीपा पांडेय के बीच तीखी बहस हुई। व्यापारियों ने कहा कि बिना वैकल्पिक व्यवस्था बनाए कार्रवाई करना उचित नहीं है। इस दौरान जब व्यापारियों ने व्यवस्था बनाने की मांग की तो खाद्य पूर्ति निरीक्षक दीपा पांडेय ने दुकानों को बंद करने व कागज नहीं मिलने पर एफआईआर करने की बात कही। इस पर व्यापारियों ने नाराजगी जताई और कहा कि कुछ व्यापारियों को ही छापेमारी में परेशान किया जा रहा है।
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क्या बोले लोग
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बिना कोई वैकल्पिक व्यवस्था किए व्यावसायिक गैस सिलिंडरों पर रोक लगाना उचित नहीं है। इससे होटल और रेस्टोरेंट जैसे छोटे कारोबार प्रभावित हो रहे हैं। प्रशासन को पहले व्यापारियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए। - दीपक पंत, निवर्तमान उपाध्यक्ष, व्यापार मंडल रानीखेत
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कई व्यापारी अपनी रोजमर्रा की आय पर निर्भर हैं। ऐसे में अचानक इस तरह की कार्रवाई से उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो सकता है। प्रशासन को इस मामले में संवेदनशीलता के साथ निर्णय लेना चाहिए। -दीपक कारगेती, क्षेत्र पंचायत सदस्य व सामाजिक कार्यकर्ता
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यदि कोई नई व्यवस्था लागू की जानी है तो उसकी स्पष्ट जानकारी और पर्याप्त समय व्यापारियों को दिया जाना चाहिए ताकि वे अपने कामकाज को उसी अनुसार व्यवस्थित कर सकें। -कुलदीप कुमार, व्यापारी
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व्यापारियों का उत्पीड़न किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन को चाहिए कि व्यापारियों की समस्याओं का समाधान निकालकर ही कोई कार्रवाई करे। -भगवंत नेगी, व्यापारी
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एजेंसी परिसर में लगी उपभोक्ताओं की कतारें
रानीखेत। रानीखेत गैस सर्विस में नगर व आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आए उपभोक्ताओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। सिलिंडर लेने के लिए लोगों को लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं ने नाराजगी जताते हुए बताया कि घंटों लाइन में लगने के बावजूद बिना सिलिंडर लिए ही वापस लौटना पड़ रहा है। उनका कहना है कि ऑनलाइन बुकिंग की व्यवस्था भी सही तरीके से काम नहीं कर रही है। वहीं, बुकिंग कराने के बाद भी वितरण के समय आधार कार्ड मांगे जाने से उपभोक्ताओं में भ्रम की स्थिति बनी हुई है। रानीखेत गैस सर्विस के प्रबंधक सुरेंद्र सिंह जलाल ने बताया कि गैस की आपूर्ति सामान्य रूप से की जा रही है और उपभोक्ताओं को घबराने की आवश्यकता नहीं है। लोग अफवाहों पर ध्यान न दें और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार गैस प्राप्त करें। संवाद