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Almora News: सरकारें बदली पर हालात नहीं...17 साल पहले मंजूर सड़क अब तक अधूरी
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Sun, 22 Feb 2026 11:23 PM IST
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जागेश्वर (अल्मोड़ा)। विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच धौलादेवी विकासखंड के दूरस्थ गांवों की हकीकत बेहद डरावनी है। 17 साल में कई सरकारें बदलीं। अधिकारी आए-गए लेकिन सेलाकोट और काने के लोगों का इंतजार खत्म नहीं हुआ। पांच किलोमीटर सड़क स्वीकृति के बावजूद पूरी नहीं हो सकी।
वर्ष 2009 में धौलादेवी विकासखंड में गुरुड़ाबांज से सिलाकोट और काने तक पांच किलोमीटर सड़क निर्माण को स्वीकृति मिली थी। करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद केवल तीन किलोमीटर तक काम हो पाया है। वह भी इस कदर बदहाल है कि वहां पैदल चलना भी जान जोखिम में डालना है।
ग्रामीणों के मुताबिक ऐसे में उन्हें गर्भवतियों और मरीजों को रोड हेड तक पहुंचाने के लिए डोली का सहारा लेना पड़ता है। मुख्य बाजार तक आवाजाही पैदल करते हैं। बाजार से जरूरी सामान पीठ पर लादकर ले जाते हैं।
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सरकार के विकास के दावे केवल फाइलों तक
सिलाकोट के क्षेत्र पंचायत सदस्य राजेंद्र सिंह बिष्ट, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बहादुर सिंह बिष्ट, पूर्व ग्राम प्रधान सोनू देवी, पूर्व ग्राम प्रधान प्रतिनिधि वीरेंद्र सिंह बिष्ट सहित ग्रामीणों का कहना है कि सरकार के विकास के दावे केवल फाइलों तक सीमित हैं। जमीनी स्तर पर लोगों को उसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। वर्ष 2009 में स्वीकृत मोटर मार्ग आज भी पूरा नहीं हो पाया है। उन्हें आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बरसात के मौसम में मरीजों, बुजुर्गों और स्कूली बच्चों को खास परेशानी होती है।
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-सड़क सुधारीकरण का कार्य शीघ्र शुरू किया जाएगा। विभागीय स्तर पर आवश्यक प्रक्रिया जारी है।
-आलोक ओली, अधिशाषी अभियंता, लोक निर्माण विभाग
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वर्ष 2009 में धौलादेवी विकासखंड में गुरुड़ाबांज से सिलाकोट और काने तक पांच किलोमीटर सड़क निर्माण को स्वीकृति मिली थी। करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद केवल तीन किलोमीटर तक काम हो पाया है। वह भी इस कदर बदहाल है कि वहां पैदल चलना भी जान जोखिम में डालना है।
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ग्रामीणों के मुताबिक ऐसे में उन्हें गर्भवतियों और मरीजों को रोड हेड तक पहुंचाने के लिए डोली का सहारा लेना पड़ता है। मुख्य बाजार तक आवाजाही पैदल करते हैं। बाजार से जरूरी सामान पीठ पर लादकर ले जाते हैं।
सरकार के विकास के दावे केवल फाइलों तक
सिलाकोट के क्षेत्र पंचायत सदस्य राजेंद्र सिंह बिष्ट, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बहादुर सिंह बिष्ट, पूर्व ग्राम प्रधान सोनू देवी, पूर्व ग्राम प्रधान प्रतिनिधि वीरेंद्र सिंह बिष्ट सहित ग्रामीणों का कहना है कि सरकार के विकास के दावे केवल फाइलों तक सीमित हैं। जमीनी स्तर पर लोगों को उसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। वर्ष 2009 में स्वीकृत मोटर मार्ग आज भी पूरा नहीं हो पाया है। उन्हें आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बरसात के मौसम में मरीजों, बुजुर्गों और स्कूली बच्चों को खास परेशानी होती है।
-सड़क सुधारीकरण का कार्य शीघ्र शुरू किया जाएगा। विभागीय स्तर पर आवश्यक प्रक्रिया जारी है।
-आलोक ओली, अधिशाषी अभियंता, लोक निर्माण विभाग

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