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Pauri News: 74.43 लाख की पेयजल योजना पर विभागीय ब्रेक, तीन माह बाद भी नहीं शुरू हुआ काम
Sun, 05 Jul 2026 11:04 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
Updated Sun, 05 Jul 2026 11:04 PM IST
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रेलवे सुरंग निर्माण से बाधित हुई थी लाइन, कलियासौड़ के लोगों और धारी देवी आने वाले श्रद्धालुओं को राहत का इंतजार
श्रीनगर। धारी देवी और कलियासौड़ क्षेत्र की पेयजल समस्या के समाधान के लिए स्वीकृत 74 लाख 43 हजार रुपये की योजना तीन माह बाद भी धरातल पर नहीं उतर सकी है। मार्च में टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और अप्रैल से निर्माण कार्य शुरू करने के जल संस्थान के दावे के बावजूद अब तक काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है, जबकि चारधाम यात्रा के दौरान धारी देवी पहुंच रहे श्रद्धालुओं को भी पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के तहत छांतीखाल में रेलवे सुरंग निर्माण से धारी देवी और कलियासौड़ की मुख्य पेयजल लाइन प्रभावित हो गई थी। इसके बाद गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के प्रयासों से रेल विकास निगम लिमिटेड ने 74.43 लाख रुपये की योजना स्वीकृत की, ताकि स्थानीय आबादी और श्रद्धालुओं को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराया जा सके। योजना का ट्रायल मार्च से पहले पूरा हो गया था और मार्च में ही टेंडर भी हो गया, लेकिन कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका। वार्ड पार्षद राजेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि जब बजट स्वीकृत है, टेंडर और ट्रायल भी पूरे हो चुके हैं, तो निर्माण कार्य में देरी समझ से परे है। उन्होंने कहा कि कलियासौड़ के लोग लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हैं। यात्रा सीजन में मुख्य राजमार्ग पर भी पर्याप्त पेयजल व्यवस्था नहीं होने से श्रद्धालुओं को परेशानी उठानी पड़ रही है। जल संस्थान पौड़ी के अधीक्षण अभियंता प्रवीण सैनी ने बताया कि सभी तकनीकी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जायेगा।
जारी- संवाद
74.43 लाख की पेयजल योजना पर विभागीय ब्रेक, तीन माह बाद भी नहीं शुरू हुआ कामरेलवे सुरंग निर्माण से बाधित हुई थी लाइन, कलियासौड़ के लोगों और धारी देवी आने वाले श्रद्धालुओं को राहत का इंतजार
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सत्य प्रसाद मैठाणी
श्रीनगर। धारी देवी और कलियासौड़ क्षेत्र की पेयजल समस्या के समाधान के लिए स्वीकृत 74 लाख 43 हजार रुपये की योजना तीन माह बाद भी धरातल पर नहीं उतर सकी है। मार्च में टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और अप्रैल से निर्माण कार्य शुरू करने के जल संस्थान के दावे के बावजूद अब तक काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है, जबकि चारधाम यात्रा के दौरान धारी देवी पहुंच रहे श्रद्धालुओं को भी पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के तहत छांतीखाल में रेलवे सुरंग निर्माण से धारी देवी और कलियासौड़ की मुख्य पेयजल लाइन प्रभावित हो गई थी। इसके बाद गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के प्रयासों से रेल विकास निगम लिमिटेड ने 74.43 लाख रुपये की योजना स्वीकृत की, ताकि स्थानीय आबादी और श्रद्धालुओं को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराया जा सके। योजना का ट्रायल मार्च से पहले पूरा हो गया था और मार्च में ही टेंडर भी हो गया, लेकिन कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका। वार्ड पार्षद राजेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि जब बजट स्वीकृत है, टेंडर और ट्रायल भी पूरे हो चुके हैं, तो निर्माण कार्य में देरी समझ से परे है। उन्होंने कहा कि कलियासौड़ के लोग लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हैं। यात्रा सीजन में मुख्य राजमार्ग पर भी पर्याप्त पेयजल व्यवस्था नहीं होने से श्रद्धालुओं को परेशानी उठानी पड़ रही है। जल संस्थान पौड़ी के अधीक्षण अभियंता प्रवीण सैनी ने बताया कि सभी तकनीकी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जायेगा।
जारी- संवाद
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श्रीनगर। धारी देवी और कलियासौड़ क्षेत्र की पेयजल समस्या के समाधान के लिए स्वीकृत 74 लाख 43 हजार रुपये की योजना तीन माह बाद भी धरातल पर नहीं उतर सकी है। मार्च में टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और अप्रैल से निर्माण कार्य शुरू करने के जल संस्थान के दावे के बावजूद अब तक काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है, जबकि चारधाम यात्रा के दौरान धारी देवी पहुंच रहे श्रद्धालुओं को भी पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के तहत छांतीखाल में रेलवे सुरंग निर्माण से धारी देवी और कलियासौड़ की मुख्य पेयजल लाइन प्रभावित हो गई थी। इसके बाद गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के प्रयासों से रेल विकास निगम लिमिटेड ने 74.43 लाख रुपये की योजना स्वीकृत की, ताकि स्थानीय आबादी और श्रद्धालुओं को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराया जा सके। योजना का ट्रायल मार्च से पहले पूरा हो गया था और मार्च में ही टेंडर भी हो गया, लेकिन कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका। वार्ड पार्षद राजेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि जब बजट स्वीकृत है, टेंडर और ट्रायल भी पूरे हो चुके हैं, तो निर्माण कार्य में देरी समझ से परे है। उन्होंने कहा कि कलियासौड़ के लोग लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हैं। यात्रा सीजन में मुख्य राजमार्ग पर भी पर्याप्त पेयजल व्यवस्था नहीं होने से श्रद्धालुओं को परेशानी उठानी पड़ रही है। जल संस्थान पौड़ी के अधीक्षण अभियंता प्रवीण सैनी ने बताया कि सभी तकनीकी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जायेगा।
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74.43 लाख की पेयजल योजना पर विभागीय ब्रेक, तीन माह बाद भी नहीं शुरू हुआ कामरेलवे सुरंग निर्माण से बाधित हुई थी लाइन, कलियासौड़ के लोगों और धारी देवी आने वाले श्रद्धालुओं को राहत का इंतजार
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सत्य प्रसाद मैठाणी
श्रीनगर। धारी देवी और कलियासौड़ क्षेत्र की पेयजल समस्या के समाधान के लिए स्वीकृत 74 लाख 43 हजार रुपये की योजना तीन माह बाद भी धरातल पर नहीं उतर सकी है। मार्च में टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और अप्रैल से निर्माण कार्य शुरू करने के जल संस्थान के दावे के बावजूद अब तक काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है, जबकि चारधाम यात्रा के दौरान धारी देवी पहुंच रहे श्रद्धालुओं को भी पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है।
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के तहत छांतीखाल में रेलवे सुरंग निर्माण से धारी देवी और कलियासौड़ की मुख्य पेयजल लाइन प्रभावित हो गई थी। इसके बाद गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी के प्रयासों से रेल विकास निगम लिमिटेड ने 74.43 लाख रुपये की योजना स्वीकृत की, ताकि स्थानीय आबादी और श्रद्धालुओं को निर्बाध पेयजल उपलब्ध कराया जा सके। योजना का ट्रायल मार्च से पहले पूरा हो गया था और मार्च में ही टेंडर भी हो गया, लेकिन कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका। वार्ड पार्षद राजेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि जब बजट स्वीकृत है, टेंडर और ट्रायल भी पूरे हो चुके हैं, तो निर्माण कार्य में देरी समझ से परे है। उन्होंने कहा कि कलियासौड़ के लोग लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हैं। यात्रा सीजन में मुख्य राजमार्ग पर भी पर्याप्त पेयजल व्यवस्था नहीं होने से श्रद्धालुओं को परेशानी उठानी पड़ रही है। जल संस्थान पौड़ी के अधीक्षण अभियंता प्रवीण सैनी ने बताया कि सभी तकनीकी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जायेगा।
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