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Uttarkashi News: ज्ञानसू नाले के पास धधकता कूड़ा, सुलगते कचरे से जहरीली हुई नगर की हवा
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Sun, 01 Mar 2026 06:14 PM IST
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लोगों ने लगाया ठोस कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारित करने बजाया लगाई जा रही आग
उत्तरकाशी। नगर क्षेत्र से सटे ज्ञानसू नाले के पास खुले में कूड़ा जलाए जाने की तस्वीरें सामने आई है। घटना से नगर में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में बड़ी मात्रा में ठोस कचरा जमा है जिसे वैज्ञानिक तरीके से निस्तारित करने के बजाय आग लगाकर खत्म किया जा रहा है।
खुले में कूड़ा जलाने से जहरीला धुआं निकलता है जिससे वायु प्रदूषण बढ़ता है। इससे आसपास रहने वाले लोगों में सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, प्लास्टिक और अन्य मिश्रित कचरे के जलने से जहरीली हवा से वातावरण दूषित हो रहा है। यूकेडी नेता विष्णुपाल सिंह रावत का कहना है कि नगर क्षेत्र में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के तहत कचरे का पृथक्करण, रिसाइक्लिंग और वैज्ञानिक निस्तारण प्रभावी रूप से नहीं हो रहा है।
उनका आरोप है कि जमीनी स्तर पर लापरवाही स्पष्ट दिख रही है और पर्याप्त कूड़ा उठान व प्रोसेसिंग व्यवस्था का अभाव है। उन्होंने खुले में कूड़ा जलाने पर कड़ी निगरानी और जुर्माना लगाने की मांग की है। ईओ शालिनी चित्राण ने बताया कि पालिका कर्मचारियों को खुले में कूड़ा नहीं जलाने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। यदि इसके बावजूद कहीं कूड़ा जलाया गया है तो मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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खुले में कूड़ा जलाने से जहरीला धुआं निकलता है जिससे वायु प्रदूषण बढ़ता है। इससे आसपास रहने वाले लोगों में सांस संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, प्लास्टिक और अन्य मिश्रित कचरे के जलने से जहरीली हवा से वातावरण दूषित हो रहा है। यूकेडी नेता विष्णुपाल सिंह रावत का कहना है कि नगर क्षेत्र में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के तहत कचरे का पृथक्करण, रिसाइक्लिंग और वैज्ञानिक निस्तारण प्रभावी रूप से नहीं हो रहा है।
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उनका आरोप है कि जमीनी स्तर पर लापरवाही स्पष्ट दिख रही है और पर्याप्त कूड़ा उठान व प्रोसेसिंग व्यवस्था का अभाव है। उन्होंने खुले में कूड़ा जलाने पर कड़ी निगरानी और जुर्माना लगाने की मांग की है। ईओ शालिनी चित्राण ने बताया कि पालिका कर्मचारियों को खुले में कूड़ा नहीं जलाने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। यदि इसके बावजूद कहीं कूड़ा जलाया गया है तो मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

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