देश की राजधानी दिल्ली में हाल ही में बेसमेंट में संचालित कोचिंग संस्थान में हुई बच्चों की मौत के बाद, देशभर में बेसमेंट में व्यवसायिक गतिविधियों पर कड़ा रुख अपनाया गया है। सरकार ने सभी स्थानीय प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि वे बेसमेंट में चल रही दुकानों और कोचिंग संस्थानों को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करें और बेसमेंट में किसी भी व्यावसायिक गतिविधि पर रोक लगाएं।
आगर जिले में भी प्रदेश सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत स्थानीय प्रशासन ने कार्रवाई शुरू की। नगरपालिका द्वारा पहले कांप्लेक्स संचालकों को नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई थी, लेकिन दुकान मालिकों ने इसे नजरअंदाज किया। इसके बाद सोमवार को नगरपालिका ने कार्रवाई करते हुए आगर जिला मुख्यालय के छावनी क्षेत्र स्थित खंडेलवाल शॉपिंग कांप्लेक्स के बेसमेंट में चल रही दुकानों को सील कर दिया।
नगरपालिका के मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमओ) पवन कुमार ने बताया कि, शॉपिंग मॉल के मालिक को पहले ही दो से तीन बार नोटिस दिया गया था, लेकिन किसी प्रकार की प्रतिक्रिया न मिलने पर यह कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई शासन के निर्देशों के तहत की गई है।
सोमवार शाम अचानक पहुंचे नगरपालिका के अधिकारियों ने दुकानदारों से दुकानें बंद करने को कहा। इसके बाद कई दुकानों पर ताले लगाए गए और उन्हें सील कर दिया गया। इस कार्रवाई के दौरान परिसर में अफरातफरी का माहौल बन गया। सीएमओ ने कहा कि, दुकान के किराएदारों से कहा गया है कि वे आवेदन देकर दुकानें खुलवाकर अपना सामान हटा सकते हैं।
सीएमओ ने यह भी बताया कि यह कार्रवाई केवल खंडेलवाल शॉपिंग कांप्लेक्स तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि अन्य स्थानों पर भी जहां बेसमेंट में व्यावसायिक गतिविधियां चल रही हैं, वहां भी कार्रवाई की जाएगी। उनका कहना था कि बेसमेंट का उपयोग केवल पार्किंग और स्टोरेज के लिए किया जाना चाहिए, लेकिन यहां कोचिंग क्लास, कंप्यूटर क्लास और अन्य व्यावसायिक गतिविधियां चल रही थीं, जिन्हें अब बंद कर दिया गया है।