राजस्थान के टोंक जिले में अवैध रूप से बारूद और हथियार बनाने के कारखानों का खुलासा हुआ है। जिला स्पेशल टीम (डीएसटी) ने तीन अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी कर बड़ी मात्रा में अवैध हथियार, उनके पुर्जे और विस्फोटक सामग्री बरामद की है। इस कार्रवाई का खुलासा शनिवार को सीओ सिटी मृत्युंजय मिश्रा ने किया।
तीन स्थानों पर एक साथ छापेमारी
पुलिस के अनुसार, सूचना के आधार पर कोतवाली थाना क्षेत्र और देवली थाना क्षेत्र में एक साथ दबिश दी गई। छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में बारूद, पोटाश और अवैध हथियारों के पुर्जे जब्त किए गए। जब्त सामग्री में बारूद, पोटाश, शोरा, गनकैप, व्हाइट गन पाउडर, लोहे के छर्रे, बंदूक के ट्रिगर, बंदूक की कार्बाइन, टोपीदार बंदूकें, अवैध हथियार बनाने के पुर्जे और छह तलवारें शामिल हैं। आशंका जताई जा रही है कि यह सामग्री खेतों की रखवाली और जंगली जानवरों के शिकार में उपयोग होने वाली अवैध बंदूकों में इस्तेमाल की जा रही थी।
दो आरोपी गिरफ्तार
डीएसटी प्रभारी ओमप्रकाश चौधरी ने बताया कि मामले में मोहम्मद अतीक और राजू को गिरफ्तार किया गया है। दोनों आरोपी अपने घरों में ही अवैध रूप से बारूद और हथियारों के पुर्जे बनाने का कारखाना चला रहे थे।
कहां से क्या बरामद हुआ?
कोतवाली थाना क्षेत्र में संचालित अवैध ठिकाने से बड़ी मात्रा में खतरनाक किस्म का बारूद बरामद किया गया है, जो अवैध हथियारों में इस्तेमाल होता है। पुलिस के अनुसार, इस प्रकार का बारूद धमाके करने में सक्षम होता है, जिससे बड़े पैमाने पर जनहानि की आशंका रहती है।
टोंक शहर में की गई छापेमारी के दौरान पुलिस ने बंदूकों में इस्तेमाल होने वाले करीब ढाई किलो लोहे के छर्रे, 32 किलो गन पाउडर बारूद, 32 किलो पोटाश, 55 किलो बारूद बनाने का शोरा, 44 किलो सफेद गन पाउडर, 200 कोरडेक्स वायर, एक एयर गन, 138 पी-कैप्स और 71 गनकैप जब्त किए।
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वहीं, देवली क्षेत्र में की गई छापेमारी के दौरान 26 बंदूक ट्रिगर, 35 बंदूक प्लेट, 163 बंदूक मक्खियां, 840 बंदूक टोपी, करीब 21 किलो गन पाउडर बारूद, 21 बंदूक कार्बाइन, दो एकनाली बंदूकें, एक दोनाली बंदूक, छह तलवारें तथा खरीद-फरोख्त से जुड़े करीब 3 लाख 3 हजार 50 रुपये नकद जब्त किए गए हैं।