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Bihar News : 'हमारा धर्म कबूल लो, वरना...' धमकाते रहे, फिर एक दिन लटकी मिली बेटी; बिहार में द केरल स्टोरी 2
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दरभंगा
Published by: Kumar Jitendra Jyoti
Updated Mon, 20 Apr 2026 02:02 PM IST
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सार
Kerala Story in Bihar : "धर्म कबूलने से इनकार करने पर ही उसकी हत्या कर दी गई।"- अपनी बेटी की मौत पर आठ-आठ आंसू रो चुके पिता ने यह आशंका जाहिर करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से अपील की है कि वह दलित परिवार को न्याय दिलाएं।
पढ़िए द बिहार स्टोरी।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
एक-दूसरे धर्म या जाति के लड़का-लड़की में प्रेम-प्रसंग आज की तारीख में गलत नहीं। यहां तक कि सरकार भी अंतरजातीय विवाह को प्रोत्साहित करती है। लेकिन, जब मंशा दूसरी हो तो सवाल उठना लाजिमी है। बिहार में 'द केरल स्टोरी 2' जैसी यह कहानी विस्तार से समझिए कि आखिर कुछ लोग किसी धर्म के सभी लोगों को कैसे बदनाम कर दे रहे हैं और लड़कियों को शिकार बनाकर अपनी जिद में उनकी जान तक ले रहे हैं।
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तीन महीने में पुलिस ने कुछ नहीं किया, लड़की मरी मिली
यह वाकया दरभंगा जिले के कुशेश्वरस्थान थाना क्षेत्र का है और पुलिसिया अनुसंधान अपनी गति से जारी है। मामला केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान की जाति की लड़की का है, इसलिए उनसे भी परिजन उम्मीद लगाए बैठे हैं। वैसे, राज्य के नए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से भी दलित परिवार को बहुत उम्मीद है। इस साजिश की शुरुआत पहले हो चुकी है, लेकिन संज्ञान में आया 13 जनवरी 2026 को। पासवान जाति की एक लड़की को दूसरे धर्म का एक लड़का प्रेम जाल में फंसाकर ले गया था। जब परिवार वालों को जानकारी मिली, तो पहले सामाजिक स्तर पर मामले को सुलझाने का प्रयास किया गया। जब दोनों धर्मों के नेताओं से बात नहीं बनी, तो परिवार वालों ने थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। बिहार पुलिस ने तीन महीने में न तो लड़की को बरामद किया और न ही आरोपी प्रेमी को गिरफ्तार कर सकी। इस महीने की 13 तारीख को लड़की का शव प्रेमी के घर फांसी के फंदे से लटका हुआ बरामद किया गया। संदेहास्पद मौत के बाद पुलिस ने आरोपी प्रेमी मो. उजाला को गिरफ्तार किया।
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लड़की की पहचान नहीं दे रहे, पिता का दर्द जरूर पढ़ें
लड़की के पिता ने बेटी पर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने 'अमर उजाला' से बातचीत में भी कहा- "जब मेरी बेटी ने उनका धर्म कबूलने से इनकार कर दिया, तो आरोपी और उसके घर वालों ने फांसी लगाकर उसकी हत्या कर दी।" पिता ने पूरी कहानी बताई। बताया कि "13 जनवरी 2026 को सम्राट चौक निवासी मो. साबिर का पुत्र मो. उजाला उनकी नाबालिग पुत्री को बहला-फुसलाकर भगा ले गया था। इस मामले में उन्होंने कुशेश्वरस्थान थाने में लिखित आवेदन भी दिया था, लेकिन पुलिस की ओर से समय पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। नाबालिग होने के बावजूद आरोपी युवक ने शादी कर ली। बेटी ने एक बार भी फोन कर संपर्क नहीं किया, जिससे परिवार चिंतित था। शादी के बाद से ही उस पर दूसरा धर्म कबूल करने का दबाव बनाया जा रहा था। जब बेटी तैयार नहीं हुई तो उसकी हत्या कर दी गई।"
"मर्जी मानकर संतोष कर लिया, उसपर भी जिंदा नहीं छोड़ा"
मृतका की चाची ने भी इस मामले में गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जब लड़की को युवक अपने साथ ले गया था, तब परिवार ने कई बार उसे वापस करने की गुहार लगाई। चाची ने कहा- “हम लोग बार-बार कहते रहे कि हमारी बेटी को लौटा दीजिए, लेकिन उन्होंने हमारी एक नहीं सुनी। उस समय तक हमने थाने में आवेदन भी नहीं दिया, क्योंकि हमें लगा कि अगर लड़की अपनी मर्जी से गई है, तो वह अपने प्रेमी के साथ खुश रहेगी। परिवार ने लड़की की खुशी को प्राथमिकता दी, लेकिन धर्म नहीं कबूलने पर उसे मारना तो बहुत बड़ा अन्याय है।”
हत्या का सबूत मिटाने का आरोप; पुलिस ने क्या कहा?
मृत लड़की के मौसा ने उससे आगे की कहानी भी बताई। उन्होंने बताया कि वे खेत में काम कर रहे थे, तभी उनके साढू उन्हें बुलाने पहुंचे और तुरंत घर चलने को कहा। मौसा के अनुसार, “जैसे ही हम लोग घर पहुंचे तो देखा कि हमारे साढू की लड़की को भगा ले जाने वाला युवक भागने की कोशिश कर रहा था। उसे पकड़ने के लिए जब मैं आगे बढ़ा तो उसने चाकू से हमला कर दिया। मेरी कमर में चाकू लगा तो लोग मुझे जल्दी से अस्पताल लेकर गए। वह हत्या के सबूतों को मिटाने की कोशिश कर रहा है। पहले हत्या और फिर आरोपी का यह हमला कर भागना डर पैदा कर रहा है।”
बिरौल अनुमंडल एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी ने इस मसले पर 'अमर उजाला' के सवालों का जवाब देते हुए कहा- "पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है और फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। मो. साबिर के घर में एक महिला मृत मिली है, लेकिन उसकी उम्र का सत्यापन नहीं हो पाया है। नाबालिग होने की बात सामने आ रही है, लेकिन अभी इसकी पुष्टि नहीं की जा सकती। वहीं यह हत्या है या नहीं, इस पर भी फिलहाल कुछ स्पष्ट नहीं कहा जा सकता। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ होगी।”
(इनपुट: रितेश सिन्हा, दरभंगा)
