Bihar: 'हर पंचायत में चलेगा टैलेंट हंट', सीएम सम्राट बोले- बिहार के खिलाड़ियों के लिए खुलेगा विश्वस्तरीय मंच
बिहार सरकार ने 'मेडल लाओ, नौकरी पाओ' योजना के तहत 19 अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि खिलाड़ियों के लिए बिहार में सुनहरे भविष्य की शुरुआत हो चुकी है।
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बिहार सरकार ने खिलाड़ियों के लिए बड़ी पहल करते हुए 'मेडल लाओ, नौकरी पाओ' योजना के तहत 19 अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। पटना में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि अब बिहार के खिलाड़ियों को सम्मान, नौकरी और विश्वस्तरीय सुविधाएं एक साथ मिलेंगी। सरकार ने पंचायत स्तर से प्रतिभा खोज, 5,000 खेल मैदान, मोइनुल हक स्टेडियम के पुनर्विकास और 637 खिलाड़ियों को छात्रवृत्ति देने जैसी कई बड़ी घोषणाएं भी कीं।
पटना में खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र और छात्रवृत्ति का वितरण
पटना के राजवंशीनगर स्थित ऊर्जा ऑडिटोरियम में खेल विभाग की ओर से आयोजित समारोह का शुभारंभ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दीप जलाकर किया। कार्यक्रम में 'मेडल लाओ, नौकरी पाओ' योजना के तहत अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर आकाश दीप और मुकेश कुमार सहित कुल 19 खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी के नियुक्ति पत्र दिए गए। साथ ही खेल छात्रवृत्ति योजना के तहत चयनित खिलाड़ियों को प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए।
मुख्यमंत्री बोले- खिलाड़ियों के लिए शुरू हुआ नया दौर
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार के खिलाड़ियों के लिए सुनहरे भविष्य का नया अध्याय शुरू हो चुका है। सरकार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जो खिलाड़ी देश और राज्य का नाम रोशन करेंगे, उन्हें सम्मान और सरकारी नौकरी दोनों मिलेंगे। उन्होंने कहा कि पहली बार किसी खिलाड़ी को डीएसपी जैसे उच्च पद पर नियुक्ति दी गई है, जिससे युवाओं का उत्साह और बढ़ेगा।
15 सितंबर से पंचायत स्तर पर प्रतिभा खोज अभियान
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं की पहचान के लिए 15 सितंबर से पंचायत स्तर पर विशेष अभियान शुरू करेगी। चयनित खिलाड़ियों को आधुनिक प्रशिक्षण दिया जाएगा ताकि गांवों के प्रतिभाशाली खिलाड़ी भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंच सकें।
5 हजार खेल मैदान तैयार, गांव-गांव पहुंचेगी खेल संस्कृति
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में बिहार में 5,000 खेल मैदानों का निर्माण पूरा किया गया है। इसका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में खेल संस्कृति को बढ़ावा देना और युवाओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
मोइनुल हक स्टेडियम बनेगा विश्वस्तरीय
मुख्यमंत्री ने कहा कि पटना के मोइनुल हक स्टेडियम का पुनर्विकास तेजी से किया जा रहा है। इसके संचालन की जिम्मेदारी बीसीसीआई को दी गई है। करीब 40 हजार दर्शकों की क्षमता वाला यह स्टेडियम विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस होगा और भविष्य में राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों की मेजबानी करेगा।
बिहार की खेल उपलब्धियों का किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि नालंदा में स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की स्थापना की गई है और बिहार में तीन अलग-अलग खेलों के विश्व कप स्तर के आयोजन सफलतापूर्वक कराए गए, जिनमें भारत विजेता बना। उन्होंने कहा कि अब लक्ष्य राष्ट्रीय खेलों में बिहार को नंबर-1 राज्य बनाना है।
ओलंपिक और आईपीएल तक पहुंचे बिहार के खिलाड़ी
मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों से कहा कि उनका लक्ष्य सिर्फ पदक जीतना नहीं, बल्कि बिहार को देश की अग्रणी खेल शक्ति बनाना होना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में बिहार के खिलाड़ी ओलंपिक, एशियन गेम्स, कॉमनवेल्थ गेम्स, विश्व कप और आईपीएल जैसे बड़े मंचों पर राज्य और देश का नाम रोशन करेंगे।
किन खिलाड़ियों को मिली नौकरी
कार्यक्रम में क्रिकेटर मुकेश कुमार और आकाश दीप को पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) बनाया गया। एथलीट पियूष राज को पुलिस अवर निरीक्षक (एसआई) के पद पर नियुक्ति मिली। इसके अलावा पांच पैरा खिलाड़ियों सहित विभिन्न खेलों के अन्य उत्कृष्ट खिलाड़ियों को भी नियुक्ति पत्र दिए गए।
खिलाड़ियों को करोड़ों की पुरस्कार राशि
खेल सम्मान योजना के तहत सेतु मिश्रा को एशियाई अंडर-23 एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2026 में स्वर्ण और रजत पदक जीतने पर 37.50 लाख रुपये का सांकेतिक चेक दिया गया। विभास्कर कुमार को भारत का प्रतिनिधित्व करने पर 2 लाख रुपये और शतरंज खिलाड़ी मरियम फातिमा को कॉमनवेल्थ यूथ शतरंज चैंपियनशिप 2026 की ब्लिट्ज स्पर्धा में कांस्य पदक जीतने पर 9 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
637 खिलाड़ियों को मिलेगी छात्रवृत्ति
खेल छात्रवृत्ति योजना 2026 के तहत खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, पोषण, खेल सामग्री, प्रतियोगिताओं में भागीदारी और खेल विज्ञान से जुड़ी सहायता दी जाएगी। उत्कर्ष योजना के तहत 20 लाख रुपये प्रतिवर्ष, सक्षम योजना के तहत 5 लाख रुपये और प्रेरणा योजना के तहत 3 लाख रुपये प्रतिवर्ष की छात्रवृत्ति मिलेगी। इस वित्तीय वर्ष में कुल 637 खिलाड़ियों को छात्रवृत्ति दी जाएगी। इनमें उत्कर्ष योजना में 21, सक्षम योजना में 184 और प्रेरणा योजना में 432 खिलाड़ी शामिल हैं। प्रेरणा योजना के 269 खिलाड़ियों का चयन राज्यव्यापी मशाल प्रतिभा खोज कार्यक्रम के जरिए किया गया है।
इन नेताओं ने भी किया संबोधित
समारोह में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, खेल मंत्री श्रेयसी सिंह, खेल विभाग के सचिव दीपक आनंद और बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रविंद्रन शंकरण ने भी खिलाड़ियों को संबोधित किया। कार्यक्रम में खेल विभाग की ओर से मुख्यमंत्री को स्मृति चिन्ह भी भेंट किया गया। इस मौके पर कई वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में खिलाड़ी मौजूद रहे।