Viral: वीकेंड पर काम करने से किया इनकार, फिर जो हुआ उसने कॉर्पोरेट कल्चर पर छेड़ दी बहस
Viral: दिल्ली में एक 25 वर्षीय जेन जी उम्मीदवार ने इंटरव्यू के दौरान शनिवार को काम करने से साफ इनकार कर दिया। पहले उसे 'आलसी' कहा गया, लेकिन उसकी ईमानदारी और स्पष्ट सोच से प्रभावित होकर उसे नौकरी मिली और बाद में वही टीम का टॉप परफॉर्मर बन गया।
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आजकल नौकरी के इंटरव्यू में ज्यादातर लोग कंपनी की हर बात पर 'हां' कह देते हैं। वीकेंड हो या ओवरटाइम बस किसी तरह नौकरी मिल जाए। लेकिन दिल्ली में एक 25 साल के जेन जी लड़के ने इंटरव्यू के दौरान ऐसी बात कह दी, जिसने पहले तो पूरे पैनल को चौंका दिया। उसने साफ कह दिया कि वह शनिवार को काम नहीं करेगा। वजह पूछी गई तो बोला, "ऑफिस के बाहर भी मेरी अपनी जिंदगी है।" तो आइए जानते हैं कि पूरा मामला क्या है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुई यह कहानी
यह किस्सा दिल्ली के एंटरप्रेन्योर और पर्सनल ब्रांडिंग एक्सपर्ट अभिषेक अग्रवाल ने लिंक्डइन पर शेयर किया है। उनके मुताबिक जब लड़के ने शनिवार को काम करने से मना किया तो इंटरव्यू लेने वालों ने उसे आलसी तक कह दिया। लेकिन लड़का बिल्कुल शांत रहा। उसने बताया कि हर शनिवार वह क्रिकेट खेलता है, 14 साल की उम्र से गिटार बजा रहा है और परिवार के साथ वक्त बिताना भी उसके लिए उतना ही जरूरी है।
लड़के का जवाब सुनकर दंग रह गए लोग
इसके बाद इंटरव्यूअर ने कहा कि ये सब तो शाम 7 बजे ऑफिस के बाद भी किया जा सकता है और रविवार तो रहेगा ही। लेकिन लड़के का अगला जवाब सुनकर कमरे में कुछ पल के लिए सन्नाटा छा गया। उसने कहा, "मेरा बड़ा भाई अमेरिका में काम करता है। वहां ज्यादातर लोग सोमवार से शुक्रवार तक ही काम करते हैं। अगर दुनिया के सबसे विकसित देशों में लोग पांच दिन काम करके सफल हो सकते हैं तो हम क्यों नहीं?"
जेन जी का इंयरव्यू लोगों को आया पसंद
अभिषेक बताते हैं कि यही जवाब उन्हें सबसे ज्यादा पसंद आया। लड़का किसी को खुश करने की कोशिश नहीं कर रहा था, बल्कि अपनी प्राथमिकताएं साफ-साफ बता रहा था। इसी ईमानदारी की वजह से उसे सेल्स रोल के लिए हायर कर लिया गया।
दो क्वार्टर तक टीम का सबसे बेहतरीन परफॉर्मर निकला
दिलचस्प बात यह रही कि जिस उम्मीदवार को पहले आलसी कहा गया था, वही बाद में लगातार दो क्वार्टर तक टीम का सबसे बेहतरीन परफॉर्मर निकला। अभिषेक के मुताबिक उसने कभी किसी क्लाइंट से झूठ नहीं बोला, हमेशा प्रोडक्ट की खूबियों और कमियों दोनों के बारे में खुलकर बताया। आज भी वह शनिवार को क्रिकेट खेलता है, गिटार बजाता है और अपने परिवार के लिए समय निकालता है।
लोगों ने दिए ऐसे रिएक्शंस
इस पोस्ट पर भी लोगों ने जमकर प्रतिक्रिया दी। कई यूजर्स ने कहा कि शुरुआत में ही अपनी सीमाएं और उम्मीदें साफ कर देना बाद में पछताने से कहीं बेहतर है। वहीं कुछ लोगों का मानना था कि अच्छे कर्मचारी वही होते हैं, जो काम के साथ अपनी निजी जिंदगी का संतुलन भी बनाए रखते हैं।