Uttarakhand: एसआईआर, अगर आपके वोट पर आपत्ति का नोटिस आए तो हल्के में न लें, लापरवाही पड़ सकती है भारी
अगर आपके वोट पर आपत्ति का नोटिस आए तो इसे हल्के में न लें। यह लापरवाही भारी पड़ सकती है।समय से जवाब न दिया तो वोट कट सकता है।
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प्रदेश में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत अगर आपके वोट पर भी आपत्ति का नोटिस आए तो कतई हल्के में न लें। आपकी लापरवाही के कारण आपका नाम मतदाता सूची से कट सकता है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की ओर से प्रदेशभर में चल रहा एसआईआर अब अंतिम पड़ाव में है।
इसके तहत तमाम विधानसभा क्षेत्रों में मतदाताओं को लेकर आपत्तियां आईं हैं। बड़ी संख्या उन आपत्तियों की है, जिसमें आपत्तिकर्ता ने ये कहा है कि मतदाता अब यहां नहीं रहता। लिहाजा, मतदाताओं के लिए अब वोटर लिस्ट में अपने अस्तित्व को बचाए रखने की बड़ी चुनौती है।
आपत्तिकर्ता जब नोटिस की सुनवाई के दौरान जाएगा तो वहां मतदाता के निवास न करने का प्रमाण भी देना होगा लेकिन मतदाता को भी अपने निवासी होने का प्रमाण ईआरओ या एईआरओ के सामने रखना है। लिहाजा, मतदाता के लिए चुनौती ज्यादा है। ऐसे में अगर बीएलओ के माध्यम से आपके पास फॉर्म-10 का नोटिस आता है तो उस के प्रति सजग रहें। हल्के में न लें। कहीं ऐसा न हो कि आपका वोट ही कट जाए।
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जवाब से ईआरओ संतुष्ट नहीं होंगे तो कट जाएगा वोट
आपत्तियों पर सुनवाई के बाद मतदाता की ओर से दिए गए जवाब से अगर ईआरओ संतुष्ट नहीं होंगे तो उनका वोट कट जाएगा। लिहाजा, मतदाता को इस बात का खास ध्यान रखना होगा कि वह ऐसे प्रमाण के साथ अपना जवाब दे, जिससे ये साबित हो जाए कि वह वहीं का निवासी है। इस मामले में ईआरओ को ही फैसला लेने के लिए अधिकृत किया गया है।