पोलियो वायरस मिलने का मामला: 12,642 बच्चों की जांच में 284 टीकाकरण से छूटे मिले; 12 क्षेत्रों में चला सर्वे
डूंडाहेड़ा सीवेज पानी में पोलियो वायरस मिलने पर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट है। नौ से 14 जून तक 12 क्षेत्रों में बच्चों का विशेष सर्वे हुआ। इसमें विजयनगर-दो में एक एएफपी केस और कई बच्चे टीकाकरण से वंचित मिले।
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डूंडाहेड़ा सीवेज पंपिंग स्टेशन के पानी में वैक्सीन डिराइव्ड पोलियो वायरस (वीडीपीवी) मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। जिले के 12 क्षेत्रों में पांच वर्ष तक के बच्चों का विशेष सर्वे पूरा कर लिया गया है। इसमें विजयनगर-दो क्षेत्र में एक एक्यूट फ्लैसिड पैरालिसिस (एएफपी) केस सामने आया है, जिसकी निगरानी की जा रही है।
नौ से 14 जून तक चले इस अभियान में 107 टीमों ने 12,642 बच्चों की जांच की। इनमें 284 बच्चे पिछली पोलियो राउंड में टीकाकरण से वंचित पाए गए, जबकि 359 बच्चों ने पिछले दो पूरक टीकाकरण अभियान (एसआईए) राउंड में ओपीवी की कम से कम एक खुराक नहीं ली थी। सर्वे के अनुसार, 144 बच्चों को दोनों हालिया राउंड में एक भी डोज नहीं मिली, जबकि 11,523 बच्चों का पूरा टीकाकरण पाया गया।
सबसे अधिक टीकाकरण से वंचित बच्चे खैरातीनगर, विजयनगर, पंचवटी कॉलोनी और कैला भट्ठा क्षेत्र में मिले। इसी दौरान 21 घरों में खसरे के मरीजों की पुष्टि हुई, जबकि एक घर में डिप्थीरिया का पुराना मामला भी सामने आया, जिस पर विभाग ने निगरानी शुरू कर दी है।
जिला सर्विलांस अधिकारी के अनुसार, पांच जून को राज्य सर्विलांस यूनिट से सूचना मिली थी कि विजयनगर सीवेज पंपिंग स्टेशन के पानी के सैंपल में वीडीपीवी की पुष्टि हुई है। इसके बाद एनसीडीसी, राज्य सर्विलांस यूनिट और जिला स्वास्थ्य विभाग ने संयुक्त माइक्रोप्लान बनाकर सर्वे शुरू किया।
अभियान के तहत राजनगर, शास्त्रीनगर, बीएलएस इंडस्ट्रियल एरिया, दौलतपुरा, पंचवटी कॉलोनी, घूकना, हिंडन विहार, कैला भट्ठा, मिर्जापुर, विजयनगर-1, विजयनगर-2 और खैराती नगर में टीमें लगाई गईं। कुल 1.51 लाख आबादी और 30,384 घरों को कवर किया गया। 13 जून तक छह क्षेत्रों में और 14 जून को विजयनगर प्रथम, द्वितीय और खैराती नगर में सर्वे पूरा हुआ। 15 जून को मुख्य चिकित्सा अधिकारी की अध्यक्षता में 12 चिकित्सा इकाइयों के अधिकारियों की बैठक होगी, जिसमें आगे की टीकाकरण रणनीति तय की जाएगी।