{"_id":"6a53f23548709af2fa014468","slug":"4-accused-arrested-for-fraud-in-the-name-of-jobs-at-spicejet-noida-news-c-1-noi1095-4493160-2026-07-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: स्पाइसजेट में नाैकरी के नाम पर ठगी, चार आरोपी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: स्पाइसजेट में नाैकरी के नाम पर ठगी, चार आरोपी गिरफ्तार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
-सेक्टर-2 में अवैध काॅल सेंटर का पुलिस ने किया खुलासा
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। युवाओं को स्पाइस जेट में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले अवैध कॉल सेंटर का खुलासा फेज-वन थाने की पुलिस ने किया है। पुलिस ने सेक्टर-2 से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनपर युवाओं को झांसा देकर करोड़ों रुपये ठगने का आरोप है। उनके पास से आठ मोबाइल, लैपटॉप, 13 सिम कार्ड और बैंक पासबुक मिली हैं। आरोपियों की पहचान मैनपुरी के सुदेश सिंह(36 ) व बृजेश भदौरिया(38), दिल्ली के अर्जुन(23 ) और मध्यप्रदेश के रीवार के संदीप कुमार तिवारी(32 ) के रूप में हुई है।
एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया ऑपरेशन साइ व्रज के तहत पकड़ा गया गिरोह कई युवाओं से ठगी कर चुका था। शिकायत मिलने पर टीम ने प्राथमिकी दर्ज करके जांच शुरू की। आरोपियों ने लोगों को ठगने के लिए क्विकर डॉट कॉम समेत अन्य प्लेटफार्म का उपयोग किया। रिज्यूम से मोबाइल नंबर और पता निकालकर कॉल के माध्यम से युवाओं से संपर्क बनाकर वे स्पाइस जेट में नौकरी का झांसा देते थे। इसके बाद ज्वाइनिंग लेटर जारी करने के लिए प्रोसेसिंग फीस के नाम पर खातों में रकम ट्रांसफर कराते थे। रकम प्राप्त होने के कुछ दिन बाद वे पीड़ित से संपर्क तोड़ लेते थे। इनके खिलाफ विभिन्न राज्यों से एनसीआरपी पोर्टल पर 20 से ज्यादा शिकायतें दर्ज हैं।
नहीं हुई कमाई तो ठग बन गए दोनों भाई
मैनपुरी के सगे भाई सुदेश सिंह और बृजेश भदौरिया लगभग ढाई साल से ठगी में संलिप्त हैं। नौकरी की तलाश में दोनों एनसीआर आए थे। काफी प्रयास करने पर जब सफलता नहीं मिली तो दोनों ने ठगी शुय कर दी। ठगी के साथ वे गिफ्ट डिलीवरी व शोरूम में भी काम करते थे, ताकि पहचान छिपा सकें। सुदेश ने बीसीए किया है, बाकी सदस्य इंटर और हाईस्कूल तक ही पढ़े हैं। मैनपुरी निवासी आरोपी गांव के लोगों को शहर लाकर बैंकों में खाते खुलवाते और जानकारी अपने पास रख लेते। इसके बदले उन्हें प्रतिमाह खर्च देते थे।
विज्ञापन
स्पाइस जेट का पूर्व कर्मचारी बताता था कैसे बनता है ज्वाइनिंग लेटर
गिरोह का सरगना संदीप कुमार तिवारी है। संदीप पहले स्पाइस जेट में ही चतुर्थ श्रेणी की नौकरी करता था। यहां पर लंबे समय तक नौकरी करके उसने एयरलाइन के दस्तावेजों और भर्ती प्रक्रिया की जानकारी हो गई थी। ठगी का काम शुरू करने के लिए संदीप ने इस अनुभव को जरिया बनाया और स्पाइस जेट में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का काम शुरू कर दिया। ठगी के दौरान आरोपी चतुर्थ श्रेणी के पद की नौकरी देने का की झांसा देते थे।
पुलिस से बचने के लिए आरोपी दो से तीन महीने के अंतराल में अपना ठिकाना बदलते थे। जहां से पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लिया उसका किराया 12 हजार रुपये प्रतिमाह था।
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। युवाओं को स्पाइस जेट में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले अवैध कॉल सेंटर का खुलासा फेज-वन थाने की पुलिस ने किया है। पुलिस ने सेक्टर-2 से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनपर युवाओं को झांसा देकर करोड़ों रुपये ठगने का आरोप है। उनके पास से आठ मोबाइल, लैपटॉप, 13 सिम कार्ड और बैंक पासबुक मिली हैं। आरोपियों की पहचान मैनपुरी के सुदेश सिंह(36 ) व बृजेश भदौरिया(38), दिल्ली के अर्जुन(23 ) और मध्यप्रदेश के रीवार के संदीप कुमार तिवारी(32 ) के रूप में हुई है।
एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया ऑपरेशन साइ व्रज के तहत पकड़ा गया गिरोह कई युवाओं से ठगी कर चुका था। शिकायत मिलने पर टीम ने प्राथमिकी दर्ज करके जांच शुरू की। आरोपियों ने लोगों को ठगने के लिए क्विकर डॉट कॉम समेत अन्य प्लेटफार्म का उपयोग किया। रिज्यूम से मोबाइल नंबर और पता निकालकर कॉल के माध्यम से युवाओं से संपर्क बनाकर वे स्पाइस जेट में नौकरी का झांसा देते थे। इसके बाद ज्वाइनिंग लेटर जारी करने के लिए प्रोसेसिंग फीस के नाम पर खातों में रकम ट्रांसफर कराते थे। रकम प्राप्त होने के कुछ दिन बाद वे पीड़ित से संपर्क तोड़ लेते थे। इनके खिलाफ विभिन्न राज्यों से एनसीआरपी पोर्टल पर 20 से ज्यादा शिकायतें दर्ज हैं।
विज्ञापन
नहीं हुई कमाई तो ठग बन गए दोनों भाई
मैनपुरी के सगे भाई सुदेश सिंह और बृजेश भदौरिया लगभग ढाई साल से ठगी में संलिप्त हैं। नौकरी की तलाश में दोनों एनसीआर आए थे। काफी प्रयास करने पर जब सफलता नहीं मिली तो दोनों ने ठगी शुय कर दी। ठगी के साथ वे गिफ्ट डिलीवरी व शोरूम में भी काम करते थे, ताकि पहचान छिपा सकें। सुदेश ने बीसीए किया है, बाकी सदस्य इंटर और हाईस्कूल तक ही पढ़े हैं। मैनपुरी निवासी आरोपी गांव के लोगों को शहर लाकर बैंकों में खाते खुलवाते और जानकारी अपने पास रख लेते। इसके बदले उन्हें प्रतिमाह खर्च देते थे।
विज्ञापन
स्पाइस जेट का पूर्व कर्मचारी बताता था कैसे बनता है ज्वाइनिंग लेटर
गिरोह का सरगना संदीप कुमार तिवारी है। संदीप पहले स्पाइस जेट में ही चतुर्थ श्रेणी की नौकरी करता था। यहां पर लंबे समय तक नौकरी करके उसने एयरलाइन के दस्तावेजों और भर्ती प्रक्रिया की जानकारी हो गई थी। ठगी का काम शुरू करने के लिए संदीप ने इस अनुभव को जरिया बनाया और स्पाइस जेट में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का काम शुरू कर दिया। ठगी के दौरान आरोपी चतुर्थ श्रेणी के पद की नौकरी देने का की झांसा देते थे।
पुलिस से बचने के लिए आरोपी दो से तीन महीने के अंतराल में अपना ठिकाना बदलते थे। जहां से पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लिया उसका किराया 12 हजार रुपये प्रतिमाह था।