नोएडा (संवाद)। सावन का महीना शुरू होते ही शिवालयों में आस्था का रंग और भी ज्यादा गहरा हो गया है। पहले कभी सावन के सोमवार का व्रत सिर्फ महिलाओं की धार्मिक परंपरा मानी जाती थी, लेकिन अब महिलाओं के साथ-साथ युवा और पुरुष भी यह व्रत रख रहे हैं। श्रद्धालुओं का मानना है कि भगवान शिव की आराधना और व्रत करने से हर मनोकामनाएं पूरी होती हैं। सेक्टर-2 स्थित लाल मंदिर के पुजारी सतीश शास्त्री ने बताया कि सावन के सोमवार का व्रत बहुत ही शुभ माना जाता है। व्रत के दिन प्रात स्नान के बाद भगवान शिव का गंगाजल, दूध, दही और शहद से अभिषेक किया जाता है। इसके बाद बेलपत्र, धतुरा, भांग व फल-फूल अर्पित किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले सोमवार में अधिक संख्या में महिलाएं व युवा मंदिर में पूजा-अर्चना कर व्रत की शुरूआत करेंगे। श्रद्धालु गीता ने बताया कि वह दो वर्षों हर सावन मंगला गौरी का व्रत रखती हैं। उन्होंने कहा कि जो महिलाएं किसी कारणवश सोलह सोमवार का व्रत नहीं कर पाती, वह चार मंगला व्रत भी रख सकती हैं। यह व्रत मां गौरी को समर्पित व्रत होता है। उनका कहना है कि यह व्रत भी सोलह सोमवार व्रत जितना ही विशेष माना जाता है। वहीं, सेक्टर 62 निवासी गिरियांश ने बताया कि वह भी इस वर्ष सावन के सोमवार का व्रत रखेंगे। उन्हें इसकी प्रेरणा अपनी मां से मिली जो हर वर्ष सोलह सोमवार का व्रत रखती हैं। उन्होंने बताया कि वह अपने उज्ज्वल भविष्य के लिए यह व्रत रखना चाहते हैं, जिसमें वो सिर्फ फलों का सेवन ही करेंगे।