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Delhi NCR News: सड़कों के किनारों पर नहीं हुई फीलिंग, जरा-सी चूक पड़ सकती है भारी
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मेडिकल रोड, थाना के सामने और बाजार क्षेत्र समेत कई जगह गहरे किनारे बन सकते हैं हादसों की वजह
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। बरसात का मौसम शुरू होते ही नूंह शहर की नई और मरम्मत की गई सड़कों की बड़ी खामी सामने आने लगी है। सड़क एवं लोक निर्माण विभाग और नगर परिषद द्वारा बनाई गई कई सड़कों के किनारों पर आज तक मिट्टी की फीलिंग (शोल्डर फिलिंग) नहीं कराई गई है। इससे सड़क और आसपास की जमीन के बीच कई स्थानों पर एक से डेढ़ फुट तक का स्तर अंतर बन गया है, जो बारिश के दौरान किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकता है।
सबसे अधिक खतरा मेडिकल रोड, शहर थाना के सामने वाले लेटर रोड, मुख्य बाजार और शहर के अन्य व्यस्त मार्गों पर बना हुआ है। यहां सड़क के किनारे गहरे गड्ढेनुमा हालात हैं। हल्की बारिश में भी पानी भरने के बाद वाहन चालकों को यह अंदाजा नहीं लग पाता कि सड़क कहां तक है और किनारा कहां से शुरू हो रहा है। ऐसे में बाइक, स्कूटी, साइकिल और कार का पहिया अचानक नीचे उतर सकता है, जिससे गंभीर दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है।
- बरसात में कई गुना बढ़ जाएगा खतरा
विशेषज्ञों के अनुसार सड़क बनने के बाद उसके दोनों किनारों पर मिट्टी भरकर बराबर करना अनिवार्य होता है। इससे सड़क मजबूत रहती है और वाहन सुरक्षित तरीके से चल पाते हैं। लेकिन नूंह में कई स्थानों पर यह कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है। लगातार बारिश होने पर किनारों की मिट्टी और कट सकती है, जिससे सड़क की नींव भी कमजोर होने का खतरा रहेगा।
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रात के समय या तेज बारिश में दृश्यता कम होने पर यह समस्या और गंभीर हो जाती है। यदि कोई वाहन सड़क से थोड़ा भी किनारे की ओर जाता है तो उसका संतुलन बिगड़ सकता है। खासकर दोपहिया वाहन चालक, एंबुलेंस और स्कूली वाहनों के लिए यह स्थिति बेहद जोखिमभरी मानी जा रही है।
- राहगीरों में नाराजगी
स्थानीय लोग आसिफ अली, अब्दुल रहमान, बद्दन, महेंद्र का कहना है कि सड़क बनने के बाद महीनों बीत चुके हैं, लेकिन किनारों की फीलिंग नहीं की गई। कई बार संबंधित विभागों का ध्यान इस ओर दिलाया गया, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। लोगों का कहना है कि विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार करता दिखाई दे रहा है।
- प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग
शहरवासियों ने जिला प्रशासन, लोक निर्माण विभाग और नगर परिषद से मांग की है कि बारिश के मौसम को देखते हुए सभी सड़कों के किनारों पर तत्काल मिट्टी भराई कराकर उन्हें सड़क के बराबर किया जाए। साथ ही जहां खतरा अधिक है वहां चेतावनी बोर्ड और बैरिकेड लगाए जाएं ताकि किसी की जान जोखिम में न पड़े।
कई जगहों पर मिट्टी जा डाली जानी अभी बकाया है। जल्द ही इस फीलिंग को कराया जाएगा निश्चित तौर पर यह खामी है, इसे जल्द दूर कराया जाएगा।
- प्रदीप कुमार सिंधु, कार्यकारी अभियंता सड़क एवं लोक निर्माण विभाग।
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संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। बरसात का मौसम शुरू होते ही नूंह शहर की नई और मरम्मत की गई सड़कों की बड़ी खामी सामने आने लगी है। सड़क एवं लोक निर्माण विभाग और नगर परिषद द्वारा बनाई गई कई सड़कों के किनारों पर आज तक मिट्टी की फीलिंग (शोल्डर फिलिंग) नहीं कराई गई है। इससे सड़क और आसपास की जमीन के बीच कई स्थानों पर एक से डेढ़ फुट तक का स्तर अंतर बन गया है, जो बारिश के दौरान किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकता है।
सबसे अधिक खतरा मेडिकल रोड, शहर थाना के सामने वाले लेटर रोड, मुख्य बाजार और शहर के अन्य व्यस्त मार्गों पर बना हुआ है। यहां सड़क के किनारे गहरे गड्ढेनुमा हालात हैं। हल्की बारिश में भी पानी भरने के बाद वाहन चालकों को यह अंदाजा नहीं लग पाता कि सड़क कहां तक है और किनारा कहां से शुरू हो रहा है। ऐसे में बाइक, स्कूटी, साइकिल और कार का पहिया अचानक नीचे उतर सकता है, जिससे गंभीर दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है।
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- बरसात में कई गुना बढ़ जाएगा खतरा
विशेषज्ञों के अनुसार सड़क बनने के बाद उसके दोनों किनारों पर मिट्टी भरकर बराबर करना अनिवार्य होता है। इससे सड़क मजबूत रहती है और वाहन सुरक्षित तरीके से चल पाते हैं। लेकिन नूंह में कई स्थानों पर यह कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है। लगातार बारिश होने पर किनारों की मिट्टी और कट सकती है, जिससे सड़क की नींव भी कमजोर होने का खतरा रहेगा।
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रात के समय या तेज बारिश में दृश्यता कम होने पर यह समस्या और गंभीर हो जाती है। यदि कोई वाहन सड़क से थोड़ा भी किनारे की ओर जाता है तो उसका संतुलन बिगड़ सकता है। खासकर दोपहिया वाहन चालक, एंबुलेंस और स्कूली वाहनों के लिए यह स्थिति बेहद जोखिमभरी मानी जा रही है।
- राहगीरों में नाराजगी
स्थानीय लोग आसिफ अली, अब्दुल रहमान, बद्दन, महेंद्र का कहना है कि सड़क बनने के बाद महीनों बीत चुके हैं, लेकिन किनारों की फीलिंग नहीं की गई। कई बार संबंधित विभागों का ध्यान इस ओर दिलाया गया, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। लोगों का कहना है कि विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार करता दिखाई दे रहा है।
- प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग
शहरवासियों ने जिला प्रशासन, लोक निर्माण विभाग और नगर परिषद से मांग की है कि बारिश के मौसम को देखते हुए सभी सड़कों के किनारों पर तत्काल मिट्टी भराई कराकर उन्हें सड़क के बराबर किया जाए। साथ ही जहां खतरा अधिक है वहां चेतावनी बोर्ड और बैरिकेड लगाए जाएं ताकि किसी की जान जोखिम में न पड़े।
कई जगहों पर मिट्टी जा डाली जानी अभी बकाया है। जल्द ही इस फीलिंग को कराया जाएगा निश्चित तौर पर यह खामी है, इसे जल्द दूर कराया जाएगा।
- प्रदीप कुमार सिंधु, कार्यकारी अभियंता सड़क एवं लोक निर्माण विभाग।