‘कभी-कभी दोस्ती मोहब्बत की जगह ले लेती है और फिर मोहब्बत के लिए ही जगह नहीं रहती है’ दुल्हन के लिबास में बैठी माया (रानी मुखर्जी) फिल्म के शुरुआती सीन में यह बात देव (शाहरुख खान) के किरदार से कहती है।
20 Years of KANK: फिल्म रिलीज के बाद हुए कई तलाक, क्यों कटा शाहरुख-रानी का इंटीमेट सीन? पढ़ें अनसुने किस्से
20 Years Of Movie Kabhi Alvida Naa Kehna: करण जौहर निर्देशित और शाहरुख खान, रानी मुखर्जी अभिनीत फिल्म ‘कभी अलविदा ना कहना’ को आज 20 साल पूरे हो चुके हैं। फिल्म को आज भी इसकी अलग तरह की कहानी और गीतों के लिए याद किया जाता है। यहां जानिए, इस फिल्म से जुड़े कुछ अनसुने किस्से।
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करण जौहर को कहां से मिली कहानी की प्रेरणा?
फिल्म ‘कभी अलविदा ना कहना’ के निर्देशक करण जौहर थे। इस फिल्म की कहानी की प्रेरणा उन्हें अपने एक दोस्त की जिंदगी से मिली थी। साल 2004 में करण जौहर लंदन गए थे, एक पार्टी में अपने दोस्त से वह बात कर रहे थे, उन्होंने दोस्त की जिंदगी से जुड़ी एक कहानी को सुना और उससे प्रेरित हो गए।
बता दें कि फिल्म में देव (शाहरुख खान) की कहानी, करण जौहर के दोस्त की कहानी से मिलती है। इस कहानी को सुनते ही करण जौहर ने फिल्म बनाने का मन बना लिया था।
क्यों शाहरुख और रानी के बीच का इंटीमेट सीन कैंसिल किया गया?
फिल्म में शाहरुख और रानी मुखर्जी के किरदार शादीशुदा थे, लेकिन दोनों को एक-दूसरे से प्यार हो जाता है। कहानी के मुताबिक दोनों के बीच एक इंटीमेट सीन भी फिल्माया जाना था।
सेट पर यह सीन शूट भी होने वाला था पर ऐन मौके पर करण जौहर को आदित्य चोपड़ा का फोन आया यह सीन स्क्रिप्ट से हटा दिया गया। इसे शूट ही नहीं किया गया।
इस बारे में एक पुराने इंटरव्यू में करण जौहर कहते हैं, ‘आदि ने मुझे फोन किया। वह बोले कि शाहरुख और रानी पर बोल्ड सीन नहीं फिल्माना चाहिए। उन्हें लगता था कि भारत में इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। हम दोनों के बीच फोन पर इस बात को लेकर बड़ा झगड़ा हुआ। बहुत बाद में जब मैंने इसके बारे में सोचा तो लगा कि वह सही थे।’
बता दें कि इस फिल्म के डिस्ट्रीब्यूशन का काम आदित्य चोपड़ा की यशराज फिल्म्स ने संभाला था।
क्या सच में फिल्म रिलीज होने के बाद हुए कई तलाक?
बॉलीवुड अभिनेत्री रानी मुखर्जी ने 54वें भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में इस बात का जिक्र किया था कि फिल्म ‘कभी अलविदा ना कहना’ के बाद कई तलाक हुए थे। रानी ने इवेंट में कहा था, ‘मुझे लगता है कि ‘कभी अलविदा ना कहना’ के बाद बहुत सारे तलाक हुए। बहुत सारे लोग थिएटर जा रहे थे और अत्यधिक असुविधा के साथ फिल्म देख रहे थे।'
वह आगे कहती हैं, 'मुझे लगता है कि यह वह प्रतिक्रिया है जो करण को उनकी फिल्म के लिए मिली थी। मुझे लगता है कि इस फिल्म ने कई लोगों की आंखें खोल दीं और उन्होंने खुश होने का फैसला लिया।'
क्यों रानी नही थीं पहली पसंद?
फिल्म ‘कभी अलविदा ना कहना’ में रानी मुखर्जी ने माया का किरदार बड़ी खूबसूरती से निभाया था। लेकिन इस रोल के लिए वह पहली पसंद नहीं थीं। यह रोल पहले करण जौहर ने काजोल को ऑफर किया था। लेकिन उस वक्त काजोल ‘फना’ फिल्म की शूटिंग में व्यस्त थीं। ऐसे में यह फिल्म आगे चलकर रानी मुखर्जी काे मिली।