फिल्म ‘द किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स’ पूरी दुनिया मे रिलीज हो चुकी है। कहानी का आधार वही ‘प्लैनट ऑफ द एप्स’ है जिसे पहली बार परदे पर 1968 में उतारा गया था। हालांकि तब कहानी एक ऐसे ग्रह पर पहुंचे इंसानों की थी, जहां वानर राज कायम है। फिर इस कहानी में तब्दीलियां हुई। इसे धरती पर ही इंसानों के बनाए विषाणु से जोड़ा गया। पिछली तीन फिल्में इस सीरीज की सुपरहिट रहीं। ‘राइज’, ‘डान’ और ‘वॉर’ के आखिर में सीजर की मौत के बाद अब इस फ्रेंचाइजी ने नई करवट ली है। तीन नई फिल्मों में एक नई कहानी दिखाने की शुरुआत फिल्म ‘किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स’ से हो चुकी है, ये इस रीबूट वर्जन ट्रायलॉजी की पहली फिल्म है।
Kingdom of the Planet of the Apes: इन सितारों ने की परदे के लंगूरों की कमाल एक्टिंग, समझिए मोशन कैप्चर क्राफ्ट
फिल्म 'किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स' रिलीज होने के बाद से ही अपनी तकनीक को लेकर सुर्खियां बटोर रही है। इस फिल्म में मोशन कैप्चर तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। इससे पहले ‘अवतार’, ‘किंग कॉन्ग’ और ‘बैटल एंजिल’ जैसी फिल्में भी इसी तकनीक पर बन चुकी है।
अब बात करते हैं फिल्म ‘किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स’ की। जैसा कि हम चर्चा कर चुके हैं इस फिल्म का हीरो है ईगल कुनबे के सरदार का बेटा नोआ। नोआ एक ऐसा किरदार है जो मासूम भी है और जरूरत पड़ने पर वह सख्त भी हो जाता है। इस किरदार को निभाने के लिए फिल्म के निर्माताओं ने ओवेन टीग को लिया जो वार्नर ब्रदर्स की हॉरर फ्रेंचाइजी फिल्मों ‘इट’ और ‘इट चैप्टर 2’ से युवा दर्शकों के बीच काफी लोकप्रिय हो चुके हैं। फिल्म के निर्माता खुद मानते हैं कि ‘किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स’ में नोआ का किरदार करने के लिए उन्हें ऐसा कलाकार चाहिए था जो इस नई फिल्मत्रयी को आगे ले जा सके। ओवेन के मिलने को फिल्म के निर्देशक वेस बॉल किसी चमत्कार से कम नहीं मानते हैं। फिल्म में अपने किरदार को समझने के लिए ओवेन टीग ने लंबा समय फ्लोरिडा के एक लंगूर अभयारण्य में बिताया है।
फिल्म ‘किंगडम ऑफ द प्लैनेट ऑफ द एप्स’ में लंगूरों का दूसरा अहम किरदार है, फिल्म के विलेन प्रॉक्सिमस सीजर का। ये किरदार अभिनेता केविन डुरांड ने निभाया है। ‘लॉस्ट’, ‘एक्स मेन ओरिजिन्स- द वूल्वरीन’ और ‘लेजन’ में दर्शकों को प्रभावित करने में सफल रहे केविन यहां उस तानाशाह की भूमिका में है जिसे इंसानों के बचे खुचे राज पता करने हैं और वह उस जगह तक पहुंच भी जाता है, जहां मौजूद इंसानी हथियार उसे सर्वशक्तिमान बना सकते हैं। उसने अपना नाम प्रॉक्सिमस सीजर रखा है। सीजर लंगूरों का एक आदर्श राजा रहा है। और, प्रॉक्सिमस को सीजर मानने से सबसे पहले नोआ ही इन्कार करता है।