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टीईटी : जीएस के घुमावदार सवालों ने उलझाया, भाषा ने दी राहत
Fri, 03 Jul 2026 02:41 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Fri, 03 Jul 2026 02:41 AM IST
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गोरखपुर। तीन दिनों तक चलने वाली शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) बृहस्पतिवार को शुरू हो गई। पहले दिन सामान्य अध्ययन के घुमावदार सवालों ने अभ्यर्थियों को उलझाया तो गणित, भाषा और मनोविज्ञान से जुड़े सवालों ने राहत दी।
पहले दिन शहर के 32 केंद्रों पर दो पालियों में परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। परीक्षा में शामिल होने के लिए सुबह से ही अभ्यर्थी केंद्रों पर पहुंचने लगे। पहले दिन कुल 29,230 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें से 25,946 उपस्थित व 3284 अनुपस्थित रहे। यानी 88.74 फीसदी ने परीक्षा दी, जबकि 11.26 प्रतिशत ने छोड़ दी।
पहली पाली की सुबह नौ से दोपहर 12 बजे तक आयोजित परीक्षा में कुल पंजीकृत 14,615 में से 12,899 उपस्थित और 1716 अनुपस्थित रहे। इसी तरह दूसरी पाली की दोपहर 12 से शाम पांच बजे तक आयोजित परीक्षा में पंजीकृत 14,615 में से 13047 उपस्थित व 1568 अनुपस्थित रहे।
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केंद्रों के बाहर रहे सुरक्षा के कड़े इंतजाम
सभी केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों की पहचान पत्र और प्रवेश पत्र का मिलान किया गया। इसके बाद गहन जांच के बाद प्रवेश दिया गया। परीक्षा के दौरान नोडल अधिकारी एडीएम सिटी के साथ ही अन्य अधिकारियों ने विभिन्न केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्था का जायजा लिया।
बोले अभ्यर्थी
मनोविज्ञान के अधिकांश प्रश्न सीधे थे लेकिन जीएस के सवालों ने काफी सोचने पर मजबूर किया। कई ऐसे घुमावदार प्रश्न रहे जिनको हल करने में अधिक समय लगा।
सच्ची सिंह, अभ्यर्थी, महराजगंज
भाषा और गणित का पेपर संतुलित था, जबकि सामान्य अध्ययन के कई प्रश्नों ने ज्यादा समय लिया। घुमावदार प्रश्न होने से उसको हल करने में समय लगा। हालांकि सभी प्रश्न ठीक से नहीं हो पाए।
कुमकुम यादव, अभ्यर्थी, महराजगंज
पेपर का स्तर सामान्य से थोड़ा कठिन रहा। मनोविज्ञान के प्रश्न आसान रहे, जबकि जीएस के घुमावदार प्रश्नों को हल करने में कठिनाई हुई।
आशु सिंह, अभ्यर्थी, देवरिया
आसान प्रश्नों को हल करने में कठिनाई नही हुई। जीएस के प्रश्न आमतौर पर कठिन रहे। हल करने में थोड़ा समय लगा। वहीं बाल मनोविज्ञान के प्रश्र आसान रहे।
अनुराग, अभ्यर्थी, आजमगढ़
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पहले दिन शहर के 32 केंद्रों पर दो पालियों में परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। परीक्षा में शामिल होने के लिए सुबह से ही अभ्यर्थी केंद्रों पर पहुंचने लगे। पहले दिन कुल 29,230 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें से 25,946 उपस्थित व 3284 अनुपस्थित रहे। यानी 88.74 फीसदी ने परीक्षा दी, जबकि 11.26 प्रतिशत ने छोड़ दी।
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पहली पाली की सुबह नौ से दोपहर 12 बजे तक आयोजित परीक्षा में कुल पंजीकृत 14,615 में से 12,899 उपस्थित और 1716 अनुपस्थित रहे। इसी तरह दूसरी पाली की दोपहर 12 से शाम पांच बजे तक आयोजित परीक्षा में पंजीकृत 14,615 में से 13047 उपस्थित व 1568 अनुपस्थित रहे।
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केंद्रों के बाहर रहे सुरक्षा के कड़े इंतजाम
सभी केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों की पहचान पत्र और प्रवेश पत्र का मिलान किया गया। इसके बाद गहन जांच के बाद प्रवेश दिया गया। परीक्षा के दौरान नोडल अधिकारी एडीएम सिटी के साथ ही अन्य अधिकारियों ने विभिन्न केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्था का जायजा लिया।
बोले अभ्यर्थी
मनोविज्ञान के अधिकांश प्रश्न सीधे थे लेकिन जीएस के सवालों ने काफी सोचने पर मजबूर किया। कई ऐसे घुमावदार प्रश्न रहे जिनको हल करने में अधिक समय लगा।
सच्ची सिंह, अभ्यर्थी, महराजगंज
भाषा और गणित का पेपर संतुलित था, जबकि सामान्य अध्ययन के कई प्रश्नों ने ज्यादा समय लिया। घुमावदार प्रश्न होने से उसको हल करने में समय लगा। हालांकि सभी प्रश्न ठीक से नहीं हो पाए।
कुमकुम यादव, अभ्यर्थी, महराजगंज
पेपर का स्तर सामान्य से थोड़ा कठिन रहा। मनोविज्ञान के प्रश्न आसान रहे, जबकि जीएस के घुमावदार प्रश्नों को हल करने में कठिनाई हुई।
आशु सिंह, अभ्यर्थी, देवरिया
आसान प्रश्नों को हल करने में कठिनाई नही हुई। जीएस के प्रश्न आमतौर पर कठिन रहे। हल करने में थोड़ा समय लगा। वहीं बाल मनोविज्ञान के प्रश्र आसान रहे।
अनुराग, अभ्यर्थी, आजमगढ़