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डॉक्टर की सलाह: डायबिटीज मरीजों के लिए लाभकारी है गिलोय, ऐसे कर सकते हैं शुगर लेवल कंट्रोल

Fri, 18 Jun 2021 03:10 PM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Fri, 18 Jun 2021 03:10 PM IST
सार

 गिलोय के रूप में प्रकृति ने हमें ऐसा वरदान दिया है, जिससे न सिर्फ कोविड वायरस के प्रकोप से बचा जा सकता है, बल्कि शरीर में होने वाले विभिन्न रोगों में भी यह औषधि आश्चर्यजनक फायदा देती है।

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Giloy beneficial for diabetic patients know about special information
गिलोय। (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

आज के इस बदलते दौर में डायबिटीज (मधुमेह) की बीमारी आम बात हो गई है। इसमें एक बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है कि यह बीमारी कम उम्र के लोगों को भी चपेट में ले रहा है। यह सब खराब लाइफस्टाइल की वजह से होता है। आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. अशोक कुमार गौतम बताते हैं कि घरेलू नुस्खे से भी इसे काबू में किया जा सकता है।

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गिलोय शुगर लेवल करेगा कंट्रोल
उन्होंने बताया कि गिलोय की बेल विभिन्न पेड़ों मसलन, नीम, आम आदि पर पसरी हुई मिलती है। इस पर पीले-हरे रंग के फूल झुंड में लगते हैं। पत्ते कोमल पान के आकार के तथा फल मटर के दाने जैसे होते हैं। यह लता कभी सूखती नहीं है और न ही कभी नष्ट होती है।
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जिस वृक्ष पर चढ़ती है उस वृक्ष के कुछ गुण भी अपने अंदर समाहित कर लेती है। इसीलिए नीम वृक्ष पर चढ़ी गिलोय को श्रेष्ठ माना जाता है। इसमें गिलोइन नाम का एक कड़वा ग्लूकोसाइड तथा तीन प्रकार के एल्कोलाइट होते हैं। इसमें एक प्रमुख यौगिक बर्बेरीन पाया जाता है। यह त्रिदोष शामक, हृदय को बल देने वाला, रक्त विकार तथा पांडु रोग में गुणकारी है। कास, दौर्बल्य, प्रमेह, मधुमेह त्वचा के रोगों में तथा कई प्रकार के ज्वर में उत्तम कार्य करता है।
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इस तरह करें उपयोग

गिलोय स्वरस 20 ग्राम में 1 ग्राम पिप्पली चूर्ण तथा एक चम्मच मधु मिलाकर सुबह व शाम को प्रयोग करें। इससे जीर्ण ज्वर, कास, अरुचि प्लीहा रोग आदि नष्ट होते हैं। गिलोय के स्वरस में पाषाणभेद का चूर्ण 2 ग्राम मिलाकर एक चम्मच शहद के साथ दिन में तीन चार बार चाटने से मूत्रकृच्छ रोग मिटता है। गिलोय के रस का गुड़ के साथ सेवन करने से कब्ज मिटता है।

मिश्री के साथ सेवन करने से पित्त के उपद्रव शांत होते हैं। मधु के साथ सेवन करने से कफ से निजात मिलती है, सोंठ के साथ सेवन करने से आमवात नष्ट होता है। काली मिर्च और उष्ण जल के साथ सेवन करने से भी लाभ मिलता है। कोविड-19 के कम लक्षण वाले रोगियों में भी आयुष मंत्रालय द्वारा संशमनी वटी के नाम से इसे प्रयोग करने की अनुमति दी गई है।

डायिबिटीज मरीज ऐसे करें गिलोय का सेवन
गिलोय के कुछ पत्ते लें और उन्हें अच्छी तरह से पानी से धो लें। इन पत्तों को 400 मिली लीटर पानी में उबालें, पानी को तब तक उबालें जब तक पानी आधा ना रह जाए। अब इस पानी को छानकर गिलास में कर लें। गिलास में 2 से 3 चुटकी काली मिर्च पाउडर डालें, एक दिन में ये पानी 10 से 15 मिली तक दिन में दो बार लें।

नियमित इसका सेवन करने से शुगर लेवल कंट्रोल रहेगा। गिलोय का सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए, ज्यादा सेवन करना हानिकारक हो सकता है। अगर किसी को गंभीर समस्या है तो इसका सेवन करने से पहले डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

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