{"_id":"695ebef79e1ead2c9b068c91","slug":"candidates-submitted-memorandum-to-former-cm-against-hpscs-35-cut-off-chandigarh-haryana-news-c-16-1-pkl1089-917382-2026-01-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh-Haryana News: एचपीएससी की 35% कट-ऑफ के खिलाफ अभ्यर्थियों ने पूर्व सीएम को ज्ञापन साैंपा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh-Haryana News: एचपीएससी की 35% कट-ऑफ के खिलाफ अभ्यर्थियों ने पूर्व सीएम को ज्ञापन साैंपा
विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो -
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) की 35 फीसदी न्यूनतम अंक नीति का विरोध करते हुए पंचकूला में धरने पर बैठे अभ्यर्थियों के प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को ज्ञापन सौंपा है। अभ्यर्थियों ने बताया कि कट-ऑफ नीति के कारण असिस्टेंट प्रोफेसर और पीजीटी के हजारों पद खाली हैं जबकि योग्य उम्मीदवार उपलब्ध हैं। इस दाैरान हरियाणा कौशल रोजगार निगम के कर्मी भी हुड्डा को ज्ञापन देने पहुंचे।
एचपीएससी के अभ्यार्थियों ने मांग की कि एसकेटी/सब्जेक्टिव पेपर में 35 फीसदी अंक की अनिवार्यता तुरंत खत्म होनी चाहिए। सभी विषयों के एग्जाम दोबारा करवाए जाएं, पदों की संख्या के अनुसार इंटरव्यू के लिए दोगुने उम्मीदवार बुलाए जाएं, मूल्यांकन प्रक्रिया पारदर्शी हो और खाली पद तुरंत भरे जाएं। हुड्डा ने अभ्यर्थियों की मांगों का समर्थन करते हुए सरकार से आग्रह किया कि युवाओं की समस्याओं का तुरंत समाधान किया जाए और भाजपा को हरियाणवी विरोधी रवैया छोड़कर प्रदेश हित में काम करना चाहिए।
एचकेआरएन कर्मियों ने कहा कि कई कर्मचारियों का नाम पोर्टल पर नहीं दिख रहा और उन्हें तीन महीने से वेतन नहीं मिला। हुड्डा ने कहा है कि अधिकारी इन कर्मचारियों के वेतन का ब्याज सहित जल्द से जल्द भुगतान करें।
Trending Videos
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) की 35 फीसदी न्यूनतम अंक नीति का विरोध करते हुए पंचकूला में धरने पर बैठे अभ्यर्थियों के प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को ज्ञापन सौंपा है। अभ्यर्थियों ने बताया कि कट-ऑफ नीति के कारण असिस्टेंट प्रोफेसर और पीजीटी के हजारों पद खाली हैं जबकि योग्य उम्मीदवार उपलब्ध हैं। इस दाैरान हरियाणा कौशल रोजगार निगम के कर्मी भी हुड्डा को ज्ञापन देने पहुंचे।
एचपीएससी के अभ्यार्थियों ने मांग की कि एसकेटी/सब्जेक्टिव पेपर में 35 फीसदी अंक की अनिवार्यता तुरंत खत्म होनी चाहिए। सभी विषयों के एग्जाम दोबारा करवाए जाएं, पदों की संख्या के अनुसार इंटरव्यू के लिए दोगुने उम्मीदवार बुलाए जाएं, मूल्यांकन प्रक्रिया पारदर्शी हो और खाली पद तुरंत भरे जाएं। हुड्डा ने अभ्यर्थियों की मांगों का समर्थन करते हुए सरकार से आग्रह किया कि युवाओं की समस्याओं का तुरंत समाधान किया जाए और भाजपा को हरियाणवी विरोधी रवैया छोड़कर प्रदेश हित में काम करना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
एचकेआरएन कर्मियों ने कहा कि कई कर्मचारियों का नाम पोर्टल पर नहीं दिख रहा और उन्हें तीन महीने से वेतन नहीं मिला। हुड्डा ने कहा है कि अधिकारी इन कर्मचारियों के वेतन का ब्याज सहित जल्द से जल्द भुगतान करें।