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Charkhi Dadri News: वाटर शेयरिंग योजना को स्वीकृति दिलवाने पर दक्षिणी हरियाणा को सबसे अधिक लाभ मिलेगा
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Mon, 12 Jan 2026 02:02 AM IST
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पूर्व मंत्री जेपी दलाल।
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बाढड़ा। प्रदेश सरकार की वाटर शेयरिंग स्कीम से लंबे समय से समान पानी से वंचित रहे बाढड़ा, लोहारु, दादरी, भिवानी सहित समस्त दक्षिणी हरियाणा को सबसे अधिक लाभ मिलेगा। लगभग 30 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली इस बहुउद्देशीय योजना के लिए क्षेत्र के किसान पूर्व कृषि, वित्त मंत्री जयप्रकाश दलाल के आभारी रहेंगे।
यह बात नंबरदार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष देवीलाल काकड़ौली, युवा किसान नेता शक्ति पहलवान, रवि शंकर शर्मा आदि ने पानी शेयरिंग मिशन पर खुशी व्यक्त करते हुए कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री जयप्रकाश दलाल के प्रयासों से वर्ष 2024 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल व मौजूदा सीएम नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में इस ऐतिहासिक जल शेयरिंग परियोजना की रूपरेखा तैयार की गई थी। वह अब प्रदेश के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के प्रयासों से धरातल पर साकार होने जा रही है।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत पाइपलाइन के माध्यम से हथिनीकुंड बैराज से यमुना नदी का पानी सीधे राजस्थान से सटे भिवानी, दादरी जिले तक पहुंचाया जाएगा। इससे विशेष रूप से बाढड़ा, लोहारू एवं सिवानी के टेल क्षेत्र में पेयजल एवं सिंचाई के लिए नहरी जलस्तर में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी होगी और वर्षों से चली आ रही जल संकट की गंभीर समस्या का स्थायी समाधान संभव हो सकेगा।
इसके साथ ही हथिनीकुंड बैराज में क्षमता से अधिक जलस्तर की स्थिति में राजस्थान भी इस परियोजना के अंतर्गत अपने निर्धारित जल हिस्से के माध्यम से अपने सीमावर्ती जिलों की पेयजल आवश्यकताओं की पूर्ति कर सकेगा। इससे न केवल अंतरराज्यीय सहयोग को मजबूती मिलेगी, बल्कि जल संतुलन की दिशा में भी एक सकारात्मक उदाहरण स्थापित होगा। इस परियोजना के अंतर्गत पाइपलाइन के समानांतर एक स्टेट हाईवे के निर्माण का प्रस्ताव भी रखा गया है, जिससे क्षेत्र को बहुआयामी लाभ मिलेगा।
करीब 30 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना के पूर्ण होने पर पानी का समुचित और नियोजित उपयोग सुनिश्चित होगा। इससे हरियाणा के सीमावर्ती क्षेत्रों खासकर हिसार, भिवानी व दादरी जिले के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
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यह बात नंबरदार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष देवीलाल काकड़ौली, युवा किसान नेता शक्ति पहलवान, रवि शंकर शर्मा आदि ने पानी शेयरिंग मिशन पर खुशी व्यक्त करते हुए कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री जयप्रकाश दलाल के प्रयासों से वर्ष 2024 में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल व मौजूदा सीएम नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में इस ऐतिहासिक जल शेयरिंग परियोजना की रूपरेखा तैयार की गई थी। वह अब प्रदेश के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के प्रयासों से धरातल पर साकार होने जा रही है।
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इस महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत पाइपलाइन के माध्यम से हथिनीकुंड बैराज से यमुना नदी का पानी सीधे राजस्थान से सटे भिवानी, दादरी जिले तक पहुंचाया जाएगा। इससे विशेष रूप से बाढड़ा, लोहारू एवं सिवानी के टेल क्षेत्र में पेयजल एवं सिंचाई के लिए नहरी जलस्तर में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी होगी और वर्षों से चली आ रही जल संकट की गंभीर समस्या का स्थायी समाधान संभव हो सकेगा।
इसके साथ ही हथिनीकुंड बैराज में क्षमता से अधिक जलस्तर की स्थिति में राजस्थान भी इस परियोजना के अंतर्गत अपने निर्धारित जल हिस्से के माध्यम से अपने सीमावर्ती जिलों की पेयजल आवश्यकताओं की पूर्ति कर सकेगा। इससे न केवल अंतरराज्यीय सहयोग को मजबूती मिलेगी, बल्कि जल संतुलन की दिशा में भी एक सकारात्मक उदाहरण स्थापित होगा। इस परियोजना के अंतर्गत पाइपलाइन के समानांतर एक स्टेट हाईवे के निर्माण का प्रस्ताव भी रखा गया है, जिससे क्षेत्र को बहुआयामी लाभ मिलेगा।
करीब 30 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना के पूर्ण होने पर पानी का समुचित और नियोजित उपयोग सुनिश्चित होगा। इससे हरियाणा के सीमावर्ती क्षेत्रों खासकर हिसार, भिवानी व दादरी जिले के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।