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Kaithal News: पानी के 60 अवैध कनेक्शन काटे, 1110 लोगों को दिए नोटिस
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शहर की एक कालोनी में जांच करती विभाग की टीम। विभाग
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कैथल। जनस्वास्थ्य विभाग की अनुमति के बिना अगर पाइपलाइन से पानी के कनेक्शन जोड़े तो कार्रवाई की जाएगी। व्यवस्था को दुरुस्त करने और पानी की चोरी रोकने के लिए जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने मुख्य पाइपलाइन से बिना अनुमति के अवैध कनेक्शन जोड़ने वाले 1,110 उपभोक्ताओं को चिन्हित कर उन्हें कारण बताओ नोटिस थमाया है। विभाग ने दो टूक चेतावनी दी है कि यदि अगले 10 दिनों के भीतर इन कनेक्शनों को नियमों के तहत वैध नहीं कराया गया, तो उनकी पानी की सप्लाई तुरंत बंद कर दी जाएगी।
विभाग की ओर से चेतावनी देने के बाद भी जिन 60 उपभोक्ताओं ने अवैध कनेक्शनों को वैध नहीं कराया था, विभाग की टीमों ने उनके कनेक्शन काट दिए हैं। इन सभी की पानी की सप्लाई पूरी तरह ठप कर दी गई है। विभाग के अनुसार, नोटिस पाने वाले उपभोक्ता तय समय सीमा के भीतर अपने नजदीकी विभागीय कार्यालय में जाकर आवश्यक दस्तावेज जमा कराएं। निर्धारित शुल्क भरकर अपने कनेक्शन को तुरंत वैध करवाएं ताकि कनेक्शन काटने की नौबत न आए।
जिले में 1.54 लाख कनेक्शन, सात टीमों की जांच
वर्तमान में जिलेभर में कुल 1.54 लाख वैध पानी के कनेक्शन हैं। इनमें से सबसे बड़ी संख्या ग्रामीण क्षेत्रों की है, जहां देहात में 1.30 लाख कनेक्शन हैं। वहीं शहरी क्षेत्रों में वैध कनेक्शनों की संख्या 24,400 है। अवैध कनेक्शनों और पानी की बर्बादी का पता लगाने के लिए विभाग की तरफ से विशेष रूप से सात टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें सुबह और शाम के समय मैदान में उतरकर सघन चेकिंग अभियान चला रही हैं। मुख्य पाइपलाइन से सीधे बूस्टर या टुल्लू पंप लगाने वालों और बिना अनुमति कनेक्शन लेने वालों पर ये टीम कार्रवाई कर रही हैं।
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पानी चोरी को रोकने के लिए सात टीमें गठित की गई हैं। जो अवैध कनेक्शन वालों को नाेटिस थमा रही हैं। जो तय समय में कनेक्शन को वैध नहीं कराएगा, उसकी सप्लाई बंद कर दी जाएगी। उन्होंने आम जनता से अपील की है कि पानी अमूल्य है, इसे बर्बाद न करें और न ही अवैध तरीके से इसका दोहन करें। यदि तय समय के बाद भी लोग लापरवाही बरतते हैं, तो पानी की सप्लाई काटने के साथ-साथ उनके खिलाफ जुर्माना भी लगाया जा सकता है। - गोपाल वैद, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग
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विभाग की ओर से चेतावनी देने के बाद भी जिन 60 उपभोक्ताओं ने अवैध कनेक्शनों को वैध नहीं कराया था, विभाग की टीमों ने उनके कनेक्शन काट दिए हैं। इन सभी की पानी की सप्लाई पूरी तरह ठप कर दी गई है। विभाग के अनुसार, नोटिस पाने वाले उपभोक्ता तय समय सीमा के भीतर अपने नजदीकी विभागीय कार्यालय में जाकर आवश्यक दस्तावेज जमा कराएं। निर्धारित शुल्क भरकर अपने कनेक्शन को तुरंत वैध करवाएं ताकि कनेक्शन काटने की नौबत न आए।
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जिले में 1.54 लाख कनेक्शन, सात टीमों की जांच
वर्तमान में जिलेभर में कुल 1.54 लाख वैध पानी के कनेक्शन हैं। इनमें से सबसे बड़ी संख्या ग्रामीण क्षेत्रों की है, जहां देहात में 1.30 लाख कनेक्शन हैं। वहीं शहरी क्षेत्रों में वैध कनेक्शनों की संख्या 24,400 है। अवैध कनेक्शनों और पानी की बर्बादी का पता लगाने के लिए विभाग की तरफ से विशेष रूप से सात टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें सुबह और शाम के समय मैदान में उतरकर सघन चेकिंग अभियान चला रही हैं। मुख्य पाइपलाइन से सीधे बूस्टर या टुल्लू पंप लगाने वालों और बिना अनुमति कनेक्शन लेने वालों पर ये टीम कार्रवाई कर रही हैं।
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पानी चोरी को रोकने के लिए सात टीमें गठित की गई हैं। जो अवैध कनेक्शन वालों को नाेटिस थमा रही हैं। जो तय समय में कनेक्शन को वैध नहीं कराएगा, उसकी सप्लाई बंद कर दी जाएगी। उन्होंने आम जनता से अपील की है कि पानी अमूल्य है, इसे बर्बाद न करें और न ही अवैध तरीके से इसका दोहन करें। यदि तय समय के बाद भी लोग लापरवाही बरतते हैं, तो पानी की सप्लाई काटने के साथ-साथ उनके खिलाफ जुर्माना भी लगाया जा सकता है। - गोपाल वैद, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग

शहर की एक कालोनी में जांच करती विभाग की टीम। विभाग