{"_id":"69ad6260a33dd26c930dc03e","slug":"doctors-strike-ends-after-four-days-2026-03-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haryana: चार दिन बाद खत्म हुई डॉक्टरों की हड़ताल, कल से प्रदेशभर में सामान्य होंगी स्वास्थ्य सेवाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haryana: चार दिन बाद खत्म हुई डॉक्टरों की हड़ताल, कल से प्रदेशभर में सामान्य होंगी स्वास्थ्य सेवाएं
माई सिटी रिपोर्टर, करनाल
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Sun, 08 Mar 2026 05:20 PM IST
विज्ञापन
सार
हड़ताल समाप्त करने का फैसला रविवार को पूरे दिन चली प्रदेश स्तरीय बैठक के बाद लिया गया। इस बैठक में डॉक्टर एसोसिएशन के राज्य स्तरीय प्रतिनिधियों के साथ विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों ने भाग लिया।
डॉक्टरों की हड़ताल समाप्त
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
घरौंडा में ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर के साथ हुए दुर्व्यवहार के विरोध में पिछले चार दिनों से जारी चिकित्सकों की हड़ताल रविवार को समाप्त करने की घोषणा कर दी गई। डॉक्टर एसोसिएशन ने ऐलान किया है कि सोमवार से प्रदेशभर के सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं सामान्य रूप से संचालित होंगी और मरीजों को फिर से नियमित उपचार मिल सकेगा।
para_count-1 para_count-1 para_count-1
para_count-1 para_count-1 para_count-1 हड़ताल समाप्त करने का फैसला रविवार को पूरे दिन चली प्रदेश स्तरीय बैठक के बाद लिया गया। इस बैठक में डॉक्टर एसोसिएशन के राज्य स्तरीय प्रतिनिधियों के साथ विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों ने भाग लिया। लंबी चर्चा और प्रशासन द्वारा दिए गए आश्वासनों पर विचार करने के बाद सर्वसम्मति से हड़ताल समाप्त करने का निर्णय लिया गया। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि मरीजों की परेशानियों को देखते हुए यह फैसला लिया गया है, हालांकि न्याय की लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। para_count-1
para_count-2 para_count-2 para_count-2
para_count-2 para_count-2 para_count-2 गौरतलब है कि घरौंडा के सरकारी अस्पताल में तैनात डॉक्टर प्रशांत के साथ घरौंडा थाना प्रभारी दीपक कुमार द्वारा कथित रूप से किए गए दुर्व्यवहार के बाद प्रदेशभर के सरकारी डॉक्टरों में रोष फैल गया था। इस घटना के विरोध में चिकित्सकों ने ओपीडी सेवाएं बंद कर दी थीं और कई स्थानों पर इमरजेंसी सेवाएं भी प्रभावित हुई थीं। इसके चलते अस्पतालों में मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। para_count-2
para_count-3 para_count-3 para_count-3
para_count-3 para_count-3 para_count-3 मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन ने हस्तक्षेप किया। करनाल के उपायुक्त उत्तम कुमार के हस्तक्षेप के बाद पुलिस विभाग की ओर से कार्रवाई करते हुए छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। इसके अलावा थाना प्रभारी के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग लगातार उठाई जा रही है। डॉक्टर एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि जब तक पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई नहीं होती, तब तक वे कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से न्याय की लड़ाई लड़ते रहेंगे। para_count-3
para_count-4 para_count-4 para_count-4
para_count-4 para_count-4 para_count-4 डॉक्टर एसोसिएशन के प्रवक्ता डॉक्टर दीपक गोयल ने बताया कि अब इस मामले को लेकर न्यायालय की शरण लेने की तैयारी की जा रही है। एसोसिएशन का कहना है कि ड्यूटी के दौरान किसी भी डॉक्टर के साथ इस तरह का व्यवहार स्वीकार नहीं किया जा सकता और भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए सख्त कदम उठाना जरूरी है। para_count-4
para_count-5 para_count-5 para_count-5
para_count-5 para_count-5 para_count-5 इधर प्रशासन स्तर पर डॉक्टर प्रशांत को घरौंडा से नागरिक अस्पताल करनाल में स्थानांतरित करने के प्रयास भी किए जा रहे हैं, ताकि विवाद की स्थिति को समाप्त किया जा सके। प्रशासन और डॉक्टर एसोसिएशन के बीच हुई बातचीत के बाद फिलहाल स्थिति सामान्य होने की उम्मीद जताई जा रही है। para_count-5
para_count-6 para_count-6 para_count-6
para_count-6 para_count-6 para_count-6 हड़ताल समाप्त होने के ऐलान के बाद मरीजों और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली है। सोमवार से प्रदेशभर के सरकारी अस्पतालों में ओपीडी, इमरजेंसी और अन्य स्वास्थ्य सेवाएं फिर से सामान्य रूप से शुरू हो जाएंगी। वहीं डॉक्टर एसोसिएशन ने कहा है कि मरीजों के हित को ध्यान में रखते हुए काम जारी रहेगा, लेकिन डॉक्टरों की सुरक्षा और सम्मान के मुद्दे पर किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
para_count-6
Trending Videos
para_count-0
para_count-1 para_count-1 para_count-1
para_count-1 para_count-1 para_count-1 हड़ताल समाप्त करने का फैसला रविवार को पूरे दिन चली प्रदेश स्तरीय बैठक के बाद लिया गया। इस बैठक में डॉक्टर एसोसिएशन के राज्य स्तरीय प्रतिनिधियों के साथ विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों ने भाग लिया। लंबी चर्चा और प्रशासन द्वारा दिए गए आश्वासनों पर विचार करने के बाद सर्वसम्मति से हड़ताल समाप्त करने का निर्णय लिया गया। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि मरीजों की परेशानियों को देखते हुए यह फैसला लिया गया है, हालांकि न्याय की लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। para_count-1
विज्ञापन
विज्ञापन
para_count-2 para_count-2 para_count-2
para_count-2 para_count-2 para_count-2 गौरतलब है कि घरौंडा के सरकारी अस्पताल में तैनात डॉक्टर प्रशांत के साथ घरौंडा थाना प्रभारी दीपक कुमार द्वारा कथित रूप से किए गए दुर्व्यवहार के बाद प्रदेशभर के सरकारी डॉक्टरों में रोष फैल गया था। इस घटना के विरोध में चिकित्सकों ने ओपीडी सेवाएं बंद कर दी थीं और कई स्थानों पर इमरजेंसी सेवाएं भी प्रभावित हुई थीं। इसके चलते अस्पतालों में मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। para_count-2
para_count-3 para_count-3 para_count-3
para_count-3 para_count-3 para_count-3 मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन ने हस्तक्षेप किया। करनाल के उपायुक्त उत्तम कुमार के हस्तक्षेप के बाद पुलिस विभाग की ओर से कार्रवाई करते हुए छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। इसके अलावा थाना प्रभारी के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग लगातार उठाई जा रही है। डॉक्टर एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि जब तक पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई नहीं होती, तब तक वे कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से न्याय की लड़ाई लड़ते रहेंगे। para_count-3
para_count-4 para_count-4 para_count-4
para_count-4 para_count-4 para_count-4 डॉक्टर एसोसिएशन के प्रवक्ता डॉक्टर दीपक गोयल ने बताया कि अब इस मामले को लेकर न्यायालय की शरण लेने की तैयारी की जा रही है। एसोसिएशन का कहना है कि ड्यूटी के दौरान किसी भी डॉक्टर के साथ इस तरह का व्यवहार स्वीकार नहीं किया जा सकता और भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए सख्त कदम उठाना जरूरी है। para_count-4
para_count-5 para_count-5 para_count-5
para_count-5 para_count-5 para_count-5 इधर प्रशासन स्तर पर डॉक्टर प्रशांत को घरौंडा से नागरिक अस्पताल करनाल में स्थानांतरित करने के प्रयास भी किए जा रहे हैं, ताकि विवाद की स्थिति को समाप्त किया जा सके। प्रशासन और डॉक्टर एसोसिएशन के बीच हुई बातचीत के बाद फिलहाल स्थिति सामान्य होने की उम्मीद जताई जा रही है। para_count-5
para_count-6 para_count-6 para_count-6
para_count-6 para_count-6 para_count-6 हड़ताल समाप्त होने के ऐलान के बाद मरीजों और उनके परिजनों ने राहत की सांस ली है। सोमवार से प्रदेशभर के सरकारी अस्पतालों में ओपीडी, इमरजेंसी और अन्य स्वास्थ्य सेवाएं फिर से सामान्य रूप से शुरू हो जाएंगी। वहीं डॉक्टर एसोसिएशन ने कहा है कि मरीजों के हित को ध्यान में रखते हुए काम जारी रहेगा, लेकिन डॉक्टरों की सुरक्षा और सम्मान के मुद्दे पर किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।