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Karnal News: मानव सेवा संघ... जैसा नाम वैसा काम
Sun, 19 Apr 2026 02:34 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Sun, 19 Apr 2026 02:34 AM IST
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मानव सेवा संघ में वर वधु को आशीर्वाद देते स्वामी प्रेम मूर्ति महाराज और अन्य गणमान्य व्यक्ति।
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। भूखे को अन्न और प्यासे को पानी पिलाना। संत स्वामी प्रेममूर्ति के मानव सेवा संघ का यही ध्येय हैं। संघ रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, अस्पताल, मुख्य बाजार, शहर के पार्कों और भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों सहित बड़े आयोजनों में ठंडे पानी की व्यवस्था करता है। अन्य कई सेवा कार्य भी हैं। स्वामी प्रेममूर्ति मानव सेवा संघ के प्रधान संचालक हैं।
लगभग 800 से अधिक जरूरतमंद बेटियों की शादियां संघ के माध्यम से कराई जा चुकी हैं। शादियों का पूरा खर्च संघ के माध्यम से स्वामी प्रेममूर्ति उठाते हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 1966 में उन्हें ऐसे परिवार मिले, जो आर्थिक तंगी के कारण अपनी बेटियों की शादी नहीं कर पा रहे थे, तभी से उन्होंने इस सेवा कार्य का संकल्प लिया। उन्होंने बताया कि संस्था प्रतिदिन सैकड़ों लोगों को नि:शुल्क भोजन कराती है और समय-समय पर जरूरतमंदों के लिए स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित करती है।
स्वामी प्रेममूर्ति का मूल नाम हरीराम है। उनका जन्म 1933 में करनाल में चिरंजी लाल के घर हुआ था। मात्र 14 माह की उम्र में उनकी माता का निधन हो गया, जिसके बाद उनके बड़े बाबा रामजी दास उन्हें गांव सालवन ले गए। चौथी कक्षा तक गांव में पढ़ाई करने के बाद वह करनाल लौट आए। वर्ष 1998 में भरतपुर (राजस्थान) में स्वामी शरणानंद महाराज के सत्संग में शामिल होने के बाद उन्होंने गेरुआ वस्त्र धारण कर लिए। 1953 में वह स्वामी शरणानंद के संपर्क में आए। उसी समय से मानव सेवा संघ (वृंदावन) से जुड़कर समाजसेवा में सक्रिय हो गए। जरूरतमंद परिवार बेटी की शादी में आर्थिक परेशानी होने पर करनाल स्थित मानव सेवा संघ के फोन नंबर 9416467999 पर संपर्क कर सकते हैं।
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करनाल। भूखे को अन्न और प्यासे को पानी पिलाना। संत स्वामी प्रेममूर्ति के मानव सेवा संघ का यही ध्येय हैं। संघ रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, अस्पताल, मुख्य बाजार, शहर के पार्कों और भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों सहित बड़े आयोजनों में ठंडे पानी की व्यवस्था करता है। अन्य कई सेवा कार्य भी हैं। स्वामी प्रेममूर्ति मानव सेवा संघ के प्रधान संचालक हैं।
लगभग 800 से अधिक जरूरतमंद बेटियों की शादियां संघ के माध्यम से कराई जा चुकी हैं। शादियों का पूरा खर्च संघ के माध्यम से स्वामी प्रेममूर्ति उठाते हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 1966 में उन्हें ऐसे परिवार मिले, जो आर्थिक तंगी के कारण अपनी बेटियों की शादी नहीं कर पा रहे थे, तभी से उन्होंने इस सेवा कार्य का संकल्प लिया। उन्होंने बताया कि संस्था प्रतिदिन सैकड़ों लोगों को नि:शुल्क भोजन कराती है और समय-समय पर जरूरतमंदों के लिए स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित करती है।
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स्वामी प्रेममूर्ति का मूल नाम हरीराम है। उनका जन्म 1933 में करनाल में चिरंजी लाल के घर हुआ था। मात्र 14 माह की उम्र में उनकी माता का निधन हो गया, जिसके बाद उनके बड़े बाबा रामजी दास उन्हें गांव सालवन ले गए। चौथी कक्षा तक गांव में पढ़ाई करने के बाद वह करनाल लौट आए। वर्ष 1998 में भरतपुर (राजस्थान) में स्वामी शरणानंद महाराज के सत्संग में शामिल होने के बाद उन्होंने गेरुआ वस्त्र धारण कर लिए। 1953 में वह स्वामी शरणानंद के संपर्क में आए। उसी समय से मानव सेवा संघ (वृंदावन) से जुड़कर समाजसेवा में सक्रिय हो गए। जरूरतमंद परिवार बेटी की शादी में आर्थिक परेशानी होने पर करनाल स्थित मानव सेवा संघ के फोन नंबर 9416467999 पर संपर्क कर सकते हैं।
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