{"_id":"6a5aa8a0162d89601e05fe54","slug":"neither-the-trust-nor-the-hsgmc-could-reach-a-decision-protesting-employees-are-resentful-kurukshetra-news-c-45-1-kur1010-157941-2026-07-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: न ट्रस्ट और न ही एचएसजीएमसी ले पाई फैसला, आंदोलनरत कर्मचारियों में नाराजगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: न ट्रस्ट और न ही एचएसजीएमसी ले पाई फैसला, आंदोलनरत कर्मचारियों में नाराजगी
Sat, 18 Jul 2026 03:44 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Sat, 18 Jul 2026 03:44 AM IST
विज्ञापन
शाहाबाद। धरने पर कर्मचारियों को संबोधित करते गुरनाम सिंह चढूनी। स्वयं
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुरुक्षेत्र/शाहाबाद। मीरी-पीरी मेडिकल संस्थान के विवाद के संबंध में वीरवार को चंडीगढ़ में हुई ट्रस्ट की बैठक में भी कोई फैसला नहीं लिया जा सका।
वहीं हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी भी इस वेतन संबंध मामले में किसी निर्णय पर नहीं पहुंच पाई है। एचएसजीएमसी की ओर से बनाई गई 11 सदस्यीय कमेटी भी शुक्रवार तक अपनी रिपोर्ट नहीं सौंप सकी और बैठक भी नहीं की गई। इसलिए शुक्रवार को भी तीन माह से लंबित वेतन की मांग के लिए संस्थान के कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा।
कर्मचारियों को उम्मीद थी कि वीरवार को ट्रस्ट की बैठक में कोई विशेष निर्णय लिया जाएगा। इसलिए उनकी नजरें हरियाणा कमेटी की भी संभावित बैठक पर टिकी थी लेकिन किसी की ओर से भी शुक्रवार देर शाम तक कोई निर्णय नहीं लिया जा सका।
उधर शुक्रवार को धरने को समर्थन देने पहुंचे भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने चेतावनी दी कि यदि 20 जुलाई से पहले ट्रस्ट, एसजीपीसी और हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (एचएसजीएमसी) मिलकर कर्मचारियों व चिकित्सकों की समस्या का समाधान नहीं करते हैं तो शाहाबाद की संगत, किसानों और कर्मचारियों के साथ एक विशाल रोष मार्च निकाला जाएगा। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को उनकी मेहनत का हक नहीं मिलना गंभीर अन्याय है।
विज्ञापन
विज्ञापन
वहीं हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी भी इस वेतन संबंध मामले में किसी निर्णय पर नहीं पहुंच पाई है। एचएसजीएमसी की ओर से बनाई गई 11 सदस्यीय कमेटी भी शुक्रवार तक अपनी रिपोर्ट नहीं सौंप सकी और बैठक भी नहीं की गई। इसलिए शुक्रवार को भी तीन माह से लंबित वेतन की मांग के लिए संस्थान के कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन धरना जारी रहा।
कर्मचारियों को उम्मीद थी कि वीरवार को ट्रस्ट की बैठक में कोई विशेष निर्णय लिया जाएगा। इसलिए उनकी नजरें हरियाणा कमेटी की भी संभावित बैठक पर टिकी थी लेकिन किसी की ओर से भी शुक्रवार देर शाम तक कोई निर्णय नहीं लिया जा सका।
विज्ञापन
उधर शुक्रवार को धरने को समर्थन देने पहुंचे भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने चेतावनी दी कि यदि 20 जुलाई से पहले ट्रस्ट, एसजीपीसी और हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (एचएसजीएमसी) मिलकर कर्मचारियों व चिकित्सकों की समस्या का समाधान नहीं करते हैं तो शाहाबाद की संगत, किसानों और कर्मचारियों के साथ एक विशाल रोष मार्च निकाला जाएगा। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को उनकी मेहनत का हक नहीं मिलना गंभीर अन्याय है।
विज्ञापन