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Rohtak News: निजी हॉस्पिटल में मरीज का हाथ बांधने व हालत नाजुक होने का लगा आरोप

Thu, 23 Jul 2026 07:43 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक Updated Thu, 23 Jul 2026 07:43 AM IST
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Allegations raised regarding a patient's hands being tied and their condition becoming critical at a private hospital.
20-उपचारधीन राजकुमार।
संवाद न्यूज एजेंसी
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रोहतक। सेक्टर-35 स्थित निजी अस्पताल में इलाज के दौरान लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए एक युवक ने अर्बन एस्टेट थाने के थाने को लिखित शिकायत दी है।
महम के गांव अजायब निवासी दीपक ने बताया कि उसके पिता राज कुमार को 14 जुलाई को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। 18 जुलाई को उन्हें छुट्टी दे दी गई थी। 21 जुलाई को ओपीडी के लिए दोबारा बुलाया गया और कुछ ब्लड टेस्ट के बाद डायलिसिस करने को कहा गया।
22 जुलाई को शाम 5 बजे डायलिसिस शुरू हुआ और रात 9 बजे खत्म हुआ। उस समय पिता पूरी तरह होश में थे। दीपक ने कहा कि रात में मरीज की देखभाल में खामियां रहीं। डॉक्टरों की लापरवाही से पिता के दिमाग की नस फट गई। इससे पूरे दिमाग में खून भर गया।
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22 जुलाई को जब वह आईसीयू में पिता से मिलने गए तो देखा कि पिता के दोनों हाथ बेड से बंधे हुए थे। उनके हाथ नीले पड़ गए थे। बोलने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। एमआरआई रिपोर्ट में सामने आया कि हाई बीपी के कारण रात को नस फट गई और खून बह गया।
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परिजनों को इसकी सूचना समय पर नहीं दी गई। सीसीटीवी फुटेज देखने पर पता चला कि रात में 3 से 4 घंटे तक कोई डॉक्टर या स्टाफ मरीज को देखने नहीं आया। हाथ बंधे होने के कारण मरीज दर्द से तड़पता रहा। समय पर इलाज न मिलने से हालत खराब हो गई।
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वर्जन
मरीज हमारे पास डायलिसिस के लिए आया था। हमने डायलिसिस कर दिया था। रात में मरीज ठीक था। जैसे ही हमने देखा कि इसका जीसीएस ड्रॉप हो रहा है तो हमने एमआरआई कराई। एमआरआई में जो फाइंडिंग आई है उनका हमने एक्सप्लेन किया है। उसके बावजूद भी जो बातें हैं इनका कोई औचित्य नहीं है। हमारे पास सीसीटीवी फुटेज है। पीड़ितों को भी हमने दे दिया है। हमारे पास रिकॉर्डिंग है। मरीज की जांच रात के दस बजे से लेकर सुबह चार बजे तक की है। -डॉ. सुनील कुमार, आईसीयू इंचार्ज, पॉजिट्रॉन, रोहतक।


वर्जन
इस मामले में शिकायत मिली है। सीएमओ से बोर्ड बनाकर जांच की संस्तुति की गई है। फिलहाल जांच जारी है। जांच के बाद न्यायोचित कार्रवाई की जाएगी। -कंवलजीत, थाना प्रभारी, अर्बन एस्टेट
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