{"_id":"6a0e169deef94380be00cb43","slug":"three-shooters-of-the-lawrence-bishnoi-gang-were-arrested-from-haridwar-they-had-fired-at-a-businessman-for-not-paying-extortion-money-of-rs-2-crore-rohtak-news-c-17-roh1019-859471-2026-05-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rohtak News: लारेंस बिश्नोई गैंग के तीन शूटर हरिद्वार से दबोचे, दो करोड़ की रंगदारी न देने पर व्यापारी पर की थी फायरिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rohtak News: लारेंस बिश्नोई गैंग के तीन शूटर हरिद्वार से दबोचे, दो करोड़ की रंगदारी न देने पर व्यापारी पर की थी फायरिंग
विज्ञापन
36-हरिद्वार में रोहतक की अपराध जांच शाख प्रथम की ओर से गिरफ्तार लारेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े यु
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
रोहतक। लारेंस बिश्नोई गैंग के तीन शूटर सीआईए प्रथम ने हरिद्वार से गिरफ्तार किए हैं। आरोपियों में एक रोहतक, दूसरा सोनीपत व तीसरा झज्जर जिले का रहने वाला है। आरोप है कि चार दिन पहले पुणे के फर्नीचर व्यापारी पर दो करोड़ की रंगदारी न देने पर गोली चलाई थी।
महाराष्ट्र की पुणे पुलिस ने चार दिन पहले रोहतक पुलिस को सूचित किया कि लारेंस बिश्नोई गैंग ने पुणे के एक फर्नीचर व्यापारी को कॉल करके दो करोड़ की रंगदारी मांगी थी। रंगदारी न देने पर जान से मारने की धमकी दी। 16 मई को तीन शूटर ने फर्नीचर हाउस पर फायरिंग की।
इस संबंध में पुणे के रावेत (ठाणे) थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी। पुणे पुलिस को जांच में पता चला कि फायरिंग करने वाले युवक रोहतक व इसके आसपास के हैं। एसपी गौरव राजपुरोहित ने आरोपियों को पकड़ने की जिम्मेदारी सीआईए प्रथम को सौंपी।
विज्ञापन
सीआईए के एएसआई विनोद दलाल के नेतृत्व में एक विशेष टीम बनाई गई। टीम को भनक लगी कि आरोपी हरिद्वार के एक गेस्ट हाउस में रह रहे हैं।
योजना के तहत दबिश लेकर पुलिस ने झज्जर जिले के गांव छज्जन निवासी प्रवीण, उसकी बुआ के लड़के रोहतक के ककराना गांव निवासी पंकज व पंकज के दोस्त सोनीपत के गांव भैंसवाल निवासी सागर को गिरफ्तार कर लिया। सूचना पाकर पुणे पुलिस हरिद्वार पहुंची और आरोपियों को साथ ले गई।
.......
युवाओं को फांस रही गैंग, गोली चलाने पर ढाई लाख देने का लालच दिया
पुणे के फर्नीचर व्यापारी पर फायरिंग के आरोप में गिरफ्तार प्रवीण, पंकज व सागर की उम्र 20 से 22 साल के बीच है। पूछताछ में खुलासा किया कि वे सोशल मीडिया के माध्यम से लारेंस बिश्नोई गैंग के आरजू बिश्नोई से जुड़े। उन्हें कहा गया कि पुणे का यह कारोबारी गलत काम करता है। इसे सबक सिखाना है। गोली चलाने पर ढाई लाख रुपये मिलेंगे। साथ ही खर्चा अलग से दिया जाएगा। युवा पैसे के लालच में गैंग से जुड़ गए और फायरिंग करके सड़क मार्ग से पहले चंडीगढ़ पहुंचे। वहां से हरिद्वार में गेस्ट हाउस में कमरा लेकर रहने लगे। उन्हें अंदेशा नहीं था कि पुलिस यहां तक पहुंच जाएगी। रोहतक पुलिस को मिले इनपुट के बाद आरोपी गिरफ्त में आ गए। अभी तक आरोपियों का पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है।
महाराष्ट्र की पुणे पुलिस ने चार दिन पहले रोहतक पुलिस को सूचित किया कि लारेंस बिश्नोई गैंग ने पुणे के एक फर्नीचर व्यापारी को कॉल करके दो करोड़ की रंगदारी मांगी थी। रंगदारी न देने पर जान से मारने की धमकी दी। 16 मई को तीन शूटर ने फर्नीचर हाउस पर फायरिंग की।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस संबंध में पुणे के रावेत (ठाणे) थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी। पुणे पुलिस को जांच में पता चला कि फायरिंग करने वाले युवक रोहतक व इसके आसपास के हैं। एसपी गौरव राजपुरोहित ने आरोपियों को पकड़ने की जिम्मेदारी सीआईए प्रथम को सौंपी।
Trending Videos
सीआईए के एएसआई विनोद दलाल के नेतृत्व में एक विशेष टीम बनाई गई। टीम को भनक लगी कि आरोपी हरिद्वार के एक गेस्ट हाउस में रह रहे हैं।
योजना के तहत दबिश लेकर पुलिस ने झज्जर जिले के गांव छज्जन निवासी प्रवीण, उसकी बुआ के लड़के रोहतक के ककराना गांव निवासी पंकज व पंकज के दोस्त सोनीपत के गांव भैंसवाल निवासी सागर को गिरफ्तार कर लिया। सूचना पाकर पुणे पुलिस हरिद्वार पहुंची और आरोपियों को साथ ले गई।
.......
युवाओं को फांस रही गैंग, गोली चलाने पर ढाई लाख देने का लालच दिया
पुणे के फर्नीचर व्यापारी पर फायरिंग के आरोप में गिरफ्तार प्रवीण, पंकज व सागर की उम्र 20 से 22 साल के बीच है। पूछताछ में खुलासा किया कि वे सोशल मीडिया के माध्यम से लारेंस बिश्नोई गैंग के आरजू बिश्नोई से जुड़े। उन्हें कहा गया कि पुणे का यह कारोबारी गलत काम करता है। इसे सबक सिखाना है। गोली चलाने पर ढाई लाख रुपये मिलेंगे। साथ ही खर्चा अलग से दिया जाएगा। युवा पैसे के लालच में गैंग से जुड़ गए और फायरिंग करके सड़क मार्ग से पहले चंडीगढ़ पहुंचे। वहां से हरिद्वार में गेस्ट हाउस में कमरा लेकर रहने लगे। उन्हें अंदेशा नहीं था कि पुलिस यहां तक पहुंच जाएगी। रोहतक पुलिस को मिले इनपुट के बाद आरोपी गिरफ्त में आ गए। अभी तक आरोपियों का पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं मिला है।