सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Haryana ›   Sirsa News ›   finance company locked house broken by farmer leaders

Sirsa News: घर पर लगा कंपनी का ताला तोड़कर परिवार को करवाया गृह प्रवेश

संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Tue, 21 Apr 2026 11:51 PM IST
विज्ञापन
finance company locked house broken by farmer leaders
 गांव फूलकां में विरोध जताते हुए किसान व ग्रामीण। संस्था।
विज्ञापन
राष्ट्रीय किसान मंच के अध्यक्ष बोले, कंपनियों की मनमानी नहीं करेंगे बर्दाश्त
Trending Videos


फोटो -- 28,29

संवाद न्यूज एजेंसी

सिरसा। गांव फूलकां में लोन की राशि नहीं भरने के कारण फाइनेंस कंपनी की ओर से मजदूर अमर सिंह के घर की गई तालाबंदी को मंगलवार को राष्ट्रीय किसान मंच के अध्यक्ष प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा की अध्यक्षता में तोड़ कर मजदूर परिवार को घर वापसी करवाई गई।

राष्ट्रीय किसान मंच अध्यक्ष प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा ने बताया कि गांव फूलकां निवासी अमर सिंह मजदूर फूलकां ने गृहशक्ति फाइनेंस कंपनी से 7,91000 रुपये लोन लिया था। इसकी निरंतर किस्तें भी भरता रहा है। अमर सिंह की गाड़ी जो किराए पर चलाकर वह घर चलाता है और बैंक की किस्त भरता है वह गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रहलाद सिंह ने बताया कि हादसे में अमर सिंह को गंभीर चोटें लगीं। उसके इलाज पर काफी पैसा लगा और काम बंद हो गया। इस कारण वह 3 किस्तें नहीं भर सका। कंपनी ने उसके हालात को नजरअंदाज कर 13 मार्च 2026 को परिवार को घर से बाहर निकाल कर घर के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया।
मजदूर ने समस्या बाबत राष्ट्रीय किसान मंच के अध्यक्ष प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा से संपर्क किया। प्रहलाद सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसान एकत्रित हुए और अमर सिंह के घर के मेन गेट का ताला तोड़ कर परिजनों को गृह प्रवेश करवाया।

प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा ने कहा कि बैंकों और कंपनियों की गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं होगी। किसी की मजबूरी का कंपनी को फायदा नहीं उठाने देंगे। भारूखेड़ा ने कहा कि अंग्रेजों के समय सर छोटू राम ने कानून बनवा दिया था कि किसान-मजदूर के कर्जा के कारण घर, बैल, खेती में प्रयोग होने वाले औजार और 6 महीने का अनाज नीलाम नहीं हो सकता। आजादी के बाद किसानों, मजदूरों की जमीन, घर सब नीलम किये जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि प्राइवेट बैंक मनमानी करते हैं। 15 प्रतिशत की जगह 21 प्रतिशत तक ब्याज वसूलते हैं। दूसरी तरफ बड़े पूंजीपतियोें के करोड़ों रुपये माफ किये जा रहे हैं जोकि सरासर मेहनत करने वालों के साथ अन्याय है।
इस मौके पर गुरनाम सिंह पक्कां, पवन जोधपुरिया, आजाद सिंह जाखड़, विकास कुसुंभी, रणधीर ताजिया, जंटा सिंह कमाल, जसपाल अलीकां, विनोद फूलकां, तुलसी राम, रोहताश सहित अन्य ग्रामीण उपस्थित थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed