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Sonipat News: सरकारी स्कूलों में नामांकन बढ़ाने के लिए प्रवेश उत्सव 23 से
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sat, 21 Mar 2026 01:27 AM IST
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फोटो : सोनीपत के मॉडल टाउन स्थित शिक्षा विभाग कार्यालय।
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सोनीपत। शिक्षा विभाग शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए सरकारी स्कूलों में प्रवेश उत्सव की शुरुआत 23 मार्च से करने जा रहा है। राजकीय स्कूल में छात्रों की संख्या बढ़ाने के लिए प्रवेश उत्सव मनाया जाएगा। इसमें ड्रॉप आउट विद्यार्थियों को स्कूल में वापस दाखिला दिलवाया जाएगा व विद्यार्थियों के स्कूल छोड़ने का कारण पता किया जाएगा।
अभियान नामांकन बढ़ाने और बुनियादी शिक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 23 मार्च से शुरू होकर 15 मई तक तीन अलग-अलग चरणों में चलाया जाएगा। पहले चरण की शुरुआत 23 मार्च से होगी जो एक अप्रैल तक चलेगी। विभाग का लक्ष्य शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करना और ड्राप-आउट दर को शून्य पर लाना है।
पहले चरण में राज्य और जिला स्तर के अधिकारी प्रवेश उत्सव की औपचारिक शुरुआत करेंगे। 24 से 28 मार्च के बीच स्कूल मुखिया, शिक्षक और एसएमसी सदस्य घर-घर जाकर समुदायों को शिक्षा के प्रति जागरूक करेंगे। एक अप्रैल को स्कूलों में विशेष अभिभावक-शिक्षक बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें दाखिले और बच्चों के ठहराव पर चर्चा होगी।
स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाने पर विभाग का ध्यान है। इसके लिए महिला एवं बाल विकास विभाग के साथ शिक्षकों का सहयोग लिया जाएगा। शिक्षक प्रवेश उत्सव के तहत हर घर जाकर विद्यार्थियों के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे।
दूसरे चरण में कक्षा पांचवीं और आठवीं पास करने वाले विद्यार्थियों का अगली कक्षाओं (छठी और नौवीं ) में उसी दिन नामांकन सुनिश्चित किया जाएगा। ऑनलाइन स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र जारी करने की औपचारिकताएं तीन अप्रैल तक पूरी करनी होंगी। 6 से 10 अप्रैल के बीच लर्निंग गैप की पहचान के लिए बेसलाइन मूल्यांकन किया जाएगा।
स्कूल मुखियाओं को टारगेट दिया है कि वह अपने स्कूल में 20 फीसदी विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाएं। प्रवेश उत्सव में बेहतर कार्य करने वाले स्कूलों को शिक्षा विभाग ने सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए शिक्षा निदेशालय ने निर्देश जारी किए हैं।
तीसरे चरण में बच्चों की नियमित उपस्थिति पर जोर दिया जाएगा। विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के समायोजन के लिए 30 अप्रैल तक का समय दिया गया है। वहीं, सीखने में संघर्ष करने वाले विद्यार्थियों के लिए एक मई से 10 मई तक सुधारात्मक शिक्षण प्रदान किया जाएगा।
सरकारी स्कूलों में नामांकन बढ़ाने के लिए प्रवेश उत्सव की शुरुआत 23 मार्च से होगी। इसके लिए स्कूल मुखिया, क्लस्टर हेड और खंड शिक्षा अधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है। नामांकन के दौरान सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी बच्चा स्कूल से बाहर न रहे। यह उत्सव तीन चरणों में चलेगा। स्कूल मुखियाओं को टारगेट दिए हैं। तीन चरणों में बेहतर काम करने वाले स्कूलों को सम्मानित किया जाएगा।
- नवीन गुलिया, जिला शिक्षा अधिकारी
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अभियान नामांकन बढ़ाने और बुनियादी शिक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 23 मार्च से शुरू होकर 15 मई तक तीन अलग-अलग चरणों में चलाया जाएगा। पहले चरण की शुरुआत 23 मार्च से होगी जो एक अप्रैल तक चलेगी। विभाग का लक्ष्य शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करना और ड्राप-आउट दर को शून्य पर लाना है।
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पहले चरण में राज्य और जिला स्तर के अधिकारी प्रवेश उत्सव की औपचारिक शुरुआत करेंगे। 24 से 28 मार्च के बीच स्कूल मुखिया, शिक्षक और एसएमसी सदस्य घर-घर जाकर समुदायों को शिक्षा के प्रति जागरूक करेंगे। एक अप्रैल को स्कूलों में विशेष अभिभावक-शिक्षक बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें दाखिले और बच्चों के ठहराव पर चर्चा होगी।
स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाने पर विभाग का ध्यान है। इसके लिए महिला एवं बाल विकास विभाग के साथ शिक्षकों का सहयोग लिया जाएगा। शिक्षक प्रवेश उत्सव के तहत हर घर जाकर विद्यार्थियों के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे।
दूसरे चरण में कक्षा पांचवीं और आठवीं पास करने वाले विद्यार्थियों का अगली कक्षाओं (छठी और नौवीं ) में उसी दिन नामांकन सुनिश्चित किया जाएगा। ऑनलाइन स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र जारी करने की औपचारिकताएं तीन अप्रैल तक पूरी करनी होंगी। 6 से 10 अप्रैल के बीच लर्निंग गैप की पहचान के लिए बेसलाइन मूल्यांकन किया जाएगा।
स्कूल मुखियाओं को टारगेट दिया है कि वह अपने स्कूल में 20 फीसदी विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाएं। प्रवेश उत्सव में बेहतर कार्य करने वाले स्कूलों को शिक्षा विभाग ने सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए शिक्षा निदेशालय ने निर्देश जारी किए हैं।
तीसरे चरण में बच्चों की नियमित उपस्थिति पर जोर दिया जाएगा। विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के समायोजन के लिए 30 अप्रैल तक का समय दिया गया है। वहीं, सीखने में संघर्ष करने वाले विद्यार्थियों के लिए एक मई से 10 मई तक सुधारात्मक शिक्षण प्रदान किया जाएगा।
सरकारी स्कूलों में नामांकन बढ़ाने के लिए प्रवेश उत्सव की शुरुआत 23 मार्च से होगी। इसके लिए स्कूल मुखिया, क्लस्टर हेड और खंड शिक्षा अधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है। नामांकन के दौरान सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी बच्चा स्कूल से बाहर न रहे। यह उत्सव तीन चरणों में चलेगा। स्कूल मुखियाओं को टारगेट दिए हैं। तीन चरणों में बेहतर काम करने वाले स्कूलों को सम्मानित किया जाएगा।
- नवीन गुलिया, जिला शिक्षा अधिकारी