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Yamuna Nagar News: बहनों को लुभा रहीं मौली, कुंदन, ब्रेसलेट और लुंबा राखियां
Sat, 01 Aug 2026 11:46 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 01 Aug 2026 11:46 PM IST
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पारंपरिक मौली राखी। संवाद
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अशोक कुमार
यमुनानगर। रक्षाबंधन को लेकर शहर के बाजार रंग-बिरंगी राखियों से सजने लगे हैं। ज्वेलरी शोरूम से लेकर अस्थायी दुकानों तक पारंपरिक मौली, कुंदन, ब्रेसलेट, लुंबा, किड्स और चांदी की आकर्षक राखियों का बड़ा संग्रह ग्राहकों के लिए उपलब्ध है। इस बार रिकॉर्ड कीमतों ने चांदी की राखियों के कारोबार की रफ्तार धीमी कर दी है।
कारोबारियों का कहना है कि चांदी की कीमत करीब सवा दो लाख रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंचने से चांदी की राखियां भी महंगी हो गई हैं। इसका असर सीधे बिक्री पर दिखाई दे रहा है। मध्यम वर्ग के खरीदार महंगी चांदी की राखियों की बजाय पारंपरिक धागे, स्टोन, कुंदन और डिजाइनर राखियों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
शहर के प्रमुख शोरूमों में चांदी की राखियां 800 रुपये से लेकर पांच हजार रुपये तक उपलब्ध हैं। विशेष डिजाइन और अधिक वजन वाली राखियों की कीमत इससे भी अधिक है। दूसरी ओर सामान्य बाजार में पांच रुपये से लेकर 500 रुपये तक की राखियां बिक रही हैं।
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पारंपरिक मौली राखी 10 से 50 रुपये, स्टोन व कुंदन राखी 50 से 300 रुपये, रुद्राक्ष राखी 30 से 300 रुपये, ब्रेसलेट राखी 100 से 800 रुपये, लुंबा राखी 80 से 500 रुपये, किड्स राखी 30 से 250 रुपये तथा भाई-भाभी सेट 150 से 1000 रुपये तक उपलब्ध हैं। इसके अलावा पर्सनलाइज्ड, इको-फ्रेंडली, जरी-रेशमी और हैंडमेड राखियों की भी अच्छी मांग बताई जा रही है।
जैन संस ज्वेलर्स के संचालक पुनीत जैन का कहना है कि कीमतें लगातार बढ़ने से चांदी की राखियों की बिक्री प्रभावित हुई है। ग्राहक अभी खरीदारी से ज्यादा पूछताछ कर रहे हैं। अशोक ज्वेलर्स के मैनेजर राजेश ने बताया कि इस बार हमने बच्चों और युवाओं की पसंद के अनुसार नए डिजाइन मंगवाए हैं। उम्मीद है कि त्योहार नजदीक आने पर बिक्री में तेजी आएगी।
मनोज ज्वेलर्स संचालक का कहना है कि मध्यम वर्ग के ग्राहक महंगी चांदी की राखियों के बजाय डिजाइनर धागे वाली राखियां खरीद रहे हैं। सामान्य राखियों की मांग बेहतर है। अमन ज्वेलर्स संचालक अमन वर्मा ने कहा कि हल्के वजन की राखी और एक्सचेंज ऑफर को ग्राहक अधिक पसंद कर रहे हैं। फिलहाल बाजार में सुस्ती है, लेकिन अंतिम दिनों में कारोबार बढ़ने की उम्मीद है। जनरल स्टोर संचालकों ने बताया कि पर्याप्त स्टॉक मंगा लिया है। संवाद
बच्चों के लिए बाजार में म्यूजिकल राखियां
दुकानदारों ने इस बार बच्चों के लिए कार्टून, सुपरहीरो, एलईडी और म्यूजिकल राखियों के अलावा युवाओं के लिए ब्रेसलेट और सिल्वर फिनिश डिजाइन भी मंगवाए हैं। उनका कहना है कि इस बार नए डिजाइन ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं, लेकिन महंगाई के कारण खरीदारी की रफ्तार अभी धीमी है। कारोबारियों को उम्मीद है कि रक्षाबंधन से दो-तीन दिन पहले बाजार में भीड़ बढ़ेगी और बिक्री में तेजी आएगी।
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यमुनानगर। रक्षाबंधन को लेकर शहर के बाजार रंग-बिरंगी राखियों से सजने लगे हैं। ज्वेलरी शोरूम से लेकर अस्थायी दुकानों तक पारंपरिक मौली, कुंदन, ब्रेसलेट, लुंबा, किड्स और चांदी की आकर्षक राखियों का बड़ा संग्रह ग्राहकों के लिए उपलब्ध है। इस बार रिकॉर्ड कीमतों ने चांदी की राखियों के कारोबार की रफ्तार धीमी कर दी है।
कारोबारियों का कहना है कि चांदी की कीमत करीब सवा दो लाख रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंचने से चांदी की राखियां भी महंगी हो गई हैं। इसका असर सीधे बिक्री पर दिखाई दे रहा है। मध्यम वर्ग के खरीदार महंगी चांदी की राखियों की बजाय पारंपरिक धागे, स्टोन, कुंदन और डिजाइनर राखियों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
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शहर के प्रमुख शोरूमों में चांदी की राखियां 800 रुपये से लेकर पांच हजार रुपये तक उपलब्ध हैं। विशेष डिजाइन और अधिक वजन वाली राखियों की कीमत इससे भी अधिक है। दूसरी ओर सामान्य बाजार में पांच रुपये से लेकर 500 रुपये तक की राखियां बिक रही हैं।
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पारंपरिक मौली राखी 10 से 50 रुपये, स्टोन व कुंदन राखी 50 से 300 रुपये, रुद्राक्ष राखी 30 से 300 रुपये, ब्रेसलेट राखी 100 से 800 रुपये, लुंबा राखी 80 से 500 रुपये, किड्स राखी 30 से 250 रुपये तथा भाई-भाभी सेट 150 से 1000 रुपये तक उपलब्ध हैं। इसके अलावा पर्सनलाइज्ड, इको-फ्रेंडली, जरी-रेशमी और हैंडमेड राखियों की भी अच्छी मांग बताई जा रही है।
जैन संस ज्वेलर्स के संचालक पुनीत जैन का कहना है कि कीमतें लगातार बढ़ने से चांदी की राखियों की बिक्री प्रभावित हुई है। ग्राहक अभी खरीदारी से ज्यादा पूछताछ कर रहे हैं। अशोक ज्वेलर्स के मैनेजर राजेश ने बताया कि इस बार हमने बच्चों और युवाओं की पसंद के अनुसार नए डिजाइन मंगवाए हैं। उम्मीद है कि त्योहार नजदीक आने पर बिक्री में तेजी आएगी।
मनोज ज्वेलर्स संचालक का कहना है कि मध्यम वर्ग के ग्राहक महंगी चांदी की राखियों के बजाय डिजाइनर धागे वाली राखियां खरीद रहे हैं। सामान्य राखियों की मांग बेहतर है। अमन ज्वेलर्स संचालक अमन वर्मा ने कहा कि हल्के वजन की राखी और एक्सचेंज ऑफर को ग्राहक अधिक पसंद कर रहे हैं। फिलहाल बाजार में सुस्ती है, लेकिन अंतिम दिनों में कारोबार बढ़ने की उम्मीद है। जनरल स्टोर संचालकों ने बताया कि पर्याप्त स्टॉक मंगा लिया है। संवाद
बच्चों के लिए बाजार में म्यूजिकल राखियां
दुकानदारों ने इस बार बच्चों के लिए कार्टून, सुपरहीरो, एलईडी और म्यूजिकल राखियों के अलावा युवाओं के लिए ब्रेसलेट और सिल्वर फिनिश डिजाइन भी मंगवाए हैं। उनका कहना है कि इस बार नए डिजाइन ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं, लेकिन महंगाई के कारण खरीदारी की रफ्तार अभी धीमी है। कारोबारियों को उम्मीद है कि रक्षाबंधन से दो-तीन दिन पहले बाजार में भीड़ बढ़ेगी और बिक्री में तेजी आएगी।

पारंपरिक मौली राखी। संवाद