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Bilaspur News: कोलडैम से छोड़ा जा रहा पानी, चेतावनी के बाद सतलुज किनारे हो रहे अंतिम संस्कार
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रविवार को नदी किनारे अंतिम संस्कार किए जाने पर कोलडैम से पानी छोड़ना का बदलना पड़ा समय
कोलडैम प्रबंधन ने लोगों की लापरवाही पर जताई चिंता, पहले सूचना देने की अपील की
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। कोलडैम परियोजना के निचले इलाकों में सतलुज नदी किनारे अंतिम संस्कार किए जाने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी की पूर्व चेतावनी के बावजूद लोग नदी के बेहद करीब जाकर अंतिम संस्कार कर रहे हैं। इससे किसी भी समय गंभीर हादसे की आशंका बनी हुई है।
रविवार को बरमाणा के समीप अलसू में नदी किनारे अंतिम संस्कार किए जाने की सूचना मिली थी। इस दौरान वहां मौजूद लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कोलडैम से नदी में पानी छोड़े जाने का निर्धारित समय आगे बढ़ाना पड़ा। दो दिन के अंतराल में ऐसे दो मामले सामने आए हैं। परियोजना प्रबंधन ने लोगों की इस लापरवाही पर चिंता व्यक्त की है। प्रबंधन ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। परियोजना प्रबंधन ने बताया कि कोलडैम से पानी छोड़े जाने पर डाउनस्ट्रीम क्षेत्र में नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। कई परिस्थितियों में जलस्तर में चार से पांच मीटर तक की वृद्धि हो सकती है। ऐसे में नदी किनारे मौजूद लोगों के लिए स्थिति बेहद खतरनाक हो सकती है। स्थानीय स्तर पर लोगों को पानी छोड़े जाने से पहले अलार्म, वाहनों और अन्य माध्यमों से सूचना दी जाती है। प्रशासन की ओर से भी समय-समय पर नदी किनारे जाने को लेकर सावधानी बरतने की अपील की जाती रही है। इसके बावजूद नदी तटों पर अंतिम संस्कार किए जाने की घटनाएं चिंता का विषय हैं।
परियोजना के अधिकारियों का कहना है कि लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। नदी किनारे अंतिम संस्कार से पहले कोलडैम प्रबंधन या स्थानीय प्रशासन को सूचना देना आवश्यक है। इससे पानी छोड़े जाने का समय सुरक्षित रूप से निर्धारित किया जा सकेगा। कोलडैम प्रबंधन ने लोगों से अपील की है कि नदी के जलस्तर में संभावित वृद्धि को हल्के में न लें। अंतिम संस्कार सहित किसी भी गतिविधि के लिए नदी के सक्रिय बहाव वाले क्षेत्र में जाने से बचें।
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कोलडैम प्रबंधन ने लोगों की लापरवाही पर जताई चिंता, पहले सूचना देने की अपील की
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। कोलडैम परियोजना के निचले इलाकों में सतलुज नदी किनारे अंतिम संस्कार किए जाने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी की पूर्व चेतावनी के बावजूद लोग नदी के बेहद करीब जाकर अंतिम संस्कार कर रहे हैं। इससे किसी भी समय गंभीर हादसे की आशंका बनी हुई है।
रविवार को बरमाणा के समीप अलसू में नदी किनारे अंतिम संस्कार किए जाने की सूचना मिली थी। इस दौरान वहां मौजूद लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कोलडैम से नदी में पानी छोड़े जाने का निर्धारित समय आगे बढ़ाना पड़ा। दो दिन के अंतराल में ऐसे दो मामले सामने आए हैं। परियोजना प्रबंधन ने लोगों की इस लापरवाही पर चिंता व्यक्त की है। प्रबंधन ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। परियोजना प्रबंधन ने बताया कि कोलडैम से पानी छोड़े जाने पर डाउनस्ट्रीम क्षेत्र में नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। कई परिस्थितियों में जलस्तर में चार से पांच मीटर तक की वृद्धि हो सकती है। ऐसे में नदी किनारे मौजूद लोगों के लिए स्थिति बेहद खतरनाक हो सकती है। स्थानीय स्तर पर लोगों को पानी छोड़े जाने से पहले अलार्म, वाहनों और अन्य माध्यमों से सूचना दी जाती है। प्रशासन की ओर से भी समय-समय पर नदी किनारे जाने को लेकर सावधानी बरतने की अपील की जाती रही है। इसके बावजूद नदी तटों पर अंतिम संस्कार किए जाने की घटनाएं चिंता का विषय हैं।
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परियोजना के अधिकारियों का कहना है कि लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। नदी किनारे अंतिम संस्कार से पहले कोलडैम प्रबंधन या स्थानीय प्रशासन को सूचना देना आवश्यक है। इससे पानी छोड़े जाने का समय सुरक्षित रूप से निर्धारित किया जा सकेगा। कोलडैम प्रबंधन ने लोगों से अपील की है कि नदी के जलस्तर में संभावित वृद्धि को हल्के में न लें। अंतिम संस्कार सहित किसी भी गतिविधि के लिए नदी के सक्रिय बहाव वाले क्षेत्र में जाने से बचें।
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