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वर्ष 2016 के वेतनमान के अनुसार मिले पेंशन : विनोद
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Wed, 28 Jan 2026 01:12 AM IST
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बोले- एक जनवरी 2006 के वेतनमान के आधार पर ही दी जा रही पेंशन
संवाद न्यूज एजेंसी
भोरंज(हमीरपुर)। नगर निगम एवं नगर पालिकाओं से सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अब तक 01 जनवरी, 2016 के वेतनमान के अनुसार पेंशन का लाभ न मिलने पर शहरी निकाय पेंशनरों में रोष है।
शहरी स्थानीय निकाय के सेवानिवृत्त कर्मचारी संघ के अध्यक्ष विनोद कुमार शर्मा एवं महासचिव किशोरी लाल ठाकुर ने प्रेस बयान में कहा कि निकाय पेंशनरों को आज भी एक जनवरी, 2006 के वेतनमान के आधार पर ही पेंशन दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा अन्य विभागों के कर्मचारियों को 2016 के वेतनमान के अनुसार पेंशन और महंगाई भत्ता दिया जा रहा है, जबकि शहरी स्थानीय निकायों के पेंशनरों को इससे वंचित रखा गया है।
वर्ष 2016 से अब तक न तो संशोधित पेंशन दी गई है और न ही कोई महंगाई भत्ता प्रदान किया गया है, जिससे पेंशनरों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा 70 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनरों को 01-01-2016 के वेतनमान के आधार पर बकाया राशि 31 जनवरी तक जारी करने की घोषणा की गई थी, लेकिन इस घोषणा का लाभ भी शहरी निकाय पेंशनरों को नहीं मिल पाया।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सेवानिवृत्त हो रहे कर्मचारियों को भी लगभग 20 वर्ष पुराने वेतनमान के आधार पर ही पेंशन दी जा रही है, जो शहरी निकाय के कर्मचारियों के साथ खुला भेदभाव है।
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भोरंज(हमीरपुर)। नगर निगम एवं नगर पालिकाओं से सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अब तक 01 जनवरी, 2016 के वेतनमान के अनुसार पेंशन का लाभ न मिलने पर शहरी निकाय पेंशनरों में रोष है।
शहरी स्थानीय निकाय के सेवानिवृत्त कर्मचारी संघ के अध्यक्ष विनोद कुमार शर्मा एवं महासचिव किशोरी लाल ठाकुर ने प्रेस बयान में कहा कि निकाय पेंशनरों को आज भी एक जनवरी, 2006 के वेतनमान के आधार पर ही पेंशन दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा अन्य विभागों के कर्मचारियों को 2016 के वेतनमान के अनुसार पेंशन और महंगाई भत्ता दिया जा रहा है, जबकि शहरी स्थानीय निकायों के पेंशनरों को इससे वंचित रखा गया है।
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वर्ष 2016 से अब तक न तो संशोधित पेंशन दी गई है और न ही कोई महंगाई भत्ता प्रदान किया गया है, जिससे पेंशनरों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा 70 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनरों को 01-01-2016 के वेतनमान के आधार पर बकाया राशि 31 जनवरी तक जारी करने की घोषणा की गई थी, लेकिन इस घोषणा का लाभ भी शहरी निकाय पेंशनरों को नहीं मिल पाया।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सेवानिवृत्त हो रहे कर्मचारियों को भी लगभग 20 वर्ष पुराने वेतनमान के आधार पर ही पेंशन दी जा रही है, जो शहरी निकाय के कर्मचारियों के साथ खुला भेदभाव है।
